UP: शाहजहांपुर में मासूम बेटे को जहर देकर मारा... फिर कारोबारी ने पत्नी के साथ दी जान; सूदखोरों से थे परेशान
Shahjahanpur Suicide Case : शाहजहांपुर के रोजा थाना क्षेत्र से दिल झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। दुर्गा एन्कलेव कॉलोनी में चार साल के मासूम बेटे को जहर देने के बाद हैंडलूम कारोबारी सचिन ग्रोवर और उसकी पत्नी शिवांगी ने आत्महत्या कर ली। बुधवार सुबह मासूम का शव कमरे में बेड पर पड़ा मिला। दंपती के शव अलग-अलग कमरों में फंदे से लटके मिले।
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Shahjahanpur News: शाहजहांपुर के रोजा क्षेत्र में सूदखोरों व कर्ज से परेशान दुर्गा कॉलोनी निवासी हैंडलूम कारोबारी सचिन ग्रोवर (36 वर्ष) व उनकी पत्नी शिवांगी ग्रोवर (34 वर्ष) ने चार साल के बेटे को जहर खिलाने के बाद आत्महत्या कर ली। बुधवार सुबह दंपती के शव कमरे में फंदे से लटके मिले। मासूम का शव बेड पर पड़ा मिला। कारोबारी के फोन में 13 पेज का सुसाइड नोट मिला है। इसमें ब्याज पर लिए गए कर्ज के अलावा अन्य देनदारियों का भी जिक्र है।
शहर के मोहल्ला मोहनगंज में संकट मोचन मंदिर के पास स्थित पानीपत हैंडलूम के संचालक सचिन ग्रोवर पत्नी व बेटे फतेह के साथ दूसरी मंजिल पर रहते थे। मंगलवार रात करीब 11:30 बजे ग्राउंड फ्लोर पर रहने वाली भाभी ज्योति से मोबाइल फोन का चार्जर मांगने नीचे आए थे। बुधवार को बड़े भाई मोहित के नौ महीने के बेटे का नामकरण संस्कार कार्यक्रम गुरुद्वारे में था। उसमें शामिल होने के लिए सभी को जाना था।
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सुबह आठ बजे तक सचिन के नीचे नहीं आने पर मां सीमा ने आवाज लगाई। कोई प्रतिक्रिया नहीं आने पर वह ऊपर पहुंचीं। अंदर झांककर देखा तो दृश्य देखकर चीख पड़ीं। शिवांगी का शव रस्सी के फंदे से लटका हुआ था। वहीं बेड पर फतेह का शव पड़ा था। ऊपर से कंबल डाला गया था। उसके मुंह से झाग निकल रहा था।
सुसाइड नोट में आर्थिक तंगी का जिक्र
दूसरे कमरे में सचिन का शव लटका देखकर चीख मारकर भाग खड़ीं हुईं। इसके बाद भाभी ज्योति ने शोर मचाया। तब कॉलोनी के लोगों की भीड़ लग गई। सूचना पर रोजा थाने भी पहुंच गई। पुलिस को 13 पेज का सुसाइड नोट सचिन के मोबाइल में मिला है। इसमें आर्थिक तंगी और लोगों की देनदारी का जिक्र है।
सचिन की सास संध्या मिश्रा ने आरोप लगाया कि उद्योग केंद्र से स्वीकृत ऋण के अनुदान के नाम पर दामाद को परेशान किया जा रहा था। 17 लाख के अनुदान में आधी धनराशि की मांग की जा रही थी। भाई गौरव ग्रोवर ने शहर के चार लोगों पर दो लाख के कर्ज पर प्रतिदिन 20 हजार रुपये की वसूली का आरोप लगाया। बताया कि सूदखोरों ने बाइक और कार भी जब्त कर ली थी।