खौफनाक मंजर देख कांप गए लोग: घर में बेटी की शादी की चल रही थी तैयारी, बेटे की मौत से बिखर गई खुशियां
लेडुआ गांव निवासी चंद्रशेखर के पांच बेटे और दो बेटियां है। बेटा मंगेश, पवन कुमार, राहुल, विनय और विजय थे। इसमें 16 वर्षीय विजय सबसे छोटा था। बहन की शादी के लिए सामान खरीदने विजय गांव के विक्रम और अर्जुन के साथ बाइक से पचपोखरी बाजार गया था। लौटते दौरान दुधारा क्षेत्र के कविता गांव के पास हुए हादसे में विजय और विक्रम की मौके पर मौत हो गई।
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संतकबीरनगर जिले में कोतवाली क्षेत्र के लेडुआ गांव निवासी चंद्रशेखर की बेटी की 11 जून को शादी है। घर पर बेटी की शादी की तैयारी चल रही थीं। इसी बीच मंगलवार को दुधारा क्षेत्र के कविता गांव के पास हुए हादसे में उनके बेटे समेत दो लोगों की मौत हो गई, जबकि तीसरा किशोर घायल होकर मेडिकल कॉलेज में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहा है। पोस्टमार्टम के बाद एक साथ दो शव गांव पहुंचा तो मातम मच गया। बेटी की शादी की खुशियां बेटे की मौत की वजह से बिखर गई।
लेडुआ गांव निवासी चंद्रशेखर के पांच बेटे और दो बेटियां है। बेटा मंगेश, पवन कुमार, राहुल, विनय और विजय थे। इसमें 16 वर्षीय विजय सबसे छोटा था। बहन की शादी के लिए सामान खरीदने विजय गांव के विक्रम और अर्जुन के साथ बाइक से पचपोखरी बाजार गया था। लौटते दौरान दुधारा क्षेत्र के कविता गांव के पास हुए हादसे में विजय और विक्रम की मौके पर मौत हो गई, जबकि अर्जुन घायल होकर मेडिकल कॉलेज में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहा है।
पोस्टमार्टम हाउस आए पीड़ित परिजनों ने बताया कि मृतक विजय की बहन नीलम की 11 जून को शादी होनी है। बहन की शादी में विजय बढ़ चढ़कर सहयोग कर रहा था। उसने बहन की शादी को लेकर तमाम तरह के ख्वाब पाले थे, लेकिन किसी को क्या पता था,कि बहन की शादी से पहले उसकी मौत हो जाएगी, अन्यथा परिजन उसे सामान लेने पचपोखरी नहीं भेजे होते। घर पर मातम का माहौल था। संवाद
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सूरत जाने की कर रहा था तैयारी और चली गई जान
लेडुआ गांव निवासी विक्रम पुत्र रामयप चार भाइयों में सबसे छोटा था। आठ दिन पहले ही विक्रम सूरत से गांव आया था। आठ जून को उसे सूरत जाना था। गांव के विजय और अर्जुन के साथ बाइक से पचपोखरी गया था। हादसे में विक्रम की भी जान चली गई। उसके पिता घर पर रहते हैं। बेटे की मौत से परिवार पर विपत्ति का पहाड़ टूट पड़ा। हर कोई यहीं कह रहा था कि एक साथ दो युवकों की मौत से समूचा गांव गम डूब गया।
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सांसद-विधायक अस्पताल पहुंचे तो मिलकर पीड़ित परिजनों ने सुनाया दर्द
हादसे में घायल अर्जुन को एबुलेंस चालक के जरिये नेदुला के पास बालू की दुकान के सामने फेंक कर चले जाने की सूचना पर सांसद प्रवीण निषाद, सदर विधायक अंकुर राज तिवारी, मेंहदावल विधायक अनिल त्रिपाठी, सांसद प्रतिनिधि आनंद तिवारी जिला अस्पताल पहुंचे। जहां पीड़ित परिजनों ने अपनी पीड़ा सुनाई। एबुलेंस चालक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। सांसद, विधायक ने इस मामले की जांच करा कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का भरोसा दिया। इसके साथ ही पीड़ित परिवारों की हर संभव मदद किए जाने का आश्वासन दिया।