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अनशन के दौरान गले में डाला फंदा फिर टावर पर चढ़ा किसान

Tue, 11 Feb 2020 01:26 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Tue, 11 Feb 2020 01:26 AM IST
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farmer commit suicide during protest
सिंधौली। भारतीय किसान यूनियन राष्ट्रवादी गुट के कार्यकर्ता सोमवार सुबह ब्लॉक कार्यालय में आमरण अनशन पर बैठ गए। उनकी मांग थी कि जनता से धन उगाही करने वाले सिपाही और छह माह पहले धरना स्थल पर महिला कार्यकर्ताओं के साथ अभद्रता करने वाले ग्राम पंचायत सचिव पर कार्रवाई की जाए। सुबह दस से लेकर शाम 6:50 बजे तक चले घटनाक्रम को कंट्रोल करने के लिए एसडीएम, सीओ और सिंधौली पुलिस के पसीने छूट गए। इस दौरान भाकियू मंडल प्रभारी ने दोपहर अनशन स्थल पर फंदे से लटक कर जान देने की कोशिश की तो शाम होते-होते एक किसान प्रधानमंत्री आवास की मांग को लेकर मोबाइल के टावर पर चढ़ गया, जिसे बमुश्किल नीचे उतारा गया। बाद में किसान नेता ने एसडीएम को ज्ञापन सौंपा।
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भारतीय किसान यूनियन राष्ट्रवादी गुट के मंडल प्रभारी मुनेश्वर दयाल कठेरिया के नेतृत्व में सोमवार सुबह 10 बजे तमाम कार्यकर्ता ब्लॉक कार्यालय परिसर में इकठ्ठा हुए और ग्राम पंचायत सचिव राजीव श्रीवास्तव एवं सिपाही संदीप यादव के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर आमरण अनशन पर बैठ गए। किसान नेता कठेरिया ने अनशन स्थल पर एक पेड़ से रस्सी बांधकर उसमें फंदा बना लिया और चेतावनी दी कि यदि दो बजे तक अधिकारियों ने सुध नहीं ली तो वह खुदकुशी कर लेंगे। अनशन स्थल पर किसानों की बढ़ती संख्या को देखकर इंस्पेक्टर जगनारायण पांडेय पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने अनशन पर बैठे किसानों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे आक्रोशित होने लगे क्योंकि ब्लॉक पर न तो बीडीओ ज्योति चौधरी, एडीओ पंचायत रामचंद्र लाल मौजूद थे और न ही वे लोग दो बजे तक ब्लॉक कार्यालय पहुंचे। चेतावनी का समय पूरा होने पर किसान जदुवीर गले में फंदा डालने को आगे बढ़े, तभी किसान नेता मुनेश्वर दयाल कठेरिया ने उन्हें हटाकर फंदा अपने गले में डाल लिया। यह देख पुलिस के हाथ पांव फूल गए और आनन-फानन में किसान नेता के गले से फंदा निकाल कर रस्सी को कब्जे में लिया गया। हाईवोल्टेज ड्रामे को देखते हुए पुवायां एसडीएम सौरभ भट्ट, सीओ प्रवीण कुमार भी ब्लॉक कार्यालय पहुंच गए। अनशन स्थल पर मौजूद किसानों को समझाने की कोशिश करने लगे। इसी बीच शाम चार बजे अनशन स्थल से उठकर मुड़िया मिश्र निवासी जदुवीर गौतम मोबाइल कंपनी के टावर पर चढ़ गए। उनकी मांग थी कि उन्हें प्रधानमंत्री आवास दिया जाए। पिछली पंचवर्षीय योजना में भी वह चक्कर काटते रहे और उन्हें आवास नहीं मिला। इस बार भी उन्हें आवास नहीं मिल पाया है। शाम करीब 6:50 बजे एसडीएम किसानों को मनाने में कामयाब हो गए। कार्रवाई का आश्वासन देकर और मिठाई खिलाकर अनशन समाप्त कराया।
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झूठा आरोप लगा रहे हैं किसान नेता
किसान नेता के निशाने पर आए सिपाही संदीप यादव का कहना है कि चेकिंग के दौरान किसान नेता की बाइक हेलमेट न होने की वजह से रोक ली थी, बस इसी बात की खुन्नस में झूठे आरोप लगा रहे हैं। वहीं ग्राम पंचायत सचिव राजीव श्रीवास्तव ने भी अपने ऊपर लगाए जा रहे आरोपों को झूठा बताया है।
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