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दस्तक अभियान में मिले चार टीबी रोगी
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दस्तक अभियान में मिले चार टीबी रोगी
क्षय रोग विभाग ने शुरू किया इलाज
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। दस्तक अभियान के दौरान जिले में चार टीबी रोगी मिले। इनका इलाज क्षय रोग विभाग ने शुरू कर दिया है।
सीएमओ डॉ. अनिरूद्ध सिंह ने बताया कि विशेष संचारी रोग नियंत्रण माह के दौरान 15 से 31 जुलाई तक चले दस्तक अभियान में चार टीबी रोगी मिले हैं। इसके अलावा 24 संभावित टीबी रोगियों की खोज की गई। टीबी रोगियों के इलाज के साथ उन्हें निक्षय पोषण योजना के तहत 500 रुपये पोषण भत्ते के रूप में देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. एसडी ओझा ने बताया कि संभावित टीबी रोगियों के नमूने की जांच के बाद यदि रोग की पुष्टि होती है तो टीम को 600 रुपये प्रोत्साहन दी जाती है। यदि किसी व्यक्ति को दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी आए, बुखार रहता हो तथा शाम को बढ़ जाता हो, सीने में दर्द हो, खांसी के साथ खून आए, भूख न लगे, वजन घटता हो तो यह टीबी के लक्षण हैं। जनपद में टीबी की जांच के लिए ट्रूनाट व एक सीबीनॉट मशीन है।
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क्षय रोग विभाग ने शुरू किया इलाज
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। दस्तक अभियान के दौरान जिले में चार टीबी रोगी मिले। इनका इलाज क्षय रोग विभाग ने शुरू कर दिया है।
सीएमओ डॉ. अनिरूद्ध सिंह ने बताया कि विशेष संचारी रोग नियंत्रण माह के दौरान 15 से 31 जुलाई तक चले दस्तक अभियान में चार टीबी रोगी मिले हैं। इसके अलावा 24 संभावित टीबी रोगियों की खोज की गई। टीबी रोगियों के इलाज के साथ उन्हें निक्षय पोषण योजना के तहत 500 रुपये पोषण भत्ते के रूप में देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. एसडी ओझा ने बताया कि संभावित टीबी रोगियों के नमूने की जांच के बाद यदि रोग की पुष्टि होती है तो टीम को 600 रुपये प्रोत्साहन दी जाती है। यदि किसी व्यक्ति को दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी आए, बुखार रहता हो तथा शाम को बढ़ जाता हो, सीने में दर्द हो, खांसी के साथ खून आए, भूख न लगे, वजन घटता हो तो यह टीबी के लक्षण हैं। जनपद में टीबी की जांच के लिए ट्रूनाट व एक सीबीनॉट मशीन है।
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