फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shahjahanpur News ›   Development Department staff gaining independence from the PRI thundered

विकास विभाग से आजादी पाने को गरजे पंचायती राज कर्मचारी

Fri, 10 Jun 2016 09:31 PM IST
ब्यूरो /शाहजहांपुर
ब्यूरो /शाहजहांपुर Updated Fri, 10 Jun 2016 09:31 PM IST
विज्ञापन
Development Department staff gaining independence from the PRI thundered
विकास विभाग से आजादी पाने को गरजे पंचायती राज कर्मचारी
ग्राम्य विकास विभाग की बंधुआ गीरी से मुक्ति पाने के साथ पूर्ण अधिकार दिए जाने की मांग को लेकर पंचायत राज सेवा परिषद से जुड़े विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों ने शुक्रवार को खिरनीबाग के जीआईसी ग्राउंड पर धरना दिया। इस मौके पर हुई सभा में परिषद के जिलाध्यक्ष विजय सिंह तोमर समेत अन्य वक्ताओं ने पंचायती राज विभाग को ग्राम्य विकास विभाग के नियंत्रण से मुक्त कर समन्वय बनाने के लिए आईएएस अथवा पीसीएस अधिकारी नियुक्त किए जाने की मांग की। धरना-प्रदर्शन के विरोध में शुक्रवार को ब्लॉक कार्यालय दो घंटे अधिक खोले जाने पर तंज कसते हुए जिलाध्यक्ष तोमर ने कहा कि विकास विभाग को सरकार की इतनी चिंता थी तो इससे पहले कभी दो घंटे अतिरिक्त कार्य क्यों नहीं किया। उन्होंने सवाल किया कि आंदोलन में ग्रामीण सफाई कर्मियों की शत-प्रतिशत भागीदारी होने के कारण गांवों में सफाई कर्मियों के बदले किन लोेगों से सफाई कराई गई। परिषद के जिला मंत्री रमेश चंद्र मिश्रा ने आंदोलन विफल करने के लिए ग्राम पंचायत अधिकारियों और सफाई कर्मियों को ब्लॉक मुख्यालय पर बुलाकर धमकाए जाने की निंदा करते हुए कहा कि विभागीय कर्मचारियों की एकजुटता देखकर विकास विभाग के अधिकारी बौखला गए हैं। सभा की अध्यक्षता करते हुए परिषद के संरक्षक डीपीआरओ बनवारी सिंह ने कहा कि खंड विकास अधिकारियों को इस बात का दर्द है कि सफाई कर्मियों के वेतन मांग पत्र उनके हस्ताक्षर के बजाय एडीओ पंचायत के स्तर से स्वीकृत कराए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश में ऐसा कोई विभाग नहीं, जिस पर दूसरे महकमे का कब्जा हो। इसके बावजूद विकास विभाग के अधिकारी पंचायत राज विभाग पर कब्जा जमाए रखना चाहते हैं क्योंकि पंचायती राज स्टाफ के काम का श्रेय उन्हें मिलता है। डीपीआरओ ने कहा कि दो विभागों के बीच समन्वय हो सकता है, लेकिन नियंत्रण नहीं। इसीलिए परिषद के घटक संगठनों ने ग्राम पंचायत से लेकर राज्य स्तर तक ग्राम्य विकास विभाग के आदेश अमान्य करने का निर्णय किया है। 
विज्ञापन


धरना में शामिल होकर ग्राम प्रधानों ने दिया समर्थन
परिषद के धरना-प्रदर्शन को उस वक्त बल मिल गया, जब राष्ट्रीय पंचायती राज ग्राम प्रधान संगठन के महासचिव अजीत कुमार सिंह संगठन के तमाम पदाधिकारियों और ग्राम प्रधानोें के साथ खिरनीबाग जीआईसी ग्राउंड के मंच पर पहुंच गए। पदाधिकारियों ने सभी मांगों को जायज ठहराते हुए कहा कि ग्राम प्रधान पंचायत राज विभाग की हर मुहिम में कंधे से कंधा मिलाकर साथ देंगे।  
विज्ञापन

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed