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Sant Kabir Nagar News: खुफिया तंत्र फेलः छतों पर जमा हुए पत्थर और हथियार...पुलिस को भी भनक नहीं
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-झड़प शुरू होते ही शुरू हुई पत्थरबाजी पांच मिनट से ज्यादा चली
- मासूम से दुष्कर्म के विरोध में दुकानें बंद कराने पर हुआ था विवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
बढ़नी (सिद्धार्थनगर)। ढेबरुआ थाना क्षेत्र के बढ़नी कस्बे में रविवार सुबह हुए बवाल में पुलिस तंत्र नाकाम साबित हुआ। घटना से पहले कई घरों की छतों पर बड़ी मात्रा में पत्थर और घरों में हथियार रखे गए थे, लेकिन इसकी भनक भी पुलिस और खुफिया तंत्र को नहीं लगी। सारे विवाद के बाद पुलिस ने जब ड्रोन कैमरों से इलाके की निगरानी कराई तो उसमें कई छतों पर पत्थर के टुकड़े मिले। लोगों के मुताबिक जो पत्थर मौके से मिले हैं, वे रेलवे ट्रैक के हैं और रेलवे ट्रैक घटना स्थल से लगभग 150 मीटर दूर है। ऐसे में विवाद के बीच पत्थर लाना और छत पर चढ़कर फेंकना संभव नहीं लगता। अब इस मामले की जांच के बाद ही इस सवाल का जवाब मिलेगा।
बढ़नी कस्बे में दो दिन पहले नाै साल लड़की के साथ दुष्कर्म की घटना के विरोध में रविवार सुबह 7 बजे बढ़नी कस्बे के सैकड़ों लोग बाजार बंद कराने के लिए भारी संख्या में सड़कों पर उतर कर विरोध करने निकल पड़े। इस दौरान भारी संख्या में निकले लोगों को देखकर कस्बे के माल गोदाम रोड, राम जानकी मंदिर रोड, बस स्टॉप एवं चट्टी बाजार के दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर उनको समर्थन दिया। जैसे भीड़ कस्बे के माल गोदाम रोड से होते हुए गोला बाजार में पहुंची तो वहां एक हेलमेट और जूते-चप्पल की दुकान खुली देख भीड़ आक्रोशित हो गई। दुकान बंद करने को लेकर लोग उस दुकान के सामने नारेबाजी करने लगे। दुकानदार के मना करने पर बंद के समर्थन में सड़कों पर उतरे लोगों से दुकानदार की तू-तू मैं-मैं हो गई। इसी बीच दुकानदार के समर्थन में भी कई लोग आ गए, जिसके बाद बात बिगड़ गई और मामला तनावपूर्ण हो गया।
इस दौरान कस्बे के सरस्वती शिशु मंदिर की गली में दुकान बंद करा रहे लोगों पर कुछ युवक ईंट-पत्थर फेंकने लगे और तलवार लेकर घर से निकल पड़े। मामला बेकाबू होते देख तहसील प्रशासन से तहसीलदार एवं एसडीएम चंद्रभान सिंह भी मौके पर पहुंचे। इसी दौरान बाजार बंद समर्थकों ने एक घर की छत से पत्थरबाजी का आरोप लगते हुए उस घर में पत्थरबाजी करने वालों के छिपे होने की बात करते हुए उन्हें प्रशासन से घर से बाहर निकालने की बात करने लगे और सड़कों पर नारेबाजी करने लगे। मौके पर पहुंची पुलिस ने मामला बेकाबू होते देख लाठी चार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया। फिलहाल घटना को लेकर बढ़नी कस्बे एवम आस पास तनाव की स्थिति बनी हुई है। कस्बे के संवेदनशील क्षेत्रों में भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।
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बंद के समर्थन में कस्बे के लोगों ने बंद रखी दुकानें, लोगों ने थानाध्यक्ष ढेबरूआ सौंपा मांग पत्र
बढ़नी कस्बे के भट्टा मोहल्ला में हुई घटना के विरोध में रविवार को कस्बे के सैकड़ों लोग भारी संख्या में सड़कों पर उतर आए। बढ़नी की बेटी को न्याय दो, बलात्कारी को फांसी दो के नारे के साथ लोग बाजार में दुकानों को बंद कर बंद करने का व्यापारियों से घूम-घूम कर अह्वान करने लगे। कस्बे के व्यापारी भी उनके समर्थन में दुकानों को बंद कर दिए। इस दौरान कस्बे के अधिकांश व्यापारियों ने अपनी दुकान बंद कर दी। इसके बाद लोग भारी संख्या में माल गोदाम तिराहे पर इकट्ठा होकर नारेबाजी करने लगे और थानाध्यक्ष ढेबरूआ संतोष कुमार सिंह को अपना मांग पत्र सौपा। मांगपत्र में लोगों ने मामला फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाए जाने एवं गिरफ्तार अभियुक्त को फांसी दिए जाने की मांग से साथ उसके घर की पैमाइश कराकर ध्वस्तीकरण करने की मांग की। इस दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष सुनील अग्रहरि, व्यापारी नेता प्रदीप कमलापुरी, भाजपा जिला उपाध्यक्ष विनीत कमलापुरी, गणेश अग्रहरि, सचिन गोयल, अजय जयसवाल, विजय पांडेय, ध्रुव चतुर्वेदी, मनोज गोयल सहित भारी संख्या में लोग मौजूद रहे।
नेपाल से भी आए थे लोग
झड़प के बाद लोगों में चर्चा की थी कि बंदी के दौरान कस्बे के नहीं, नेपाल से लोग आए थे, क्योंकि, झड़प के दौरान अज्ञात चेहरे अधिक दिखे, जो बंद कराने में सबसे अधिक तकरार कर रहे थे। जब पुलिस ने लाठी भांजनी शुरू की तो वे भाग खड़े हुए। इसके बाद पता ही नहीं चला। हालांकि, पुलिस आसपास लगे सीसी कैमरा के जरिए जांच कर रही है।
फोर्स तैनात
घटना के जानकारी मिलते ही कठेला समय माता, शोहरतगढ़, चिल्हिया, एक प्लाटून पीएसी, क्यूआरटी, मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाल ली है। इसके साथ ही एएसपी सिद्धार्थ, एसडीएम शोहरतगढ़, सीओ शोहरतगढ़ अरुणकांत सिंह आदि मौके पर पहुंच गए। आक्रोशित भीड़ को नियंत्रित करने के साथ ही पूरे मामले की गहनता से जांच करते रहे।
दुकानें बंद, 10 करोड़ से अधिक का कारोबार प्रभावित
बढ़नी नेपाल सीमा से लगा हुआ है और बड़ा बाजार है। यहां लगभग एक हजार से अधिक दुकानें हैं। अंतराष्ट्रीय सीमा होने के कारण हमेशा बड़ी संख्या में लोग आते-जाते हैं इसलिए प्रतिदिन दुकानदारों को ज्यादा कारोबार होता है। स्थानीय कारोबारियों के मुताबिक पूरे दिन की बंदी में 10 करोड़ रुपये से अधिक के कारोबार पर असर पड़ रहा है। साथ ही बाजार बंदी होने और अशांति के कारण लोगों को परेशान होना पड़ा।
विरोध के दौरान लगाए पुलिस प्रशासन जिंदाबाद के नारे
बालिका से दुष्कर्म के मामले में आक्रोशित व्यापारियों ने बंदी शुरू की तो उन्होंने दुष्कर्मी को फांसी देने के नारे लगाए। इस दौरान उन्होंने इस मामले में मामले में केस दर्ज करने, आरोपी को गिरफ़्तार करके जेल भेजने के मामले में पुलिस प्रशासन जिंदाबाद के नारे में भी लगाए। इस दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष सुनील अग्रहरि भी व्यापारियों के साथ मौजूद थे।
बढ़नी कस्बे में स्थिति सामान्य हो गई है। इस मामले में पुलिस अपने स्तर से कार्रवाई कर रही है।
डॉ. राजा गणपति आर, जिलाधिकारी
बढ़नी कस्बे में जिन लोगों ने उपद्रव किया है, उन्हें चिह्नित करके कार्रवाई की जा रही है। जिन लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया है, उनसे पूछताछ की जा रही है। बढ़नी कस्बे में स्थिति सामान्य हो गई है।
प्राची सिंह, पुलिस अधीक्षक
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- मासूम से दुष्कर्म के विरोध में दुकानें बंद कराने पर हुआ था विवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
बढ़नी (सिद्धार्थनगर)। ढेबरुआ थाना क्षेत्र के बढ़नी कस्बे में रविवार सुबह हुए बवाल में पुलिस तंत्र नाकाम साबित हुआ। घटना से पहले कई घरों की छतों पर बड़ी मात्रा में पत्थर और घरों में हथियार रखे गए थे, लेकिन इसकी भनक भी पुलिस और खुफिया तंत्र को नहीं लगी। सारे विवाद के बाद पुलिस ने जब ड्रोन कैमरों से इलाके की निगरानी कराई तो उसमें कई छतों पर पत्थर के टुकड़े मिले। लोगों के मुताबिक जो पत्थर मौके से मिले हैं, वे रेलवे ट्रैक के हैं और रेलवे ट्रैक घटना स्थल से लगभग 150 मीटर दूर है। ऐसे में विवाद के बीच पत्थर लाना और छत पर चढ़कर फेंकना संभव नहीं लगता। अब इस मामले की जांच के बाद ही इस सवाल का जवाब मिलेगा।
बढ़नी कस्बे में दो दिन पहले नाै साल लड़की के साथ दुष्कर्म की घटना के विरोध में रविवार सुबह 7 बजे बढ़नी कस्बे के सैकड़ों लोग बाजार बंद कराने के लिए भारी संख्या में सड़कों पर उतर कर विरोध करने निकल पड़े। इस दौरान भारी संख्या में निकले लोगों को देखकर कस्बे के माल गोदाम रोड, राम जानकी मंदिर रोड, बस स्टॉप एवं चट्टी बाजार के दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर उनको समर्थन दिया। जैसे भीड़ कस्बे के माल गोदाम रोड से होते हुए गोला बाजार में पहुंची तो वहां एक हेलमेट और जूते-चप्पल की दुकान खुली देख भीड़ आक्रोशित हो गई। दुकान बंद करने को लेकर लोग उस दुकान के सामने नारेबाजी करने लगे। दुकानदार के मना करने पर बंद के समर्थन में सड़कों पर उतरे लोगों से दुकानदार की तू-तू मैं-मैं हो गई। इसी बीच दुकानदार के समर्थन में भी कई लोग आ गए, जिसके बाद बात बिगड़ गई और मामला तनावपूर्ण हो गया।
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बढ़नी कस्बे के भट्टा मोहल्ला में हुई घटना के विरोध में रविवार को कस्बे के सैकड़ों लोग भारी संख्या में सड़कों पर उतर आए। बढ़नी की बेटी को न्याय दो, बलात्कारी को फांसी दो के नारे के साथ लोग बाजार में दुकानों को बंद कर बंद करने का व्यापारियों से घूम-घूम कर अह्वान करने लगे। कस्बे के व्यापारी भी उनके समर्थन में दुकानों को बंद कर दिए। इस दौरान कस्बे के अधिकांश व्यापारियों ने अपनी दुकान बंद कर दी। इसके बाद लोग भारी संख्या में माल गोदाम तिराहे पर इकट्ठा होकर नारेबाजी करने लगे और थानाध्यक्ष ढेबरूआ संतोष कुमार सिंह को अपना मांग पत्र सौपा। मांगपत्र में लोगों ने मामला फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाए जाने एवं गिरफ्तार अभियुक्त को फांसी दिए जाने की मांग से साथ उसके घर की पैमाइश कराकर ध्वस्तीकरण करने की मांग की। इस दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष सुनील अग्रहरि, व्यापारी नेता प्रदीप कमलापुरी, भाजपा जिला उपाध्यक्ष विनीत कमलापुरी, गणेश अग्रहरि, सचिन गोयल, अजय जयसवाल, विजय पांडेय, ध्रुव चतुर्वेदी, मनोज गोयल सहित भारी संख्या में लोग मौजूद रहे।
नेपाल से भी आए थे लोग
झड़प के बाद लोगों में चर्चा की थी कि बंदी के दौरान कस्बे के नहीं, नेपाल से लोग आए थे, क्योंकि, झड़प के दौरान अज्ञात चेहरे अधिक दिखे, जो बंद कराने में सबसे अधिक तकरार कर रहे थे। जब पुलिस ने लाठी भांजनी शुरू की तो वे भाग खड़े हुए। इसके बाद पता ही नहीं चला। हालांकि, पुलिस आसपास लगे सीसी कैमरा के जरिए जांच कर रही है।
फोर्स तैनात
घटना के जानकारी मिलते ही कठेला समय माता, शोहरतगढ़, चिल्हिया, एक प्लाटून पीएसी, क्यूआरटी, मौके पर पहुंचकर मोर्चा संभाल ली है। इसके साथ ही एएसपी सिद्धार्थ, एसडीएम शोहरतगढ़, सीओ शोहरतगढ़ अरुणकांत सिंह आदि मौके पर पहुंच गए। आक्रोशित भीड़ को नियंत्रित करने के साथ ही पूरे मामले की गहनता से जांच करते रहे।
दुकानें बंद, 10 करोड़ से अधिक का कारोबार प्रभावित
बढ़नी नेपाल सीमा से लगा हुआ है और बड़ा बाजार है। यहां लगभग एक हजार से अधिक दुकानें हैं। अंतराष्ट्रीय सीमा होने के कारण हमेशा बड़ी संख्या में लोग आते-जाते हैं इसलिए प्रतिदिन दुकानदारों को ज्यादा कारोबार होता है। स्थानीय कारोबारियों के मुताबिक पूरे दिन की बंदी में 10 करोड़ रुपये से अधिक के कारोबार पर असर पड़ रहा है। साथ ही बाजार बंदी होने और अशांति के कारण लोगों को परेशान होना पड़ा।
विरोध के दौरान लगाए पुलिस प्रशासन जिंदाबाद के नारे
बालिका से दुष्कर्म के मामले में आक्रोशित व्यापारियों ने बंदी शुरू की तो उन्होंने दुष्कर्मी को फांसी देने के नारे लगाए। इस दौरान उन्होंने इस मामले में मामले में केस दर्ज करने, आरोपी को गिरफ़्तार करके जेल भेजने के मामले में पुलिस प्रशासन जिंदाबाद के नारे में भी लगाए। इस दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष सुनील अग्रहरि भी व्यापारियों के साथ मौजूद थे।
बढ़नी कस्बे में स्थिति सामान्य हो गई है। इस मामले में पुलिस अपने स्तर से कार्रवाई कर रही है।
डॉ. राजा गणपति आर, जिलाधिकारी
बढ़नी कस्बे में जिन लोगों ने उपद्रव किया है, उन्हें चिह्नित करके कार्रवाई की जा रही है। जिन लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया है, उनसे पूछताछ की जा रही है। बढ़नी कस्बे में स्थिति सामान्य हो गई है।
प्राची सिंह, पुलिस अधीक्षक