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फसल बीमा योजना का प्रमाणपत्र वितरित
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मेरी पालिसी मेरे हाथ अभियान के तहत कलेक्ट्रेट में लाभार्थी को फसल बीमा का प्रमाध पत्र देते डीएम द
- फोटो : KHALILABAD
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फसल बीमा योजना का प्रमाणपत्र वितरित
- कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित कार्यक्रम में तोरिया मिनी किट भी दिए गए
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। डीएम दिव्या मित्तल ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में किसानों को फसल बीमा पॉलिसी का प्रमाणपत्र प्रदान किया।
जिला कृषि अधिकारी पीसी विश्वकर्मा ने बताया कि पूर्व में किसानों के फसल बीमा के लिए प्रीमियम की कटौती उनके खाते से हो जाती थी, परंतु इसकी जानकारी किसानों को नहीं हो पाती थी। भारत सरकार के स्तर से यह व्यवस्था की गई कि जिन किसानों ने अपनी फसल का बीमा कराया है उनमें बीमा विवरण पत्र दिया जाए। इसके साथ ही किसानों को शासन के द्वारा नि:शुल्क उपलब्ध कराए गए दो किलोग्राम तोरिया मिनी किट का वितरण किया गया।
डीएम ने किसानों से अपील किया है कि तोरिया मिनी किट से प्राप्त बीज की बुवाई करें। उन्होंने किसानों को अवगत कराया कि सूखा के संबंध में राज्य सरकार के निर्देशानुसार कार्रवाई की जा रही है। फसल क्षति का आकलन किया जा रहा है और फसल क्षति के संबंध में जो भी किसानों को क्षति हुई है, किसानों को बीमा कंपनी के माध्यम से क्षतिपूर्ति दिलाया जाएगा।
इस अवसर पर सांसद प्रतिनिधि आनंद त्रिपाठी, बीमा कंपनी प्रतिनिधि अष्टभुजा सिंह सहित अन्य कर्मचारी व किसान मौजूद रहे।
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- कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित कार्यक्रम में तोरिया मिनी किट भी दिए गए
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। डीएम दिव्या मित्तल ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में किसानों को फसल बीमा पॉलिसी का प्रमाणपत्र प्रदान किया।
जिला कृषि अधिकारी पीसी विश्वकर्मा ने बताया कि पूर्व में किसानों के फसल बीमा के लिए प्रीमियम की कटौती उनके खाते से हो जाती थी, परंतु इसकी जानकारी किसानों को नहीं हो पाती थी। भारत सरकार के स्तर से यह व्यवस्था की गई कि जिन किसानों ने अपनी फसल का बीमा कराया है उनमें बीमा विवरण पत्र दिया जाए। इसके साथ ही किसानों को शासन के द्वारा नि:शुल्क उपलब्ध कराए गए दो किलोग्राम तोरिया मिनी किट का वितरण किया गया।
डीएम ने किसानों से अपील किया है कि तोरिया मिनी किट से प्राप्त बीज की बुवाई करें। उन्होंने किसानों को अवगत कराया कि सूखा के संबंध में राज्य सरकार के निर्देशानुसार कार्रवाई की जा रही है। फसल क्षति का आकलन किया जा रहा है और फसल क्षति के संबंध में जो भी किसानों को क्षति हुई है, किसानों को बीमा कंपनी के माध्यम से क्षतिपूर्ति दिलाया जाएगा।
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इस अवसर पर सांसद प्रतिनिधि आनंद त्रिपाठी, बीमा कंपनी प्रतिनिधि अष्टभुजा सिंह सहित अन्य कर्मचारी व किसान मौजूद रहे।