{"_id":"68ab4cb0c42e0093090a8dfe","slug":"photo-flex-of-the-child-coming-to-school-in-uniform-everyday-will-be-put-up-khalilabad-news-c-209-1-sgkp1040-137417-2025-08-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: रोज ड्रेस में स्कूल आने वाले बच्चे का लगेगा फोटो फ्लेक्स","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: रोज ड्रेस में स्कूल आने वाले बच्चे का लगेगा फोटो फ्लेक्स
Sun, 24 Aug 2025 11:02 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Sun, 24 Aug 2025 11:02 PM IST
विज्ञापन
संतकबीरनगर। विद्यालयों में पूर्ण ड्रेस पहनकर सबसे अधिक दिनों तक उपस्थित रहने वाले छात्र-छात्रा का कक्षा के बाहर पूर्ण यूनिफार्म में फोटोग्राफ लगाया जाएगा, यह फोटो पूरी ड्रेस में फोटो फ्लैक्स पर प्रिंट कराकर कक्षा के बाहर लगवाने की व्यवस्था की जाएगी, इससे अन्य बच्चों का हौसला बढ़ेगा। इसको लेकर कवायद शुरू कर दी गई।
जिले में 1247 परिषदीय व कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं। इनमें करीब 1.03 लाख बच्चे अध्ययनरत हैं। स्कूल के बच्चों को सुदृढ़ शिक्षा और बेहतर माहौल उपलब्ध कराने के लिए कई प्रयास किए जा रहे हैं। इसमें छात्र-छात्राओं की उपस्थिति बढ़ाने और शारीरिक पोषण के लिए मिड-डे मील योजना के तहत मध्याह्न भोजन कराया जाता है। पढ़ाई में कोई परेशानी न आए इसके लिए निशुल्क किताबें वितरित की जाती हैं।
वहीं, छात्र-छात्राओं को ड्रेस, बैग, जूता-मोजा, स्वेटर के लिए डीबीटी के जरिए 1200 रुपये प्रति छात्र के रूप में उनके अभिभावकों के खाते में शासन के द्वारा पहुंचाए जाते हैं। इस धनराशि को भेजे जाने का उद्देश्य छात्र-छात्राओं को प्रतिदिन ड्रेस में विद्यालय आने व निर्बाध पढ़ाई करने को लेकर है। बावजूद इसके कई छात्र-छात्राएं ऐसे रहते हैं जोकि बिना ड्रेस के ही विद्यालय जाते हैं। इसको लेकर अब शासन ने एक नई पहल शुरू की है।
विज्ञापन
इसके तहत ऐसे छात्र-छात्राएं जोकि विद्यालयों में पूर्ण ड्रेस पहनकर सबसे अधिक दिनों तक उपस्थित रहते हैं, उनकी यूनिफार्म में फोटोग्राफ कक्षा के बाहर लगाया जाएगा। पूरी ड्रेस में फोटो फ्लेक्स पर प्रिंट करा कर कक्षा के बाहर लगवाने की व्यवस्था की जाएगी।
शासन के निर्देश पर बीएसए अमित कुमार सिंह ने सभी प्रधानाचार्य व इंचार्ज प्रधानाचार्य को निर्देशित कर दिया। इस पहल से बच्चों में रोजाना ड्रेस में विद्यालय आने की ललक बढ़ेगी।
विज्ञापन
जिले में 1247 परिषदीय व कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं। इनमें करीब 1.03 लाख बच्चे अध्ययनरत हैं। स्कूल के बच्चों को सुदृढ़ शिक्षा और बेहतर माहौल उपलब्ध कराने के लिए कई प्रयास किए जा रहे हैं। इसमें छात्र-छात्राओं की उपस्थिति बढ़ाने और शारीरिक पोषण के लिए मिड-डे मील योजना के तहत मध्याह्न भोजन कराया जाता है। पढ़ाई में कोई परेशानी न आए इसके लिए निशुल्क किताबें वितरित की जाती हैं।
विज्ञापन
वहीं, छात्र-छात्राओं को ड्रेस, बैग, जूता-मोजा, स्वेटर के लिए डीबीटी के जरिए 1200 रुपये प्रति छात्र के रूप में उनके अभिभावकों के खाते में शासन के द्वारा पहुंचाए जाते हैं। इस धनराशि को भेजे जाने का उद्देश्य छात्र-छात्राओं को प्रतिदिन ड्रेस में विद्यालय आने व निर्बाध पढ़ाई करने को लेकर है। बावजूद इसके कई छात्र-छात्राएं ऐसे रहते हैं जोकि बिना ड्रेस के ही विद्यालय जाते हैं। इसको लेकर अब शासन ने एक नई पहल शुरू की है।
विज्ञापन
इसके तहत ऐसे छात्र-छात्राएं जोकि विद्यालयों में पूर्ण ड्रेस पहनकर सबसे अधिक दिनों तक उपस्थित रहते हैं, उनकी यूनिफार्म में फोटोग्राफ कक्षा के बाहर लगाया जाएगा। पूरी ड्रेस में फोटो फ्लेक्स पर प्रिंट करा कर कक्षा के बाहर लगवाने की व्यवस्था की जाएगी।
शासन के निर्देश पर बीएसए अमित कुमार सिंह ने सभी प्रधानाचार्य व इंचार्ज प्रधानाचार्य को निर्देशित कर दिया। इस पहल से बच्चों में रोजाना ड्रेस में विद्यालय आने की ललक बढ़ेगी।