{"_id":"59394ab84f1c1b486e8b4571","slug":"201496926904-shahjahanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डॉक्टरों की लेटलतीफी पर सीएमएस ने देखे मरीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डॉक्टरों की लेटलतीफी पर सीएमएस ने देखे मरीज
Updated Thu, 08 Jun 2017 06:31 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शाहजहांपुर।
बृहस्पतिवार को जिला महिला अस्पताल में महिला डॉक्टरों के लेट आने पर सीएमएस ने उनके ओपीडी कक्षों में ताला डलवा दिया। इसके साथ उनके हाजिरी रजिस्टर अपने रूम में मंगवा लिए। सीएमएस ने महिला डॉक्टर को दिखाने आई महिला मरीजों को अपने चेंबर के सामने बैठाया और खुद मरीजों को देखा। बाद में आई डॉक्टरों से कड़ी नाराजगी जताई।
बृहस्पतिवार को जिला महिला अस्पताल खुलने के दो घंटे बाद भी स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉक्टर किरन, और डॉक्टर ऋतु अपने चेंबर में समय पर नहीं पहुंचीं। सीएमएस डॉक्टर रेखा वर्मा निरीक्षण को गईं तो वहां डॉक्टर को न देख और गर्भवती महिलाओं की भीड़ देख उनका पारा हाई हो गया। उन्होंने तत्काल कर्मचारी को बुलाकर दोनाें ओपीडी कक्षों में ताला लगवा दिया। इसके बाद सभी मरीजों को दूसरी मंजिल स्थित अपने कार्यालय के सामने बुला लिया।
सीएमएस रेखा वर्मा ने खुद मरीजों को देखना शुरू किया और नर्स को ब्लड प्रेशर आदि की जांच करने के लिए साथ में बैठाया। इसके बाद तो मरीजों की लाइन लग गई। काफी देर बाद जब महिला डॉक्टर आईं तो सीएमएस ने उनकी जमकर क्लास ली। दोनों डॉक्टरों को अपने चेंबर में ही बैठकर मरीज देखने को कहा। दोनों डॉक्टरों की हाजिरी भी सीएमएस ने नहीं लगवाई। गर्भवती महिलाओं की जांच के दौरान सीएमएस ने बताया कि कई ब्लॉकों से आने वाली गर्भवती के कार्ड पर मदर चाइल्ड केयर ट्रेकिंग नंबर (एससीटीएस) नहीं डाला गया है। भावलखेड़ा और सिंधौली के मरीजों के साथ यह दिक्कत ज्यादा है। मरीजों की लाइन दोपहर दो बजे तक सीएमएस कार्यालय के सामने लगी रही।
विज्ञापन
दोनों डॉक्टर देर से अस्पताल आईं इसलिए इनको सजा दी है। इनके ओपीडी रूम में ताला डलवा कर मैंने अपने चेंबर में मरीज देखे। इनके उपस्थित रजिस्टर भी अपने कार्यालय में रखवा लिए हैं, ताकि भविष्य में वह इस प्रकार की गलती न करें और दूर दराज से आई महिला मरीजों को दिक्कत न हो।
डॉ. रेखा वर्मा, सीएमएस जिला महिला अस्पताल
विज्ञापन
बृहस्पतिवार को जिला महिला अस्पताल में महिला डॉक्टरों के लेट आने पर सीएमएस ने उनके ओपीडी कक्षों में ताला डलवा दिया। इसके साथ उनके हाजिरी रजिस्टर अपने रूम में मंगवा लिए। सीएमएस ने महिला डॉक्टर को दिखाने आई महिला मरीजों को अपने चेंबर के सामने बैठाया और खुद मरीजों को देखा। बाद में आई डॉक्टरों से कड़ी नाराजगी जताई।
बृहस्पतिवार को जिला महिला अस्पताल खुलने के दो घंटे बाद भी स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉक्टर किरन, और डॉक्टर ऋतु अपने चेंबर में समय पर नहीं पहुंचीं। सीएमएस डॉक्टर रेखा वर्मा निरीक्षण को गईं तो वहां डॉक्टर को न देख और गर्भवती महिलाओं की भीड़ देख उनका पारा हाई हो गया। उन्होंने तत्काल कर्मचारी को बुलाकर दोनाें ओपीडी कक्षों में ताला लगवा दिया। इसके बाद सभी मरीजों को दूसरी मंजिल स्थित अपने कार्यालय के सामने बुला लिया।
विज्ञापन
सीएमएस रेखा वर्मा ने खुद मरीजों को देखना शुरू किया और नर्स को ब्लड प्रेशर आदि की जांच करने के लिए साथ में बैठाया। इसके बाद तो मरीजों की लाइन लग गई। काफी देर बाद जब महिला डॉक्टर आईं तो सीएमएस ने उनकी जमकर क्लास ली। दोनों डॉक्टरों को अपने चेंबर में ही बैठकर मरीज देखने को कहा। दोनों डॉक्टरों की हाजिरी भी सीएमएस ने नहीं लगवाई। गर्भवती महिलाओं की जांच के दौरान सीएमएस ने बताया कि कई ब्लॉकों से आने वाली गर्भवती के कार्ड पर मदर चाइल्ड केयर ट्रेकिंग नंबर (एससीटीएस) नहीं डाला गया है। भावलखेड़ा और सिंधौली के मरीजों के साथ यह दिक्कत ज्यादा है। मरीजों की लाइन दोपहर दो बजे तक सीएमएस कार्यालय के सामने लगी रही।
विज्ञापन
दोनों डॉक्टर देर से अस्पताल आईं इसलिए इनको सजा दी है। इनके ओपीडी रूम में ताला डलवा कर मैंने अपने चेंबर में मरीज देखे। इनके उपस्थित रजिस्टर भी अपने कार्यालय में रखवा लिए हैं, ताकि भविष्य में वह इस प्रकार की गलती न करें और दूर दराज से आई महिला मरीजों को दिक्कत न हो।
डॉ. रेखा वर्मा, सीएमएस जिला महिला अस्पताल