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Sant Kabir Nagar News: अस्पताल संचालक पर केस दर्ज कराने के निर्देश
Wed, 05 Mar 2025 11:11 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Wed, 05 Mar 2025 11:11 PM IST
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संतकबीरनगर। सीएमओ के औचक निरीक्षण में उमरिया बाजार स्थित न्यू आर्या हास्पिटल में मिली खामियों को लेकर स्वास्थ्य महकमा अब केस दर्ज कराने की तैयारी में है। इस संबंध में सीएमओ डॉ. रामानुज कन्नौजिया ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हैंसर बाजार के अधीक्षक को पत्र भेजकर केस दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।
सीएमओ ने अधीक्षक को भेजे पत्र में कहा है कि डीएम के निर्देश पर एसडीएम धनघटा के साथ रेखा पत्नी सुनील ग्राम चपरा पूर्वी की शिकायत पर 18 फरवरी को न्यू आर्या हास्पिटल उमरिया बाजार का औचक निरीक्षण किया गया था। जिसमें संचालक द्वारा तीन मरीजों को भर्ती करके इलाज किया जा रहा था। जिनमें दो मरीज प्रसव ऑपरेशन के थे व एक मरीज सामान्य प्रकृति का था।
मौके पर कोई भी चिकित्सक मौजूद नहीं था। संचालक से चिकित्सकों के अनुपस्थित के बारे में पूछने पर अवगत कराया गया कि चिकित्सक अभी कहीं गए हैं।
संचालक ने अपने फोन द्वारा किसी चिकित्सक से बात कराई। चिकित्सक ने बताया कि मैं अभी झांसी में हूं तथा चिकित्सालय में दो दिन से आने की बात स्वीकारी। इस प्रकार संचालक ने झूठ बोलकर बगैर किसी चिकित्सा डिग्री के इलाज का दोषी पाया गया। इस अस्पताल को सील करा दिया गया था। उन्होंने अधीक्षक को निर्देशित किया कि न्यू आर्या हास्पिटल के संचालक के विरुद्ध प्राथमिकी कर्ज कराएं।
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सीएमओ ने अधीक्षक को भेजे पत्र में कहा है कि डीएम के निर्देश पर एसडीएम धनघटा के साथ रेखा पत्नी सुनील ग्राम चपरा पूर्वी की शिकायत पर 18 फरवरी को न्यू आर्या हास्पिटल उमरिया बाजार का औचक निरीक्षण किया गया था। जिसमें संचालक द्वारा तीन मरीजों को भर्ती करके इलाज किया जा रहा था। जिनमें दो मरीज प्रसव ऑपरेशन के थे व एक मरीज सामान्य प्रकृति का था।
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मौके पर कोई भी चिकित्सक मौजूद नहीं था। संचालक से चिकित्सकों के अनुपस्थित के बारे में पूछने पर अवगत कराया गया कि चिकित्सक अभी कहीं गए हैं।
संचालक ने अपने फोन द्वारा किसी चिकित्सक से बात कराई। चिकित्सक ने बताया कि मैं अभी झांसी में हूं तथा चिकित्सालय में दो दिन से आने की बात स्वीकारी। इस प्रकार संचालक ने झूठ बोलकर बगैर किसी चिकित्सा डिग्री के इलाज का दोषी पाया गया। इस अस्पताल को सील करा दिया गया था। उन्होंने अधीक्षक को निर्देशित किया कि न्यू आर्या हास्पिटल के संचालक के विरुद्ध प्राथमिकी कर्ज कराएं।
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