फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   Son talked on the phone in the morning, died in evening

संत कबीर नगर: सुबह फोन पर बेटे ने की थी बात, शाम को चली गई जान

Tue, 21 Feb 2023 05:32 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर।
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर। Updated Tue, 21 Feb 2023 05:32 PM IST
सार

कोतवाली क्षेत्र के जगदीश उर्फ लहुरादेवा गांव निवासी संजय तिवारी पुत्र हरिशंकर तिवारी खेती बारी करते हैं। उनके पास दो बेटे थे। 14 वर्षीय बड़े बेटे कृष्णा का पिछले साल कक्षा सातवीं में बस्ती जिले के भानपुर स्थित आश्रम पद्घति विद्यालय में प्रवेश हुआ था। छोटा बेटा 11 वर्षीय ऋषभ गांव में ही जूनियर हाईस्कूल में पढ़ते हैं।

विज्ञापन
Son talked on the phone in the morning, died in evening
कोतवाली क्षेत्र के लहुरादेवा जगदीशपुर गांव निवासी मृतक छात्र कृष्णा तिवारी के गमगीन बैठे परिजन।

विस्तार

राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय के छात्र कृष्णा की रहस्यमय मौत पर कई सवाल उठ रहे हैं। महाशिव रात्रि पर सुबह कृष्णा ने फोन पर परिजनों से बातचीत की और देर शाम उसकी मौत की खबर आ गई। यह बताते हुए पीड़ित मां, दादा, दादी , बुआ फफक पड़ीं। दरवाजे पर जुटी भीड़ की आंखें नम थीं। सभी पोस्टमार्टम रिपोर्ट और बताई गई घटना की कहानी को झुठला रहे थे और कृष्णा की हत्या करने का आरोप लगा रहे थे।
विज्ञापन


कोतवाली क्षेत्र के जगदीश उर्फ लहुरादेवा गांव निवासी संजय तिवारी पुत्र हरिशंकर तिवारी खेती बारी करते हैं। उनके पास दो बेटे थे। 14 वर्षीय बड़े बेटे कृष्णा का पिछले साल कक्षा सातवीं में बस्ती जिले के भानपुर स्थित आश्रम पद्घति विद्यालय में प्रवेश हुआ था। छोटा बेटा 11 वर्षीय ऋषभ गांव में ही जूनियर हाईस्कूल में पढ़ते हैं।
विज्ञापन


पीड़ित मामा राजन कुमार मिश्रा ने बताया कि एक सप्ताह पूर्व भांजा कृष्णा घर से भानपुर स्थित राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय में पढ़ने गया था। 17 फरवरी को विद्यालय में डांस प्रतियोगिता थी, उसमें कृष्णा ने प्रतिभाग किया था। शनिवार को महाशिव रात्रि पर सुबह फोन कर अपने पिता संजय, मां रिंकी, दादा हरिशंकर, दादी वृंदा देवी और भाई ऋषभ से बातचीत की थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


पीड़ित मामा ने बताया कि उसी दिन रात साढ़े आठ बजे फोन आया कि कृष्णा ने खुदकुशी कर ली है, जबकि घटना छह बजे शाम की थी। स्कूल के सीसीटीवी में छह बजकर पांच मिनट पर कृष्णा का कमरे में प्रवेश करने की तस्वीर दिख रही है। कमरे के सामने लगे सीसीटीवी के लेंस में वायर लगा था जिससे कुछ पता न चले। पंखों के पर से कृष्णा को लटकना बताया गया और जमीन से उसका पैर सटा हुआ था।

ऐसे में साफ है कि कृष्णा ने खुदकुशी नहीं की है। मामले को दबाने के लिए खेल खेला गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में लटकने से मौत होना बताया गया है, जबकि यह वास्तविकता से परे है। बेटा कृष्णा पूरी तरह स्वस्थ था। सुनियोजित तरीके से उसकी हत्या की गई है।

पीड़ित बुआ अनुपमा मिश्रा ने बताया कि भतीजे कृष्णा से परिवार को बड़ी उम्मीदें थीं। उन्होंने आरोप लगाया कि राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय भानपुर में दो नंबर का धंधा किया जा रहा था। बच्चों का अनाज और गैस सिलिंडर बेचा जा रहा था जिसे भतीजे ने देख लिया था। उसी बात को लेकर उसकी वहां स्टोर इंचार्ज से कहासुनी हुई थी। साजिश के तहत भतीजे की जान ली गई है।

बेटे को अफसर बनाने का ख्वाब रह गया अधूरा
पीड़ित मां रिंकी रोते-रोते बदहवाश हो जा रही थी। बस एक ही रट लगा रही थीं कि होनहार बेटे को पढ़ा लिखाकर अफसर बनाने का ख्वाब था, लेकिन बेटे को साजिश के तहत मार डाला गया। उसके सपनों को कुचल दिया गया। घटना की साजिश का पर्दाफाश होना चाहिए। 70 वर्षीय दादा हरिशंकर तिवारी और दादी वृंदा देवी पौत्र की मौत से गमगीन थे।


पिता बोले-उसे न्याय मिलने का है भरोसा
पीड़ित पिता संजय ने बताया कि उनका सबकुछ लुट गया। बड़े अरमान से अच्छी पढ़ाई और जिंदगी संवरने के उद्देश्य से बेटे को भानपुर राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय में दाखिला दिलाए थे, लेकिन उन्हें यह नहीं पता था कि बेटे को मौत की नींद सुला दिया जाएगा। उसका बेटा आत्महत्या कर हीं नहीं सकता है। मौके वारदात की स्थिति और घटना क्रम की बताई कहानी में तालमेल नहीं है। आईजी बस्ती से मिलकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए प्रार्थना पत्र दिया है। उसे पूरा भरोसा है कि न्याय मिलेगा और बेटे की मौत के जिम्मेदारों पर कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed