{"_id":"61cb4622863730037e5fa951","slug":"protesed-to-penshnars-khalilabad-news-gkp4215931178","type":"story","status":"publish","title_hn":"मांगों के लिए पेंशनरों ने दिया धरना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मांगों के लिए पेंशनरों ने दिया धरना
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मांगों के लिए पेंशनरों ने दिया धरना
- सीएम को संबोधित 23 सूत्री ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर एसोसिएशन के बैनर तले पेंशनरों ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट पर धरना दिया। इस दौरान सीएम को संबोधित 23 सूत्री मांगों का ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा।
एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष सुभाष चंद यादव ने कहा कि पेंशनरों का 2020 से बकाया एरियर का भुगतान किया जाए और अंशदायी पेंशन व्यवस्था स्वनिवेशित धन वापसी योजना है। इसे समाप्त कर पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू किया जाए। राज्य सरकार के अनेक वेतनमानों में विसंगतियां होने के कारण 2008 के बार संशोधन किए गए हैं। उन संशोधनों को सेवानिवृत्त पर पेंशन निर्धारण के लिए लागू किया जाए। साथ ही प्रत्येक वर्ष 30 जून को सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को एक वेतन वृद्धि देकर पेंशन निर्धारित किया जाए। पेंशनरों के सभी बीमारियों के इलाज के लिए कैशलेस की सुविधा दी जाए और प्रतिदिन इलाज पर होने वाले व्यय के लिए निश्चित चिकित्सा भत्ता प्रति माह दिए जाने की व्यवस्था हो। साथ ही अन्य कई मांगे हैं, जिसे पूरा किया जाए। इस दौरान मंत्री ईनामुल्लाह कुरैशी, रमेश चंद्र प्रजापति, दीनानाथ उपाध्याय, परशुराम यादव, गोपीनाथ सिंह, दशरथ यादव, विष्णु प्रकाश श्रीवास्तव, भागीरथी, रामसुभग, अजमत अली, जगदीश प्रसाद गुप्त, राममिलन, काशी प्रसाद गौड़, दिग्विजयनाथ, श्रीराम, दीनानाथ और संतराज आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
- सीएम को संबोधित 23 सूत्री ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर एसोसिएशन के बैनर तले पेंशनरों ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट पर धरना दिया। इस दौरान सीएम को संबोधित 23 सूत्री मांगों का ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा।
एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष सुभाष चंद यादव ने कहा कि पेंशनरों का 2020 से बकाया एरियर का भुगतान किया जाए और अंशदायी पेंशन व्यवस्था स्वनिवेशित धन वापसी योजना है। इसे समाप्त कर पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू किया जाए। राज्य सरकार के अनेक वेतनमानों में विसंगतियां होने के कारण 2008 के बार संशोधन किए गए हैं। उन संशोधनों को सेवानिवृत्त पर पेंशन निर्धारण के लिए लागू किया जाए। साथ ही प्रत्येक वर्ष 30 जून को सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को एक वेतन वृद्धि देकर पेंशन निर्धारित किया जाए। पेंशनरों के सभी बीमारियों के इलाज के लिए कैशलेस की सुविधा दी जाए और प्रतिदिन इलाज पर होने वाले व्यय के लिए निश्चित चिकित्सा भत्ता प्रति माह दिए जाने की व्यवस्था हो। साथ ही अन्य कई मांगे हैं, जिसे पूरा किया जाए। इस दौरान मंत्री ईनामुल्लाह कुरैशी, रमेश चंद्र प्रजापति, दीनानाथ उपाध्याय, परशुराम यादव, गोपीनाथ सिंह, दशरथ यादव, विष्णु प्रकाश श्रीवास्तव, भागीरथी, रामसुभग, अजमत अली, जगदीश प्रसाद गुप्त, राममिलन, काशी प्रसाद गौड़, दिग्विजयनाथ, श्रीराम, दीनानाथ और संतराज आदि मौजूद थे।
विज्ञापन