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ऑक्सीजन का स्टाक खत्म, मरीज-तीमारदार परेशान
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शाहजहांपुर। जिले में ऑक्सीजन का स्टाक खत्म हो चुका है। प्रशासन ने शासन को डिमांड भेजी हुई है, लेकिन ऑक्सीजन प्राप्त नहीं हो सकी है। लोग ऑक्सीजन के लिए सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं। सिर्फ मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन उपलब्ध हो पा रही है।
सिटी मजिस्ट्रेट के कार्यालय में न बैठने के कारण तीमारदारों को समझ में नहीं आ रहा है कि वे क्या करें। लोग सिटी मजिस्ट्रेट को फोन कर ऑक्सीजन के लिए गुहार कर रहे हैं। सिटी मजिस्ट्रेट भी ऑक्सीजन का स्टाक खत्म होने की बात कहते हुए हाथ खड़े कर रहे हैं। प्राइवेट अस्पतालों में भर्ती मरीजों को भी ऑक्सीजन का जुगाड़ करने के लिए कहा जा रहा है। शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती मरीज को ऑक्सीजन सिलिंडर लेकर आने को कहा गया।
बृहस्पतिवार को वह डॉक्टर से लिखापढ़ी कराकर सिटी मजिस्ट्रेट दफ्तर पहुंचा तो वहां ताला बंद मिला। इसी तरह बृहस्पतिवार को दिनभर मरीज ऑक्सीजन सिलिंडर के लिए सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय के चक्कर लगाते रहे। अपने पिता के लिए ऑक्सीजन सिलिंडर की मांग कर रही एक युवती ने जब सिटी मजिस्ट्रेट से गुहार लगाई तो सिटी मजिस्ट्रेट राजेश कुमार ने ऑक्सीजन का स्टाक खत्म होने की मजबूरी बयां कर मरीज को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराने की नसीहत दे दी। सिटी मजिस्ट्रेट राजेश कुमार के मुताबिक शासन से 26 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की मांग की गई है। जिले में ऑक्सीजन का स्टाक काफी कम है। उम्मीद है कि बृहस्पतिवार रात तक ऑक्सीजन की खेप मिल सकती है। बाकी ऑक्सीजन भी एक-दो दिन में मिलने से संकट कम होगा। वहीं मेडिकल कॉलेज में भी तीमारदार ऑक्सीजन न मिलने का आरोप लगा रहे हैं जबकि मेडिकल कॉलेज प्रशासन जरूरत भर की ऑक्सीजन होने का दावा कर रहा है।
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बृहस्पतिवार को जिले में कोरोना संक्रमण के 300 नये मामले सामने आये हैं। जबकि कोरोना संक्रमण से चार लोगों की मौत हो गई।
चौक कोतवाली क्षेत्र निवासी महिला (55) को तबीयत खराब होने पर 27 अप्रैल को राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। कोरोना संक्रमण की पुष्टि के बाद उनको एलटू आइसोलेशन वार्ड में शिफ्ट किया गया था। जहां बृहस्पतिवार को उनकी मौत हो गई। सदर बाजार क्षेत्र की महिला (70) की एलूट आइसोलेशन वार्ड में इलाज के मौत हो गई। वहीं पुवायां थाना क्षेत्र निवासी पुरुष (48) को 23 अप्रैल को आइसोलेशन वार्ड में शिफ्ट किया था। उनकी बृहस्पतिवार को इलाज के दौरान मौत हो गई। सीएमएस डॉ. एयूपी सिन्हा ने बताया कि बृहस्पतिवार को इलाज के दौरान चार लोगों की मौत हुई है। एकीकृत कोविड कमांड कंट्रोल सेन्टर के अनुसार जिले में 300 नये कोरोना के मामले सामने आये हैं। कोरोना संक्रमण से मरने वालों की संख्या 174 हो चुकी है। जबकि जिले में एक्टिव केस की संख्या 4259 हो चुकी है।
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सिटी मजिस्ट्रेट के कार्यालय में न बैठने के कारण तीमारदारों को समझ में नहीं आ रहा है कि वे क्या करें। लोग सिटी मजिस्ट्रेट को फोन कर ऑक्सीजन के लिए गुहार कर रहे हैं। सिटी मजिस्ट्रेट भी ऑक्सीजन का स्टाक खत्म होने की बात कहते हुए हाथ खड़े कर रहे हैं। प्राइवेट अस्पतालों में भर्ती मरीजों को भी ऑक्सीजन का जुगाड़ करने के लिए कहा जा रहा है। शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती मरीज को ऑक्सीजन सिलिंडर लेकर आने को कहा गया।
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बृहस्पतिवार को वह डॉक्टर से लिखापढ़ी कराकर सिटी मजिस्ट्रेट दफ्तर पहुंचा तो वहां ताला बंद मिला। इसी तरह बृहस्पतिवार को दिनभर मरीज ऑक्सीजन सिलिंडर के लिए सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय के चक्कर लगाते रहे। अपने पिता के लिए ऑक्सीजन सिलिंडर की मांग कर रही एक युवती ने जब सिटी मजिस्ट्रेट से गुहार लगाई तो सिटी मजिस्ट्रेट राजेश कुमार ने ऑक्सीजन का स्टाक खत्म होने की मजबूरी बयां कर मरीज को मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराने की नसीहत दे दी। सिटी मजिस्ट्रेट राजेश कुमार के मुताबिक शासन से 26 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की मांग की गई है। जिले में ऑक्सीजन का स्टाक काफी कम है। उम्मीद है कि बृहस्पतिवार रात तक ऑक्सीजन की खेप मिल सकती है। बाकी ऑक्सीजन भी एक-दो दिन में मिलने से संकट कम होगा। वहीं मेडिकल कॉलेज में भी तीमारदार ऑक्सीजन न मिलने का आरोप लगा रहे हैं जबकि मेडिकल कॉलेज प्रशासन जरूरत भर की ऑक्सीजन होने का दावा कर रहा है।
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बृहस्पतिवार को जिले में कोरोना संक्रमण के 300 नये मामले सामने आये हैं। जबकि कोरोना संक्रमण से चार लोगों की मौत हो गई।
चौक कोतवाली क्षेत्र निवासी महिला (55) को तबीयत खराब होने पर 27 अप्रैल को राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था। कोरोना संक्रमण की पुष्टि के बाद उनको एलटू आइसोलेशन वार्ड में शिफ्ट किया गया था। जहां बृहस्पतिवार को उनकी मौत हो गई। सदर बाजार क्षेत्र की महिला (70) की एलूट आइसोलेशन वार्ड में इलाज के मौत हो गई। वहीं पुवायां थाना क्षेत्र निवासी पुरुष (48) को 23 अप्रैल को आइसोलेशन वार्ड में शिफ्ट किया था। उनकी बृहस्पतिवार को इलाज के दौरान मौत हो गई। सीएमएस डॉ. एयूपी सिन्हा ने बताया कि बृहस्पतिवार को इलाज के दौरान चार लोगों की मौत हुई है। एकीकृत कोविड कमांड कंट्रोल सेन्टर के अनुसार जिले में 300 नये कोरोना के मामले सामने आये हैं। कोरोना संक्रमण से मरने वालों की संख्या 174 हो चुकी है। जबकि जिले में एक्टिव केस की संख्या 4259 हो चुकी है।