{"_id":"6179a554b100f4391e4efa30","slug":"education-shahjahanpur-news-bly464361459","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिमाग से नकारात्मक छवि हटाकर पुलिस को मानें मददगार : एसपी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिमाग से नकारात्मक छवि हटाकर पुलिस को मानें मददगार : एसपी
विज्ञापन
शाहजहांपुर आयोजित पुलिस की पाठशाला में छात्राओं को पुलिस के बारे में जानकारी देते एसपी एस.आनंद ।
- फोटो : SHAHJAHANPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शाहजहांपुर। अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से बुधवार को तक्षशिला पब्लिक स्कूल में पुलिस की पाठशाला कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि एसपी एस आनंद ने दिमाग से पुलिस की नकारात्मक छवि न रखने की अपील की। उन्होंने बच्चों को कानूनी व सामाजिक अधिकारों का बोध कराने के साथ ही कर्तव्यों के निर्वहन करने की सलाह दी।
तक्षशिला पब्लिक स्कूल के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में एसपी एस आनंद ने बच्चों से संवाद किया। उन्होंने कहा कि पुलिस लोगों की मदद के लिए होती है। पुलिसिंग जनता को सुरक्षित वातावरण देने के लिए बनाए गए सिस्टम का हिस्सा है। इसलिए पुलिसकर्मी को देखकर डरने के बजाय सुरक्षा का बोध होना चाहिए। पुलिसकर्मी कठिन हालात में अपनी ड्यूटी निभाते हैं। उन्हें भी सम्मान मिलना चाहिए। चुनिंदा गलत पुलिसकर्मियों की वजह से सभी को खराब नहीं समझना चाहिए। उन्होंने छात्र-छात्राओं से कानून के दायरे में रहकर अपने दायित्वों का निर्वहन करने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने बालिकाओं को मिशन शक्ति से जुड़ने के लिए आह्वान किया। कहा कि किसी भी तरह की समस्या आने पर हेल्पलाइन 1090 पर शिकायत दर्ज कराएं। तत्काल सहायता पहुंचेगी।
एएसपी सरवरण टी ने बच्चों को साइबर क्राइम से बचने के टिप्स दिए। कहा कि साइबर क्राइम होने पर टोल फ्री नंबर 155260 पर शिकायत दर्ज कराएं। उन्होंने बच्चों को खेलकूद और अन्य एक्टिविटी में सक्रिय रहने की भी सलाह दी। कार्यक्रम में शामिल बच्चों ने पुलिस की कार्यप्रणाली से संबंधित कई सवाल किए, जिनके जवाब अधिकारियों ने दिए। प्रधानाचार्य प्रखर खंडेलवाल ने बच्चों को कार्यक्रम में सीखी बातों को जीवन में उतारने की सलाह दी। स्कूल प्रबंधक राजकुमार खंडेलवाल ने सभी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन चेताली सहाय और मनीषा शर्मा ने किया। इस दौरान प्रधानाचार्य अंजली, मधुबाला, राहुल, गोविंद आदि टीचर मौजूद रहे।
विज्ञापन
अधिकारियों ने काफी हद तक उन भ्रम को दूर कर दिया जो पुलिस को लेकर हमारे मन में थे। पुलिस से डरना नहीं चाहिए। अगर कोई दिक्कत है तो उसकी शिकायत पुलिस से कर सकते हैं। - सैय्यद जरताब रजा, छात्र
इस तरह से पुलिस की पाठशाला लगती रहनी चाहिए ताकि बच्चों को कानून के बारे में जानकारी मिल सके। बहुत से लोग पीड़ित होने के बाद भी पुलिस के पास जाने से घबराते हैं। पुलिस से मदद लेने में गुरेज न करें। - सृष्टि शर्मा, छात्रा
बगैर ड्राइविंग लाइसेंस और हेलमेट केे वाहन नहीं चलाना चाहिए। इन बातों को अमल करने पर अपने साथ दूसरों को सुरक्षित कर सकते हैं। यातायात नियमों का पालन करने के लिए दूसरों को प्रेरित करेंगे। - वरीशा, छात्रा
पुलिस की पाठशाला में शामिल होने से कई महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल हुईं, जिनकी जानकारी अभी तक नहीं थी। पुलिस बदल चुकी है, अब लोगों को अपनी सोच बदलने की जरूरत है। - हया फातिमा, छात्रा
पुलिस की छवि को गलत तरीके से सामने लाया जाता है। पुलिस और कानून की अहमियत को समझना चाहिए। बच्चे अगर अभी से अपनी सोच सकारात्मक रखेंगे तब ही अच्छे नागरिक बन सकेंगे। - निभी, छात्रा
सोशल मीडिया पर होने वाले अपराध के बारे में जानकारी होना जरूरी है। आजकल सोशल मीडिया पर अकाउंट में प्राइवेसी लगाना बहुत जरूरी है। ताकि कोई भी शख्स फोटो के साथ छेड़छाड़ न कर सके। - ऋषिका, छात्रा
विज्ञापन
तक्षशिला पब्लिक स्कूल के सभागार में आयोजित कार्यक्रम में एसपी एस आनंद ने बच्चों से संवाद किया। उन्होंने कहा कि पुलिस लोगों की मदद के लिए होती है। पुलिसिंग जनता को सुरक्षित वातावरण देने के लिए बनाए गए सिस्टम का हिस्सा है। इसलिए पुलिसकर्मी को देखकर डरने के बजाय सुरक्षा का बोध होना चाहिए। पुलिसकर्मी कठिन हालात में अपनी ड्यूटी निभाते हैं। उन्हें भी सम्मान मिलना चाहिए। चुनिंदा गलत पुलिसकर्मियों की वजह से सभी को खराब नहीं समझना चाहिए। उन्होंने छात्र-छात्राओं से कानून के दायरे में रहकर अपने दायित्वों का निर्वहन करने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने बालिकाओं को मिशन शक्ति से जुड़ने के लिए आह्वान किया। कहा कि किसी भी तरह की समस्या आने पर हेल्पलाइन 1090 पर शिकायत दर्ज कराएं। तत्काल सहायता पहुंचेगी।
विज्ञापन
एएसपी सरवरण टी ने बच्चों को साइबर क्राइम से बचने के टिप्स दिए। कहा कि साइबर क्राइम होने पर टोल फ्री नंबर 155260 पर शिकायत दर्ज कराएं। उन्होंने बच्चों को खेलकूद और अन्य एक्टिविटी में सक्रिय रहने की भी सलाह दी। कार्यक्रम में शामिल बच्चों ने पुलिस की कार्यप्रणाली से संबंधित कई सवाल किए, जिनके जवाब अधिकारियों ने दिए। प्रधानाचार्य प्रखर खंडेलवाल ने बच्चों को कार्यक्रम में सीखी बातों को जीवन में उतारने की सलाह दी। स्कूल प्रबंधक राजकुमार खंडेलवाल ने सभी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का संचालन चेताली सहाय और मनीषा शर्मा ने किया। इस दौरान प्रधानाचार्य अंजली, मधुबाला, राहुल, गोविंद आदि टीचर मौजूद रहे।
विज्ञापन
अधिकारियों ने काफी हद तक उन भ्रम को दूर कर दिया जो पुलिस को लेकर हमारे मन में थे। पुलिस से डरना नहीं चाहिए। अगर कोई दिक्कत है तो उसकी शिकायत पुलिस से कर सकते हैं। - सैय्यद जरताब रजा, छात्र
इस तरह से पुलिस की पाठशाला लगती रहनी चाहिए ताकि बच्चों को कानून के बारे में जानकारी मिल सके। बहुत से लोग पीड़ित होने के बाद भी पुलिस के पास जाने से घबराते हैं। पुलिस से मदद लेने में गुरेज न करें। - सृष्टि शर्मा, छात्रा
बगैर ड्राइविंग लाइसेंस और हेलमेट केे वाहन नहीं चलाना चाहिए। इन बातों को अमल करने पर अपने साथ दूसरों को सुरक्षित कर सकते हैं। यातायात नियमों का पालन करने के लिए दूसरों को प्रेरित करेंगे। - वरीशा, छात्रा
पुलिस की पाठशाला में शामिल होने से कई महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल हुईं, जिनकी जानकारी अभी तक नहीं थी। पुलिस बदल चुकी है, अब लोगों को अपनी सोच बदलने की जरूरत है। - हया फातिमा, छात्रा
पुलिस की छवि को गलत तरीके से सामने लाया जाता है। पुलिस और कानून की अहमियत को समझना चाहिए। बच्चे अगर अभी से अपनी सोच सकारात्मक रखेंगे तब ही अच्छे नागरिक बन सकेंगे। - निभी, छात्रा
सोशल मीडिया पर होने वाले अपराध के बारे में जानकारी होना जरूरी है। आजकल सोशल मीडिया पर अकाउंट में प्राइवेसी लगाना बहुत जरूरी है। ताकि कोई भी शख्स फोटो के साथ छेड़छाड़ न कर सके। - ऋषिका, छात्रा