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औपचारिकताओें की भेंट चढ़ गया किसान मेला
अमर उजाला ब्यूरो, शाहजहांपुर
Updated Thu, 15 Jun 2017 11:25 PM IST
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मेला
- फोटो : शाहजहांपुर ब्यूरो
किसानों को कृषि संबंधी नवीनतम तकनीकों से अवगत कराने के लिए कृषि विभाग द्वारा गन्ना शोध परिषद में एक दिवसीय किसान मेला और प्रदर्शनी का आयोजन औपचारिकताओं की भेंट चढ़ गया। दोपहर दो बजे जिला पंचायत अध्यक्ष ने प्रभारी डीएम के साथ मेला और गोष्ठी का उद्घाटन करने की रस्म निभाई, लेकिन तब तक कृषि अधिकारियों और विशेषज्ञों को सुनने आए तमाम किसान अपने घरों की राह पकड़ चुके थे।
आमतौर पर किसान मेला, कृषि प्रदर्शनी और गोष्ठी जैसे वृहद कार्यक्रम के निमंत्रण पत्रों में समय के साथ अतिथियों के नाम भी घोषित किए जाते हैं। इसके विपरीत आज हुए किसान मेला के लिए डीएम नरेंद्र सिंह की ओर से जारी इनविटेशन कार्ड में उद्घाटन समय और अतिथियों के नामों का कोई उल्लेख नहीं किया गया। डीएम और सीडीओ जरूरी बैठक में भाग लेने बाहर चले गए। इसलिए दोपहर 12 बजे तक यही तय नहीं हो सका कि मेला का शुभारंभ कब, कौन करेगा।
हालांकि, तब तक सहायक सूचना निदेशक केएल चौधरी गन्ना शोध परिषद पहुंच चुके थे। करीब एक घंटे बाद उन्हें पता चला कि उद्घाटन संयुक्त रूप से जिला पंचायत अध्यक्ष अजय प्रताप यादव और डीएम का चार्ज संभाले एडीएम प्रशासन जितेंद्र कुमार शर्मा करेंगे।
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इसी के साथ कृषि अधिकारी डीएस चौधरी जिला पंचायत अध्यक्ष को लेने रवाना हो गए। इस बीच, एडीएम श्री शर्मा कलक्ट्रेट के आपने कार्यालय में प्रशासनिक कार्य निपटाने के साथ जिला पंचायत अध्यक्ष की लोकेशन लेते रहे और उनके साथ ही मेला स्थल पर पहुंचे। उद्घाटन करके दोनों अतिथियों ने प्रदर्शनी के स्टालों का निरीक्षण किया और खरीफ उत्पादकता गोष्ठी में किसानों को शासन से अनुमन्य सुविधाओं की जानकारी दी।
गोष्ठी में जिला कृषि अधिकारी डीएस चौधरी समेत डीआरडीए के परियोजना निदेशक अजय प्रकाश, जिला विकास अधिकारी उग्रसेन यादव, कृषि वैज्ञानिक डॉ. सुभाष चंद्र, डॉ. केएन सिंह, डॉ. प्रताप सिंह, डॉ. एमपी गुप्ता, उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी आरके सिंह आदि ने कृषि से जुड़े विविध पहलुओं की जानकारी दी। इसी मौके पर राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त किसान जगदीश प्रसाद को सम्मानित किया गया।
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आमतौर पर किसान मेला, कृषि प्रदर्शनी और गोष्ठी जैसे वृहद कार्यक्रम के निमंत्रण पत्रों में समय के साथ अतिथियों के नाम भी घोषित किए जाते हैं। इसके विपरीत आज हुए किसान मेला के लिए डीएम नरेंद्र सिंह की ओर से जारी इनविटेशन कार्ड में उद्घाटन समय और अतिथियों के नामों का कोई उल्लेख नहीं किया गया। डीएम और सीडीओ जरूरी बैठक में भाग लेने बाहर चले गए। इसलिए दोपहर 12 बजे तक यही तय नहीं हो सका कि मेला का शुभारंभ कब, कौन करेगा।
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हालांकि, तब तक सहायक सूचना निदेशक केएल चौधरी गन्ना शोध परिषद पहुंच चुके थे। करीब एक घंटे बाद उन्हें पता चला कि उद्घाटन संयुक्त रूप से जिला पंचायत अध्यक्ष अजय प्रताप यादव और डीएम का चार्ज संभाले एडीएम प्रशासन जितेंद्र कुमार शर्मा करेंगे।
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इसी के साथ कृषि अधिकारी डीएस चौधरी जिला पंचायत अध्यक्ष को लेने रवाना हो गए। इस बीच, एडीएम श्री शर्मा कलक्ट्रेट के आपने कार्यालय में प्रशासनिक कार्य निपटाने के साथ जिला पंचायत अध्यक्ष की लोकेशन लेते रहे और उनके साथ ही मेला स्थल पर पहुंचे। उद्घाटन करके दोनों अतिथियों ने प्रदर्शनी के स्टालों का निरीक्षण किया और खरीफ उत्पादकता गोष्ठी में किसानों को शासन से अनुमन्य सुविधाओं की जानकारी दी।
गोष्ठी में जिला कृषि अधिकारी डीएस चौधरी समेत डीआरडीए के परियोजना निदेशक अजय प्रकाश, जिला विकास अधिकारी उग्रसेन यादव, कृषि वैज्ञानिक डॉ. सुभाष चंद्र, डॉ. केएन सिंह, डॉ. प्रताप सिंह, डॉ. एमपी गुप्ता, उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी आरके सिंह आदि ने कृषि से जुड़े विविध पहलुओं की जानकारी दी। इसी मौके पर राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त किसान जगदीश प्रसाद को सम्मानित किया गया।