{"_id":"5966205a4f1c1b1a1d8b46b9","slug":"91499865178-shahjahanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सोशल ऑडिट सदस्यों ने मांगा नियत मानदेय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सोशल ऑडिट सदस्यों ने मांगा नियत मानदेय
Updated Wed, 12 Jul 2017 06:42 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शाहजहांपुर। विकास योजनाओं और कार्यक्रमों की निगरानी के लिए ब्लॉक स्तर पर तैनात सोशल ऑडिट टीमों के सदस्यों ने प्रांतीय आह्वान पर बुधवार को खिरनीबाग के जीआईसी ग्राउंड पर धरना देकर नारेबाजी की और शासन से नियत मानदेय मांगा। बाद में सोशल ऑडिट महासंघ की ओर से मुख्यमंत्री के नाम सिटी मजिस्ट्रेट विनय प्रकाश श्रीवास्तव को इसी आशय का ज्ञापन दिया।
धरना स्थल पर विकास खंडों की ऑडिट टीमों को संबोेधित करते हुए महासंघ के जिलाध्यक्ष तेजपाल कठेरिया ने कहा कि शासन के आदेश पर विकास विभाग ने प्रदेश में विकास कार्यों की निगरानी के लिए वर्ष 2016-17 में लगभग 45 हजार सोशल ऑडिट सदस्यों का चयन किया है। चयन से पूर्व सोशल ऑडिट सदस्यों की मूलभूत समस्याओं पर विचार नहीं किए जाने से उन्हें अपने पदेन कार्य में अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि कार्यगत समस्याओं का समाधान करने के बजाय अधिकारियों ने नई टीमों का चयन करने की तैयारी करके यह जाहिर कर दिया कि उन्हें कार्यरत टीम सदस्यों के हितों की कोई परवाह नहीं है। ज्ञापन में कहा गया है कि प्रांतीय नेतृत्व से वार्ता के दौरान मुख्यमंत्री ने अपने वादे के अनुरूप वर्तमान टीम सदस्यों के नवीनीकरण और उन्हें नियत मानदेय के संबंध में शासनादेश जारी नहीं किया तो आंदोलन तेज कर दिया जाएगा। धरना-प्रदर्शन में मीना देवी, नन्हें लाल, उपदेश श्रीवास्तव, सत्यपाल, कृष्ण पाल, ज्योति मौर्य, कांति देवी, रामबाबू, दिलीप कुमार, सतीश चंद्र, रूपेंद्र सिंह, रीमा देवी, अरविंद कुमार आदि शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
धरना स्थल पर विकास खंडों की ऑडिट टीमों को संबोेधित करते हुए महासंघ के जिलाध्यक्ष तेजपाल कठेरिया ने कहा कि शासन के आदेश पर विकास विभाग ने प्रदेश में विकास कार्यों की निगरानी के लिए वर्ष 2016-17 में लगभग 45 हजार सोशल ऑडिट सदस्यों का चयन किया है। चयन से पूर्व सोशल ऑडिट सदस्यों की मूलभूत समस्याओं पर विचार नहीं किए जाने से उन्हें अपने पदेन कार्य में अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि कार्यगत समस्याओं का समाधान करने के बजाय अधिकारियों ने नई टीमों का चयन करने की तैयारी करके यह जाहिर कर दिया कि उन्हें कार्यरत टीम सदस्यों के हितों की कोई परवाह नहीं है। ज्ञापन में कहा गया है कि प्रांतीय नेतृत्व से वार्ता के दौरान मुख्यमंत्री ने अपने वादे के अनुरूप वर्तमान टीम सदस्यों के नवीनीकरण और उन्हें नियत मानदेय के संबंध में शासनादेश जारी नहीं किया तो आंदोलन तेज कर दिया जाएगा। धरना-प्रदर्शन में मीना देवी, नन्हें लाल, उपदेश श्रीवास्तव, सत्यपाल, कृष्ण पाल, ज्योति मौर्य, कांति देवी, रामबाबू, दिलीप कुमार, सतीश चंद्र, रूपेंद्र सिंह, रीमा देवी, अरविंद कुमार आदि शामिल रहे।
विज्ञापन