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Sant Kabir Nagar News: ट्रैक या ट्रायल नहीं, दलाल चाहिए, बन जाएगा ट्रक का भी लाइसेंस

Fri, 14 Jul 2023 12:55 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर Updated Fri, 14 Jul 2023 12:55 AM IST
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No track or trial, broker is needed, truck license will also be made
एआरटीओ कार्यालय।
- परिवहन विभाग की ओर से बिना ट्रैक पर टेस्ट लिए ही जारी किए जा रहे हैं ड्राइविंग लाइसेंस
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संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। अगर आपको जिले में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाना है तो ट्रैक या ट्रायल की जरूरत नहीं है। जरूरत है दलाल की। दलाल मिल जाए तो भले ही आपको साइकिल भी चलाने न आता हो, ट्रक सहित भारी वाहनों का लाइसेंस भी आसानी से बन जाएगा। दरअसल, परिवहन विभाग में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों की परीक्षा के लिए बना ट्रैक प्वाइंट ही मानक के अनुसार नहीं है। ऐसे में जो भी ड्राइविंग लाइसेंस जारी किए जा रहे हैं। वे कोरम पूर्ति कर जारी कर दिए जा रहे हैं। अगर आपकी सेटिंग ठीक है तो आपको ड्राइविंग लाइसेंस मिल जाएगा।


उप संभागीय परिवहन अधिकारी के कार्यालय के पास ट्रैक प्वाइंट बना है। वह भी काफी छोटा है। जहां पर बड़े वाहन नहीं जा सकते। इस कारण कार या अन्य वाहनों की ड्राइविंग सड़क पर कराकर ही पास घोषित कर दिया जाता है। जबकि कुछ लोगों को ट्रायल की भी जरूरत नहीं होती है। परिवहन विभाग में दलालों की पुरानी सेटिंग है। यदि दलाल चाह ले तो ट्रायल की जरूरत खत्म हो जाती है। ड्राइविंग लाइसेंस की परीक्षा में भी दलालों की खूब चलती है।
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परिवहन विभाग के कार्यालय से हर दिन 20 से 30 ड्राइविंग लाइसेंस जारी होते हैं। इनमें ट्रायल से परीक्षा तक सेटिंग का खेल जारी है। ड्राइविंग लाइसेंस के लिए बार-बार परेशान होने से बचने के लिए लोग पहले ही सेटिंग कर लेते हैं। जिससे उन्हें आसानी से लाइसेंस मिल जाए।
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परिवहन विभाग के कार्यालय तक जाने वाली सड़क संकरी है। इस सड़क पर भारी वाहनों को ले जाने में कठिनाई होती है। इस कारण ट्रक चालक हाईवे पर ही ट्रक खड़ा करके कार्यालय जाते हैं।

दलाल पकड़ा और बन गया लाइसेंस
लाइसेंस बनवाने आये महुली निवासी एक युवक ने बताया कि लर्निंग लाइसेंस के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। उसके बाद से तीन दिन से दौड़ाया जा रहा था। एक व्यक्ति मिला और उसने 800 रुपये में लाइसेंस बनवा दिया। कोई परीक्षा पास नहीं करनी पड़ी।

इसी तरह से दुर्गजाेत निवासी एक व्यक्ति ने बताया कि बेटी की स्कूटी के लिए लाइसेंस बनवाना था। एक व्यक्ति के माध्यम से 1000 रुपये में लर्निंग लाइसेंस बन गया। कोई परीक्षा नहीं हुई। यही नहीं सेमरियावां निवासी एक व्यक्ति ने बताया कि भारी वाहन लाइसेंस के लिए आवेदन किया था। कोई ट्रायल नहीं हुआ और लाइसेंस बन गया।


एआरटीओ कार्यालय में अगर लाइसेंस बनवाना है तो उसके लिए कार्यालय आना होगा। लर्निंग लाइसेंस का शुल्क 350 रुपये है। लोग परीक्षा दें और अपना लाइसेंस बनवाएं। इसमें परेशान होने की जरूरत नहीं है।

- नरेंद्र पाठक, अधिवक्ता


एआरटीओ कार्यालय में डीएल बनवाने के लिए परीक्षा व रिन्युवल आदि के लिए रेट तय हैं। ट्रैक प्वाइंट है, वह भी सही नहीं है। तो भारी वाहनों का ट्रायल कैसे होगा। जिसकी वजह से परेशानी होती है।
- मिथिलेश कुमार गुप्त, अधिवक्ता


वाहन ट्रायल के लिए जो जगह है। उसी जगह पर ड्राइविंग टेस्ट कराया जाता है। इसमें जो भी कमी है उसे दूर कराया जाएगा। लाइसेंस नियमानुसार ही बनाया जाता है।
- पंकज सिंह, प्रभारी एआरटीओ
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