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घर से लापता छात्र का सहजनवां में मिला शव
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धनघटा थाना क्षेत्र के सहरी मरवट गांव निवासी मृतक युवक के घर पर लगी भीड़।संवाद
- फोटो : KHALILABAD
घर से लापता छात्र का सहजनवां में मिला शव
- तीन दिन पूर्व घर से निकला था युवक
संवाद न्यूज एजेंसी
धनघटा। क्षेत्र के सहरी मरवट गांव निवासी युवक का शव रविवार की सुबह गोरखपुर जिले के सहजनवां में रेलवे ट्रैक पर मिला। युवक तीन दिन पूर्व घर से लापता हुआ था।
सहरी मरवट निवासी बुद्धिराम का सबसे छोटा पुत्र 18 वर्षीय हरिकेश 19 मई की शाम बाइक से घर से निकला और वापस नहीं लौटा। परिजन उसकी तलाश कर रहे थे कि इसी बीच रविवार की सुबह फोन आया कि हरिकेश का शव सहजनवां में रेलवे ट्रैक पर पड़ा है। परिवार के लोग सहजनवां पहुंचे। गांव वालों का कहना है कि हरिकेश पीड़िया बाजार में स्थित इंटर कॉलेज में कक्षा 11 में पढ़ता था। मई माह में ही बुद्घिराम के घर में दो शादियां संपन्न हुई थी। उनकी बेटी कविता की शादी चार मई को तो बेटे दुर्गेश की शादी 18 मई को संपन्न हुई। 19 मई को शाम हरिकेश थोड़ी ही देर में घर लौटकर आने की बात कहके गया और वापस नहीं लौटा। थानाध्यक्ष विनय कुमार पाठक ने बताया कि सहरी मरवट गांव निवासी हरकेश का शव सहजनवां में मिलने की सूचना मिली है। हरिकेश मानसिक रूप से बीमार था जिसका गोरखपुर में इलाज चल रहा था।
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- तीन दिन पूर्व घर से निकला था युवक
संवाद न्यूज एजेंसी
धनघटा। क्षेत्र के सहरी मरवट गांव निवासी युवक का शव रविवार की सुबह गोरखपुर जिले के सहजनवां में रेलवे ट्रैक पर मिला। युवक तीन दिन पूर्व घर से लापता हुआ था।
सहरी मरवट निवासी बुद्धिराम का सबसे छोटा पुत्र 18 वर्षीय हरिकेश 19 मई की शाम बाइक से घर से निकला और वापस नहीं लौटा। परिजन उसकी तलाश कर रहे थे कि इसी बीच रविवार की सुबह फोन आया कि हरिकेश का शव सहजनवां में रेलवे ट्रैक पर पड़ा है। परिवार के लोग सहजनवां पहुंचे। गांव वालों का कहना है कि हरिकेश पीड़िया बाजार में स्थित इंटर कॉलेज में कक्षा 11 में पढ़ता था। मई माह में ही बुद्घिराम के घर में दो शादियां संपन्न हुई थी। उनकी बेटी कविता की शादी चार मई को तो बेटे दुर्गेश की शादी 18 मई को संपन्न हुई। 19 मई को शाम हरिकेश थोड़ी ही देर में घर लौटकर आने की बात कहके गया और वापस नहीं लौटा। थानाध्यक्ष विनय कुमार पाठक ने बताया कि सहरी मरवट गांव निवासी हरकेश का शव सहजनवां में मिलने की सूचना मिली है। हरिकेश मानसिक रूप से बीमार था जिसका गोरखपुर में इलाज चल रहा था।
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