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बैंकों की सुस्ती से डीएम नाराज
Thu, 27 Dec 2018 11:24 PM IST
राकेश पांडेय
संतकबीरनगर
संतकबीरनगर
Published by: राकेश पांडेय
Updated Thu, 27 Dec 2018 11:24 PM IST
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बैंकों की सुस्ती से डीएम नाराज
- फोटो : अमर उजाला
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संतकबीरनगर। कलेक्ट्रेट सभागार में बृहस्पतिवार को जिला उद्योग बंधु की बैठक डीएम भूपेंद्र एस.चौधरी की अध्यक्षता में हुई। इसमें एक जनपद एक उत्पाद योजना पर चर्चा की गई। डीएम ने इस योजना के वार्षिक लक्ष्य को एक माह में पूरा करने का निर्देश उद्योग एवं बैंक के अधिकारियों को दिए।
उन्होंने कहा कि बखिरा में पीतल बर्तन उद्योग को इस योजना में चयनित किया गया है। इसमें 46 आवेदकों का चयन करके 536.50 लाख रुपये ऋण का आवेदन बैंक को नवंबर में भेजा गया है। नौ आवेदकों को मात्र 19.75 लाख रुपये स्वीकृत किया गया है। बैंकों की इस धीमी प्रगति पर डीएम ने असंतोष व्यक्त किया तथा लीड बैंक मैनेजर को निर्देश दिए कि प्रत्येक शाखा से संपर्क कर एक माह में ऋण वितरण कराएं। प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम की समीक्षा में डीएम ने पाया कि चार आवेदकों को मात्र 23 लाख का ऋण स्वीकृत किया गया है और तीन को 21.25 लाख ऋण वितरित किया गया है। इस योजना का वार्षिक लक्ष्य आठ आवेदकों को 25 लाख का ऋण दिया जाना है। मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना में बैंक की ओर कुल 22 आवेदकों को 68 लाख रुपये का ऋण स्वीकृत किया गया है, लेकिन मात्र चार आवेदकों को 11.25 लाख का ऋण वितरित किया गया है।
उन्होंने कहा कि बखिरा में पीतल बर्तन उद्योग को इस योजना में चयनित किया गया है। इसमें 46 आवेदकों का चयन करके 536.50 लाख रुपये ऋण का आवेदन बैंक को नवंबर में भेजा गया है। नौ आवेदकों को मात्र 19.75 लाख रुपये स्वीकृत किया गया है। बैंकों की इस धीमी प्रगति पर डीएम ने असंतोष व्यक्त किया तथा लीड बैंक मैनेजर को निर्देश दिए कि प्रत्येक शाखा से संपर्क कर एक माह में ऋण वितरण कराएं। प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम की समीक्षा में डीएम ने पाया कि चार आवेदकों को मात्र 23 लाख का ऋण स्वीकृत किया गया है और तीन को 21.25 लाख ऋण वितरित किया गया है। इस योजना का वार्षिक लक्ष्य आठ आवेदकों को 25 लाख का ऋण दिया जाना है। मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना में बैंक की ओर कुल 22 आवेदकों को 68 लाख रुपये का ऋण स्वीकृत किया गया है, लेकिन मात्र चार आवेदकों को 11.25 लाख का ऋण वितरित किया गया है।
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