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Shahjahanpur News: सिहुरा बीट में फिर लगी आग, बमुश्किल बुझाई
Wed, 03 Apr 2024 02:16 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Wed, 03 Apr 2024 02:16 AM IST
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लौहंगापुर जंगल में लगी आग बुझातें रेंजर और वनकर्मी। स्रोत वन विभाग
खुटार। खुटार रेंज की सिहुरा बीट के लौहगांपुर जंगल में मंगलवार दोपहर आग लग गई। तेज हवा के कारण कुछ ही देर में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। सूचना पाकर रेंजर मनोज कुमार श्रीवास्तव टीम सहित मौके पर पहुंचे और बमुश्किल आग पर काबू पाया।
जंगल में आग की लपटें उठने लगीं। कुछ ही देर में जंगल में आग तेजी से फैल गई और जंगल किनारे खेतों की ओर बढ़ने लगी। इससे कई फार्मर पावर स्प्रे मशीन आदि लेकर मौके पर पहुंच गए और वनकर्मियों को आग लगने की जानकारी दी। सूचना पर रेंजर मनोज टीम के साथ मौके पर पहुंचे और किसानों की मदद से आग बुझाने का प्रयास किया। गांव पुनौती कलां और कजरा निवासी किसान सरनजीत सिंह, गोल्डी, परविंदर सिंह, निर्मल सिंह सुखविंदर सिंह आदि ने भी लोगों को फोन कर बुलाया और आग बुझाने में वनकर्मियों की मदद की। काफी देर बाद आग पर काबू पाया जा सका। इसके बाद किसानों और वनकर्मियों ने राहत की सांस ली। रेंजर ने बताया कि किसी ने जलती हुई बीड़ी या सिगरेट जंगल में डाल दी होगी, जिससे सूखे पत्तों ने आग पकड़ ली। आग पर काबू पा लिया गया, इससे पौधों को नुकसान होने से बच गया। रेंजर ने लोगों ने अपील की है कि जंगल में जलती हुई माचिस की तीली, बीड़ी आदि न फेंके और आग लगने की सूचना वनकर्मियों को देकर सहयोग करें।
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जंगल में आग की लपटें उठने लगीं। कुछ ही देर में जंगल में आग तेजी से फैल गई और जंगल किनारे खेतों की ओर बढ़ने लगी। इससे कई फार्मर पावर स्प्रे मशीन आदि लेकर मौके पर पहुंच गए और वनकर्मियों को आग लगने की जानकारी दी। सूचना पर रेंजर मनोज टीम के साथ मौके पर पहुंचे और किसानों की मदद से आग बुझाने का प्रयास किया। गांव पुनौती कलां और कजरा निवासी किसान सरनजीत सिंह, गोल्डी, परविंदर सिंह, निर्मल सिंह सुखविंदर सिंह आदि ने भी लोगों को फोन कर बुलाया और आग बुझाने में वनकर्मियों की मदद की। काफी देर बाद आग पर काबू पाया जा सका। इसके बाद किसानों और वनकर्मियों ने राहत की सांस ली। रेंजर ने बताया कि किसी ने जलती हुई बीड़ी या सिगरेट जंगल में डाल दी होगी, जिससे सूखे पत्तों ने आग पकड़ ली। आग पर काबू पा लिया गया, इससे पौधों को नुकसान होने से बच गया। रेंजर ने लोगों ने अपील की है कि जंगल में जलती हुई माचिस की तीली, बीड़ी आदि न फेंके और आग लगने की सूचना वनकर्मियों को देकर सहयोग करें।
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