महंगाई की मार: तीन दिन में दस रुपये बढ़े चीनी के दाम, शाहजहांपुर में 62 रुपये प्रति किलो
चीनी, गुड़ और ड्राई फ्रूट्स के दामों में अचानक तेजी आई है, जिससे आम उपभोक्ता का बजट बिगड़ गया है। शाहजहांपुर में चीनी 15 दिन में 48 रुपये से 62 रुपये प्रति किलो हो गई है। पिछले तीन दिनों में ही इसके दाम करीब 10 रुपये बढ़े हैं।
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महंगाई ने रसोई का बजट बिगाड़ना शुरू कर दिया है। चीनी, गुड़ और ड्राई फ्रूट्स के दामों में अचानक तेजी आने से आम उपभोक्ता की जेब पर बोझ बढ़ गया है। सबसे ज्यादा तेजी चीनी के भाव में आई है। 15 दिन पहले 48 रुपये किलो बिकने वाली चीनी अब 62 रुपये किलो तक पहुंच गई है। पिछले तीन दिनों में ही इसके दाम करीब 10 रुपये किलो बढ़े हैं।
50 किलो के चीनी कट्टे पर भी तीन दिन में करीब 500 रुपये की बढ़ोतरी हुई है। चीनी के दाम बढ़ने का असर घर की रसोई से लेकर मिठाई की दुकानों तक दिखाई देने लगा है। चाय, मिठाई और त्योहारों पर बनने वाले पकवानों में चीनी का इस्तेमाल होने के कारण आने वाले दिनों में इसकी मांग और बढ़ने वाली है।
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ऐसे में बढ़े हुए दाम त्योहार का बजट और बिगाड़ सकते हैं। चीनी के साथ ही ड्राई फ्रूट्स के दामों में भी तेजी आई है। बाजार में करीब 800 रुपये किलो बिकने वाला अखरोट अब 900 रुपये किलो पहुंच गया है। 900 रुपये किलो वाला बादाम 1100 रुपये में बिक रहा है। ईरानी पिस्ते के भाव में सबसे अधिक उछाल आया है। करीब 1100 रुपये किलो वाला पिस्ता अब 1600 रुपये किलो तक पहुंच गया है।
चीनी के साथ गुड़ के दाम भी बढ़े हैं। कारोबारियों के अनुसार पिछले एक सप्ताह में गुड़ के भाव 10 से 15 रुपये किलो तक बढ़े हैं। गुड़ करीब 65 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। इसके अलावा मखाना, किशमिश समेत दूसरे ड्राई फ्रूट्स के दाम भी तेजी से बढ़ रहे हैं।
इसलिए बढ़ गए दाम
कारोबारियों के मुताबिक डॉलर के मुकाबले रुपये की स्थिति और आयात लागत बढ़ने से विदेशी ड्राई फ्रूट्स के दाम बढ़े हैं। कैलिफोर्निया से आने वाले बादाम और अखरोट की कीमतों में भी तेजी का असर स्थानीय बाजार में दिखाई दे रहा है। वहीं, ईरान में चल रहे युद्ध के कारण पिस्ते की आपूर्ति प्रभावित होने से इसके भाव में तेजी आई है। कारोबारियों का मानना है कि चीनी मिलों में गन्ने का व्यावसायिक इस्तेमाल बढ़ा है। गन्ने से एथेनॉल का उत्पादन अधिक किए जाने से चीनी का निर्माण कम हुआ है।
महंगाई ने घटाई खरीदारी
दाम बढ़ने का असर बाजार की मांग पर भी पड़ने लगा है। ग्राहक जरूरत के मुताबिक ही सामान खरीद रहे हैं। ड्राई फ्रूट्स में लोग कम मात्रा में खरीदारी कर रहे हैं। कारोबारियों का कहना है कि त्योहारों पर आमतौर पर चीनी और ड्राई फ्रूट्स की बिक्री बढ़ जाती है, लेकिन इस बार महंगाई के कारण ग्राहकों की खरीद क्षमता प्रभावित हो सकती है।
किराना व्यापारी पंकज गुप्ता ने बताया कि चीनी के भाव तीन-चार दिन में करीब 15 रुपये किलो बढ़ गए हैं। भाव बढ़ने के पीछे सरकार की ओर से कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी जा रही है। ड्राई फ्रूट्स और गुड़ के भाव भी बढ़े हैं। इससे बाजार में मांग घट रही है। त्योहार के सीजन में इसका असर और अधिक दिखाई देगा।