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Shahjahanpur News: दुष्कर्म के आरोप से दोषमुक्त, मारपीट में तीन-तीन साल की सजा
Sat, 23 Mar 2024 04:42 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Sat, 23 Mar 2024 04:42 PM IST
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शाहजहांपुर। प्रथम फास्ट ट्रैक कोर्ट के अपर सत्र न्यायाधीश लवी यादव ने दुष्कर्म के एक मुकदमे को घर में घुसकर मारपीट करने का मामला मानते हुए दोषियों को तीन-तीन वर्ष कारावास की सजा सुनाई। छह-छह हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। दो आराेपियों की मुकदमे के दौरान मौत हो गई थी।
सरकारी वकील संजीव कुमार सिंह ने बताया कि तिलहर थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी पीड़िता ने थाने में प्रार्थना पत्र दिया था। इसमें कहा कि पांच अप्रैल 2002 को उसकी ननद व सास घर में थी। पति खेत पर गए थे। शाम पांच बजे राजेश, उनका भाई शिशुपाल, रामरतन, इतवारी, श्यामा अपने हाथों में तमंचा लेकर घर में घुस आए और मारपीट शुरू कर दी। प्रार्थना पत्र के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय भेजा गया। अदालत में गवाहों के बयान व सरकारी वकील के तर्कों को सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने आरोपी राजेश व इतवारी को दुष्कर्म के आरोप से दोषमुक्त करते हुए घर में घुसकर मारपीट करने का दोषी पाते हुए तीन-तीन वर्ष कारावास व छह-छह हजार रुपये जुर्माने की सजा से दंडित किया। आरोपी शिशुपाल व श्यामा की मुकदमे के दौरान मौत हो गई। वहीं रामरतन का नाम इस मामले की पत्रावली से अलग कर दिया गया था।
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सरकारी वकील संजीव कुमार सिंह ने बताया कि तिलहर थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी पीड़िता ने थाने में प्रार्थना पत्र दिया था। इसमें कहा कि पांच अप्रैल 2002 को उसकी ननद व सास घर में थी। पति खेत पर गए थे। शाम पांच बजे राजेश, उनका भाई शिशुपाल, रामरतन, इतवारी, श्यामा अपने हाथों में तमंचा लेकर घर में घुस आए और मारपीट शुरू कर दी। प्रार्थना पत्र के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय भेजा गया। अदालत में गवाहों के बयान व सरकारी वकील के तर्कों को सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश ने आरोपी राजेश व इतवारी को दुष्कर्म के आरोप से दोषमुक्त करते हुए घर में घुसकर मारपीट करने का दोषी पाते हुए तीन-तीन वर्ष कारावास व छह-छह हजार रुपये जुर्माने की सजा से दंडित किया। आरोपी शिशुपाल व श्यामा की मुकदमे के दौरान मौत हो गई। वहीं रामरतन का नाम इस मामले की पत्रावली से अलग कर दिया गया था।
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