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Sant Kabir Nagar News: गर्म कपड़ों को कर रहे नजरअंदाज, बच्चे हो रहे निमोनिया के शिकार

Tue, 28 Jan 2025 12:23 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर Updated Tue, 28 Jan 2025 12:23 AM IST
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Ignoring warm clothes, children are becoming victims of pneumonia
मेडिकल कालेज के एसएनसीयू वार्ड में भर्ती बच्चे।
सिद्धार्थनगर। बच्चों और बुजुर्गाें की सेहत को लेकर सतर्क रहें, क्योंकि मौसम में नरमी और गर्मी सेहत पर बुरा असर डाल रहा है। अभी गर्म कपड़ों में ही रहें और जरूरत पड़ने पर ही रात में निकलें। ठंड में लापरवाही सेहत पर भारी पड़ रही है। लापरवाही के कारण बच्चे निमोनिया के शिकार हो रहे हैं।
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वहीं बुजुर्गों को सांस लेने में तकलीफ के साथ-साथ सीने में जकड़न और फीवर की समस्या बढ़ी है। माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में ओपीडी में 30 से 40 ऐसे मरीज पहुंच रहे हैं। वहींं वार्ड में भी लगभग सभी बेड पर मरीज भर्ती हैं।
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पिछले कई दिनों से कड़ाके की ठंड तो इसी बीच में दो दिन से रह रहकर धूप निकल रही है। धूप और ठंड के बीच लोग गर्म कपड़े उतार दे रहे हैं, जो उनकी सेहत पर बुरा असर डाल रहा है। माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में ऐसे मरीजों की संख्या बढ़ी है। बच्चों और बुजुर्गाें में निमोनिया का खतरा बढ़ रहा है। रोजाना 30 से 40 बच्चों में निमोनिया के लक्षण मिल रहे हैं। यह रात-दिन के तापमान में गिरावट से हो रही है।
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मेडिकल काॅलेज की बॉल रोग विशेषज्ञ डॉ. फजल खान ने बताया कि ठंड अधिक पड़ रही है। इसकी वजह से यह असर बच्चों में देखने को मिल रहा है। बच्चों और बुजुर्गों की सेहत पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। जरा सी चूक हुई तो बच्चे बुखार और जुकाम के बाद निमोनिया की गिरफ्त में आ रहे हैं। एसएनसीयू और पीआईसीयू के आकड़ों पर गौर करें तो 35 बेड के दो वार्ड में कुल 27 बच्चे भर्ती हैं, जिनमें बुखार निमोनिया आदि से ग्रसित हैं।

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ये हैं निमोनिया के लक्षण
स्वास्थ्य विशेषज्ञ के अनुसार सांस लेने में दिक्कत होना, तेज फीवर होना, बलगम वाली खांसी होना, बच्चे का दूध कम पीना, चिड़चिड़ा हो जाना और हमेशा रोते रहना आदि प्रमुख लक्षण हैं। इसमें से अगर कोई लक्षण दिखे तो तत्काल विशेषज्ञ की राय से दवा लें। अगर लापरवाही करते हैं तो समस्या गंभीर हो सकती है।
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