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भूकंप से बचाव को प्रस्तुत किए वैज्ञानिक प्रयोग
शाहजहांपुर।
Updated Tue, 28 Apr 2015 11:28 PM IST
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जनसामान्य को भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदा से बचाव को प्रेरित करने के लिए जिला विज्ञान क्लब की ओर से मंगलवार को लीड कान्वेंट स्कूल मेें भूकंप जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गई। भूकंप की जानकारी और बचाव विषयक कार्यशाला में विज्ञान संस्था रिसर्च के निदेशक डॉ. इरफान ह्यूमन ने छोटे-छोटे वैज्ञानिक प्रयोगों के माध्यम से लोगों को बताया कि भूकंप आने पर किस तरह जनहानि को कम किया जा सकता है।
उन्होंने विज्ञान मॉडल के माध्यम से बताया कि पृथ्वी चार परतों से बनी है। क्रस्ट और ऊपरी परत लिथोस्पेयर की 50 किमी मोटी परत टेक्टोनिक प्लेट में बटी है। ये प्लेट ज्यादा हिलने पर भूकंप का अहसास होता है। डॉ. ह्यूमन ने बताया कि विश्व में प्रति तीन मिनट में एक भूकंप आता है, लेकिन तीव्रता कम होने से उन्हें महसूस नहीं किया जा सकता। रिक्टर पैमाने पर आठ तीव्रता का भूकंप लगभग 60 लाख टन विस्फोटक जैसी ऊर्जा उत्पन्न करने की क्षमता रखता है।
नूरी खान के संचालन में आयोजित कार्यशाला में रंजीता सिंह, सुम्बुल, गुरुप्रीत, गीता रानी, स्वाति वाजपेयी, केशव पंडित, रूफिया खान आदि का सहयोग रहा। अत मे स्कूल के निदेशक मोहम्मद जमाल और प्रधानाचार्य तराना जमाल ने सभी का आभार व्यक्त किया।
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उन्होंने विज्ञान मॉडल के माध्यम से बताया कि पृथ्वी चार परतों से बनी है। क्रस्ट और ऊपरी परत लिथोस्पेयर की 50 किमी मोटी परत टेक्टोनिक प्लेट में बटी है। ये प्लेट ज्यादा हिलने पर भूकंप का अहसास होता है। डॉ. ह्यूमन ने बताया कि विश्व में प्रति तीन मिनट में एक भूकंप आता है, लेकिन तीव्रता कम होने से उन्हें महसूस नहीं किया जा सकता। रिक्टर पैमाने पर आठ तीव्रता का भूकंप लगभग 60 लाख टन विस्फोटक जैसी ऊर्जा उत्पन्न करने की क्षमता रखता है।
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नूरी खान के संचालन में आयोजित कार्यशाला में रंजीता सिंह, सुम्बुल, गुरुप्रीत, गीता रानी, स्वाति वाजपेयी, केशव पंडित, रूफिया खान आदि का सहयोग रहा। अत मे स्कूल के निदेशक मोहम्मद जमाल और प्रधानाचार्य तराना जमाल ने सभी का आभार व्यक्त किया।
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