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गेट : मेटलर्जिकल इंजीनियरिंग में पुवायां की जया बनीं ऑल इंडिया टॉपर

Sat, 14 Mar 2020 02:13 PM IST
बरेली ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, शाहजहांपुर
अमर उजाला नेटवर्क, शाहजहांपुर Published by: बरेली ब्यूरो Updated Sat, 14 Mar 2020 02:13 PM IST
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Gate : jaya topper in metallurgical engineering
जया - फोटो : अमर उजाला

पुवायां की जया ने गेट परीक्षा में मेटलर्जिकल इंजीनियरिंग में ऑल इंडिया रैकिंग में प्रथम स्थान प्राप्त कर कस्बे का नाम रोशन किया है। जया की सफलता से परिवार में खुशी का माहौल है। पुवायां के मोहल्ला हरदयाल कूंचा निवासी विजय कुमार गुप्ता और उमा गुप्ता की पुत्री जया गुप्ता की प्रारंभिक शिक्षा एमसीई कॉन्वेंट से हुई। कक्षा छह से बारह तक की शिक्षा उन्होंने शाहजहांपुर के नवोदय कॉलेज से ग्रहण की। हाईस्कूल और इंटर में वह स्कूल की टॉपर रही थीं।

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विजय गुप्ता ने बताया कि इसके बाद जया ने जेईई मेंस परीक्षा पास कर रांची में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फाउंडरी एंड फोर्च टेक्नोलॉजी कॉलेज में बीटेक में प्रवेश लिया। इस समय वह फाइनल ईयर में हैं। इसी वर्ष उन्होंने गेट परीक्षा दी थी। शुक्रवार को परीक्षा परिणाम आने पर मेटलर्जिकल इंजीनियरिंग में जया को ऑल इंडिया में पहली रैकिंग मिली है।
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जया के बड़े भाई केशव गुप्ता भी रांची के इसी कॉलेज से बीटेक कर चुके हैं और निजी संस्थान में सेवारत हैं। जया की छोटी बहन श्रद्धा गुप्ता झांसी के एक कॉलेज में बीटेक प्रथम वर्ष की छात्रा हैं। एक और छोटी बहन स्नेहा गुप्ता शाहजहांपुर के एक कॉलेज में हाईस्कूल की छात्रा हैं। जया के पिता विजय कुमार गुप्ता मकसूदापुर में एक पेट्रोल पंप पर मैनेजर हैं और मां गृहिणी हैं।
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11 महीने पहले नोट्स बनाए, रोज चार से पांच घंटे की पढ़ाई
जया गुप्ता ने यह सफलता बिना किसी कोचिंग के प्राप्त की है। जया ने बताया कि उन्होंने 11 महीने तक कठिन परिश्रम कर पढ़ाई की। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए विषय को रटने के बजाय समझकर पढ़ना जरूरी है और वह हाईस्कूल से ही इस मंत्र के अनुसार पढ़ाई कर रही हैं।


गेट परीक्षा के लिए उन्होंने 11 महीने पहले नोट्स तैयार कर लिए थे। इसके बाद पांच महीने तक रोजाना दो से तीन घंटे तक पढ़ाई की। शेष छह माह में चार से पांच घंटे तक पढ़ाई कर सफलता प्राप्त की है। भविष्य में किसी अच्छी कंपनी में जॉब करना चाहती हैं। उनका कहना है कि सफलता के लिए पहले निर्णय लें कि किस क्षेत्र में भविष्य बनाना है और फिर मन लगाकर पढ़ाई करें। सफलता अवश्य मिलेगी।

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