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कार्यगत शिथिलता में आशा वर्कर बर्खास्त, एएनएम निलंबित
ब्यूरो /शाहजहांपुर
Updated Tue, 19 Apr 2016 11:46 PM IST
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डीएम विजय किरन आनंद ने मंगलवार को सदर तहसील के लोहिया समग्र ग्राम अजीतपुर जिगनेरा का दौरा करके वहां शासन की विभिन्न योजनाओं के तहत कराए गए निर्माण और विकास कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान आंगनबाड़ी केंद्र पर गर्भवती महिलाओं का विवरण अंकित नहीं पाए जाने पर डीएम ने आशा वर्कर की सेवाएं समाप्त करने और एएनएम को निलंबित करने के निर्देश दिए। यही नहीं, मांगी गईं जानकारियां नहीं दे पाने पर प्रभारी चिकित्साधिकारी और ददरौल ब्लॉक के अवर अभियंता का वेतन रोकने के निर्देश दिए। गांव के प्राइमरी स्कूल परिसर में डीएम आनंद के पहुंचते ही वहां ग्रामीणों का जमावड़ा होने लगा। इस पर डीएम ने वहीं चौपाल लगाकर विभिन्न योजनाओं और कार्यक्रमों की समीक्षा करनी शुरू कर दी। मौके पर मौजूद जेई से डीएम ने गांव की गलियों के बारे में सवाल किया। जेई जवाब नहीं दे पाए जिस पर डीएम ने सख्त रुख अपनाते हुए उनका वेतन रोकने के निर्देश दिए। इसी तरह स्वास्थ्य विभाग द्वारा गत वर्ष 39 गर्भवती महिलाओं में केवल तीन का संस्थागत प्रसव कराए जाने और इस वर्ष 42 गर्भवती महिलाओं के सापेक्ष केवल तीन महिलाओं का रजिस्टर पर पर विवरण दर्ज पाया गया। इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए डीएम आनंद ने आशा कार्यकत्री को बर्खास्त और एएनएम को निलंबित करने के निर्देश दिए। साथ ही ईएमओ का वेतन रोकने का निर्देश दिया। उन्हाेंने संबंधित अधिकारियों को शनिवार तक गांव में बैठक करके सभी गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण करने के निर्देश दिए। बच्चों में कुपोषण की समीक्षा करते हुए डीएम ने कहा कि दो माह के अंदर सभी बच्चों का कुपोषण दूर नहीं होने की दशा में आंगनबाड़ी कार्यकत्री की सेवाएं समाप्त कर दी जाएंगी। समीक्षा से पता चला कि गांव में 260 घर हैं, लेकिन शौचालय सिर्फ 150 बने हैं। कई शौचालयों का निरीक्षण करने पर डीएम ने पाया कि कुछ शौचालय ठीक नहीं बनाए गए हैं। उन्होंने ग्राम विकास अधिकारी को शौचालय तत्काल ठीक कराने के निर्देश दिए। डीएम ने खुले में शौच के दुष्प्रभाव गिनाते हुए इसे शर्मनाक प्रवृत्ति बताया। गांव में बिजली के सिर्फ 28 कनेक्शन पाए गए। डीएम आनंद ने पॉवर कारपोरेशन के एक्सईएन अशोक सुंदरम को 15 दिन के अंदर छूटे मोहल्लों का विद्युतीकरण कराने के निर्देश दिए। एक्सईएन सुंदरम ने ग्रामीणों को बताया कि केवल 130 रुपये देने पर कनेक्शन जारी कर दिया जाएगा। शेष 1200 रुपये हर माह 100 रुपये की दर से बिजली बिल में जोड़कर 12 किश्तों में लिए जाएंगे। ग्राम प्रधान ने बताया कि मनरेगा के तहत 46 लोगों को रोजगार देकर उन पर 2.77 लाख रुपये व्यय किए गए हैं। डीएम ने साथ मौजूद एसडीएम आदित्य प्रकाश श्रीवास्तव को एक सप्ताह के अंदर गांव के चक रोडों को कब्जामुक्त कराने के निर्देश दिए। साथ ही पेंशन व राशन कार्ड की पात्रता जांच के लिए तहसीलदार, एडीओ पंचायत और पंचायत सचिव की तीन सदस्यीय टीम गठित की। निरीक्षण में सीडीओ पुलकित खरे, डीडीओ पीपी त्रिपाठी, डीआरडीए के परियोजना निदेशक अजय प्रकाश आदि डीएम के साथ रहे।
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