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Shahjahanpur News: रावण वध और श्रीराम के राज्याभिषेक का किया वर्णन
Tue, 22 Apr 2025 12:54 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Tue, 22 Apr 2025 12:54 AM IST
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रोजा के रौसर कोठी स्थित श्री नारायण ठाकुर द्वारा मंदिर में श्रद्धालुओं को पटका पहनाते कथाव्यास
रोजा। रौसर कोठी में आयोजित श्री नव चंडी महायज्ञ, श्रीमद् भागवत कथा एवं श्रीराम कथा के सातवें दिन सोमवार को कथा व्यास पंडित योगेश दीक्षित महाराज ने रावण वध एवं श्रीराम के राज्याभिषेक का वर्णन किया।
बताया कि श्रीराम और रावण का युद्ध 32 दिन तक चला। प्रभु श्रीराम ज्ञान, लक्ष्मण जी वैराग्य और माता सीता भक्ति स्वरूपा हैं। उसी प्रकार रावण मोह, मेघनाथ काम और कुंभकरण अहंकार का प्रतीक है। जहां यह तीनों एक साथ हों, उस परिवार का विनाश तय है।
इस बीच नैमिषारण्य से पधारे यज्ञाचार्य स्वतंत्र कुमार मिश्रा, रत्नेश मिश्रा, मधुर मिश्रा, पुलकित आदि आचार्यों ने नव चंडी महायज्ञ में पूर्णाहुति कराई। कन्नौज के मेहंदी घाट से आए स्वामी वेदाश्रम ने संत महिमा का वर्णन किया। शांतनु शुक्ला ने रुक्मिणी मंगल की कथा सुनाई और परी किशोरी ने भजनों से श्रद्धालुओं में भक्ति का संचार किया। कथा श्रवण मेंअखिलेश तिवारी, कमलेश शुक्ला, यतेंद्र तिवारी, हरी किशोर दीक्षित, संजीव मिश्रा आदि शामिल रहे। यज्ञ के आयोजक स्वामी रामेश्वराश्रम जी महाराज ने बताया मंगलवार को विशाल भंडारे का आयोजन होगा। संवाद
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बताया कि श्रीराम और रावण का युद्ध 32 दिन तक चला। प्रभु श्रीराम ज्ञान, लक्ष्मण जी वैराग्य और माता सीता भक्ति स्वरूपा हैं। उसी प्रकार रावण मोह, मेघनाथ काम और कुंभकरण अहंकार का प्रतीक है। जहां यह तीनों एक साथ हों, उस परिवार का विनाश तय है।
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इस बीच नैमिषारण्य से पधारे यज्ञाचार्य स्वतंत्र कुमार मिश्रा, रत्नेश मिश्रा, मधुर मिश्रा, पुलकित आदि आचार्यों ने नव चंडी महायज्ञ में पूर्णाहुति कराई। कन्नौज के मेहंदी घाट से आए स्वामी वेदाश्रम ने संत महिमा का वर्णन किया। शांतनु शुक्ला ने रुक्मिणी मंगल की कथा सुनाई और परी किशोरी ने भजनों से श्रद्धालुओं में भक्ति का संचार किया। कथा श्रवण मेंअखिलेश तिवारी, कमलेश शुक्ला, यतेंद्र तिवारी, हरी किशोर दीक्षित, संजीव मिश्रा आदि शामिल रहे। यज्ञ के आयोजक स्वामी रामेश्वराश्रम जी महाराज ने बताया मंगलवार को विशाल भंडारे का आयोजन होगा। संवाद
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