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अल्पसंख्यक आयोग के सदस्यों की गाड़ी के आगे लेटे शिक्षक
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शाहजहांपुर। मदरसा आधुनिकीकरण शिक्षकों ने बकाया मानदेय की मांग को लेकर भीख मांगी और राज्य अल्पसंख्यक अयोग के सदस्यों की गाड़ी के आगे लेटकर विरोध प्रदर्शन किया।
मदरसा आधुनिकीकरण शिक्षकों ने तीन वर्ष के बकाया मानदेय की मांग करते हुए बुधवार को सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने पहले राज्य अल्पसंख्यक आयोग के सदस्यों परविंदर सिंह, रोमाना सिद्दीकी और इकबाल हैदर की गाड़ी के सामने लेटकर नाराजगी जताई और बाद में मुख्यमंत्री को संबोधित मांग पत्र देकर उनसे तीन वर्ष का बकाया मानदेय दिलाने की गुहार लगाई। मदरसों में नियुक्त आधुनिक शिक्षक सुबह लोक निर्माण विभाग के गेस्ट हाउस पहुंचे और वहां से हाथों में कटोरा लेकर नारेबाजी करते मानदेय की मांग करने लगे। सीएम को भेजे ज्ञापन में उन्होंने कहा कि मानदेय नहीं मिलने से उनके सामने आर्थिक संकट पैदा हो गया है। कई शिक्षक आर्थिक तंगी के कारण आत्महत्या कर चुके हैं। शिक्षकों ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा दिया जाने वाला राज्यांश भी माह अगस्त से नहीं मिला है। प्रदर्शन करने वालों में रणधीर सिंह रानू, जहूर अहमद, परवेज अहमद, शगुफ्ता, यूनुस, शाजिया आदि शामिल रहे।
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मदरसा आधुनिकीकरण शिक्षकों ने तीन वर्ष के बकाया मानदेय की मांग करते हुए बुधवार को सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने पहले राज्य अल्पसंख्यक आयोग के सदस्यों परविंदर सिंह, रोमाना सिद्दीकी और इकबाल हैदर की गाड़ी के सामने लेटकर नाराजगी जताई और बाद में मुख्यमंत्री को संबोधित मांग पत्र देकर उनसे तीन वर्ष का बकाया मानदेय दिलाने की गुहार लगाई। मदरसों में नियुक्त आधुनिक शिक्षक सुबह लोक निर्माण विभाग के गेस्ट हाउस पहुंचे और वहां से हाथों में कटोरा लेकर नारेबाजी करते मानदेय की मांग करने लगे। सीएम को भेजे ज्ञापन में उन्होंने कहा कि मानदेय नहीं मिलने से उनके सामने आर्थिक संकट पैदा हो गया है। कई शिक्षक आर्थिक तंगी के कारण आत्महत्या कर चुके हैं। शिक्षकों ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा दिया जाने वाला राज्यांश भी माह अगस्त से नहीं मिला है। प्रदर्शन करने वालों में रणधीर सिंह रानू, जहूर अहमद, परवेज अहमद, शगुफ्ता, यूनुस, शाजिया आदि शामिल रहे।
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