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कॉल डिटेल खंगालने में जुटी पुलिस
ब्यूरो /शाहजहांपुर
Updated Wed, 27 Apr 2016 12:34 AM IST
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कॉल डिटेल खंगालने में जुटी पुलिस
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जिला विकलांग कल्याण अधिकारी रंजीत सोनकर की मौत के मामले में उनकी पत्नी जिला समाज कल्याण अधिकारी अर्चना सोनकर पर सोमवार को मुकदमा दर्ज कर लिया गया था। इसकी विवेचना सदर बाजार इंस्पेक्टर केके वर्मा को सौंपी गई है। अभी पुलिस का पूरा फोकस मौत का राज तलाशने में है। इसके लिए सर्विलांस की मदद लेकर जिला विकलांग कल्याण अधिकारी के मोबाइल नंबरों के कॉल डिटेल निकली जा रही है। जिला कल्याण अधिकारी रंजीत सोनकर और उनकी पत्नी व समाज कल्याण अधिकारी अर्चना सोनकर के बची शादी के तुरंत बाद ही अलगाव हो गया था। दोनों अपने-अपने सरकारी आवास में रहने लगे थे। इतनी जल्दी दोनों के बीच हुए अलगाव की चर्चा उनके कार्यालयों में रही थी। 28 मार्च को रंजीत सोनकर ने डीएम कार्यालय में दाखिल दफ्तर किया था और इसी दिन फैमली कोर्ट में अपने विवाह शून्य करने की अर्जी डाली थी। इसकी सुनवाई 30 अप्रैल को होनी थी। इसी बीच बीती 21 अप्रैल की रात रंजीत सोनकर की अपने आवास में हालत बिगड़ गई। उस समय उनके आवास पर उनकी नौकरानी हद्दफ चौकी निवासी कंचन मौजूद थी। कंचन ने बताया था कि तबीयत खराब होने की सूचना पर वह अपने भाई के साथ उनके घर पर गई थी। साहब दर्द से तड़पने लगे तो उसने भाई को डॉक्टर को बुलाने के लिए भेज दिया। इसके बाद साहब के कहने पर घर में रखी दवाई खिलाई तो उनकी हालत ज्यादा बिगड़ गई। जिला अस्पताल ले जाने पर डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया था। मौत की सूचना पर लखनऊ से शाहजहांपुर पहुंचे रंजीत के भाई और अन्य परिवारीजन पोस्टमार्टम कराने को तैयार नहीं थे, लेकिन डीएम और एसपी के काफी समझाने पर वे इसके लिए राजी हुए थे। पोस्टमार्टम में मौत की वजह स्पष्ट न होने पर विसरा जांच के लिए सुरक्षित रख लिया गया था। उस दिन लखनऊ से उनकी पत्नी जिला समाज कल्याण अधिकारी अर्चना सोनकर भी यहां पहुंचीं थीं। पोस्टमार्टम के बाद पति का शव लेकर वह लखनऊ रवाना हो गई थीं। वह लखनऊ में अपने भाई की शादी में शामिल होने के लिए 16 से 24 अप्रैल तक के लिए अवकाश पर थीं। इस घटना के बाद वह अभी अवकाश पर हैं। इस बीच सोमवार को रंजीत के भाई राजेश की ओर से अपनी भाभी व जिला समाज कल्याण अधिकारी अर्चना सोनकर पर भइया की हत्या विषैला पदार्थ खिलवाकर कराने का आरोप लगाते हुए पुलिस को तहरीर दी गई। उसी आधार पर बीती देर रात को मुकदमा दर्ज हुआ।
पहले पति से भी संपर्क साधेगी पुलिस
बताया जाता है कि गाजियाबाद निवासी एक डॉक्टर से समाज कल्याण अधिकारी अर्चना सोनकर की शादी हुई थी। दोनों के बीच शादी के कुछ दिनों बाद ही अनबन हो गई और दोनों अलग हो गए थे। इस मामले में अर्चना सोनकर ने दहेज उत्पीड़न का केस भी लिखाया था, जो कि न्यायालय में विचाराधीन था। इसी बीच उनकी रंजीत सोनकर से नजदीकी बढ़ी। दोनों ने शादी का फैसला कर लिया। पहली शादी बीच में अड़चन न बने इसलिए अर्चना सोनकर ने पहले पति को तलाक दे दिया था। अब हत्या का मामल दर्ज होने के बाद पुलिस अर्चना सोनकर के पहले पति से भी पूछताछ का मन बनाया है।
पहले तो परिवारवाले पोस्टमार्टम को ही तैयार नहीं थे। लेकिन पोस्टमार्टम के बाद अब मृत अधिकारी के भाई की ओर मिली तहरीर पर केस दर्ज कर लिया गया है। अभी विवेचना की जा रही है। हर कोण से मौत के राज को जानने पर फोकस है और उसके बाद आगे की कार्यवाही होगी। -- डॉ. मनोज कुमार, एसपी शाहजहांपुर।
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पहले पति से भी संपर्क साधेगी पुलिस
बताया जाता है कि गाजियाबाद निवासी एक डॉक्टर से समाज कल्याण अधिकारी अर्चना सोनकर की शादी हुई थी। दोनों के बीच शादी के कुछ दिनों बाद ही अनबन हो गई और दोनों अलग हो गए थे। इस मामले में अर्चना सोनकर ने दहेज उत्पीड़न का केस भी लिखाया था, जो कि न्यायालय में विचाराधीन था। इसी बीच उनकी रंजीत सोनकर से नजदीकी बढ़ी। दोनों ने शादी का फैसला कर लिया। पहली शादी बीच में अड़चन न बने इसलिए अर्चना सोनकर ने पहले पति को तलाक दे दिया था। अब हत्या का मामल दर्ज होने के बाद पुलिस अर्चना सोनकर के पहले पति से भी पूछताछ का मन बनाया है।
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पहले तो परिवारवाले पोस्टमार्टम को ही तैयार नहीं थे। लेकिन पोस्टमार्टम के बाद अब मृत अधिकारी के भाई की ओर मिली तहरीर पर केस दर्ज कर लिया गया है। अभी विवेचना की जा रही है। हर कोण से मौत के राज को जानने पर फोकस है और उसके बाद आगे की कार्यवाही होगी। -- डॉ. मनोज कुमार, एसपी शाहजहांपुर।
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