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Sant Kabir Nagar News: निगम रोक रहा बिजली चोरी...ग्राम पंचायतों की स्ट्रीट लाइट में सीनाजोरी
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सेमरियावां क्षेत्र में दिन में जल रही स्ट्रीट लाइटें
संवाद न्यूज एजेंसी
सेमरियावां। बिजली चोरी रोकने के लिए विजिलेंस से लेकर विद्युत निगम की विशेष टीम, जेई, लाइनमैन, एसडीओ और एक्सईएन तक गली-गली में छापा मार रहे हैं। दूसरी तरफ गांव-गांव और चौराहों पर दिन-रात जल रही स्ट्रीट लाइट पर किसी की नजर नहीं पड़ रही है।
हाल यह है कि बगैर कनेक्शन लिए स्ट्रीट लाइट से गांव रोशन हो रहे हैं। निगम के अधिकारी भी सब कुछ जानकर कार्रवाई करने से परहेज कर रहे हैं। प्रधानों ने गांव व बाजारों की मुख्य सड़कों और गांव गलियों में स्ट्रीट लाइटें लगवाई हैं। ग्राम पंचायत ने बिजली का कनेक्शन नहीं लिया है फिर भी लाइट लगा दी गई। ग्राम पंचायतों में बिना कनेक्शन स्ट्रीट लाइट गांव की गलियों, चौराहों, सामुदायिक शौचालय व पंचायत घरों में दिनों रात जल रही है। इससे बिजली निगम को नुकसान हो रहा है।
सेमरियावां ब्लाॅक में 113 ग्राम पंचायत में 183 राजस्व गांव हैं। ग्राम पंचायतों द्वारा आवंटित धनराशि का अधिकांश व्यय स्ट्रीट लाइट में किया गया। ग्राम पंचायत द्वारा स्ट्रीट लाइट लगवाए जाने से पहले विद्युत निगम से वैध विद्युत कनेक्शन नहीं कराया। गांवों में 80 से लेकर 150 तक की संख्या में बिजली पोल पर व गांव के चौराहों पर औने पौने दाम वाली स्ट्रीट लाइटें लगवाई गई।
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पंचायती राज निदेशक ने इस संबंध में पत्र भी जारी कर कहा था कि ब्रांडेड कंपनियों से स्ट्रीट लाइट लेकर ग्राम पंचायत में कनेक्शन लेने के बाद लगवाया जाए। पंचायत विभाग के अधिकारियों के आदेशों को दरकिनार पर ब्रांडेड कंपनियों से सामान न लेकर ग्राम पंचायत ने मनमानी की। खराब गुणवत्ता के चलते स्ट्रीट लाइटों का खराब होने का सिलसिला भी शुरू हो गया है।
50 से 90 वाट की एलईडी लाइटें 50 मीटर के अंतराल पर लगाई गई हैं। लाइट लगाने में भी मानक को दरकिनार किया गया है, लाइटें खराब होनी शुरू हो गई है। यह परियोजना ग्रामीण विकास योजना के तहत फंडेड है। ग्राम पंचायतों ने लाइटें लगाकर खूब वाहवाही बटोरी लेकिन बिजली निगम को चूना लग रहा है। स्ट्रीट लाइट दिन में जलती है, जिससे की क्षति हो रही है।
विद्युत उपकेंद्र करमाखान के अवर अभियंता इंद्रेश कुमार गुप्ता ने कहा कि बिजली पोल पर लगी स्ट्रीट लाइटों के कनेक्शन लिए संबंधित ग्राम पंचायतों को समय दिया गया लेकिन ग्राम पंचायतों ने कनेक्शन में दिलचस्पी नही दिखाई। जल्द ही उच्चाधिकारियों के साथ बिजली पोल पर लगी स्ट्रीट लाइटें उतरवाईं जाएंगी। इसके बाद उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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सेमरियावां। बिजली चोरी रोकने के लिए विजिलेंस से लेकर विद्युत निगम की विशेष टीम, जेई, लाइनमैन, एसडीओ और एक्सईएन तक गली-गली में छापा मार रहे हैं। दूसरी तरफ गांव-गांव और चौराहों पर दिन-रात जल रही स्ट्रीट लाइट पर किसी की नजर नहीं पड़ रही है।
हाल यह है कि बगैर कनेक्शन लिए स्ट्रीट लाइट से गांव रोशन हो रहे हैं। निगम के अधिकारी भी सब कुछ जानकर कार्रवाई करने से परहेज कर रहे हैं। प्रधानों ने गांव व बाजारों की मुख्य सड़कों और गांव गलियों में स्ट्रीट लाइटें लगवाई हैं। ग्राम पंचायत ने बिजली का कनेक्शन नहीं लिया है फिर भी लाइट लगा दी गई। ग्राम पंचायतों में बिना कनेक्शन स्ट्रीट लाइट गांव की गलियों, चौराहों, सामुदायिक शौचालय व पंचायत घरों में दिनों रात जल रही है। इससे बिजली निगम को नुकसान हो रहा है।
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सेमरियावां ब्लाॅक में 113 ग्राम पंचायत में 183 राजस्व गांव हैं। ग्राम पंचायतों द्वारा आवंटित धनराशि का अधिकांश व्यय स्ट्रीट लाइट में किया गया। ग्राम पंचायत द्वारा स्ट्रीट लाइट लगवाए जाने से पहले विद्युत निगम से वैध विद्युत कनेक्शन नहीं कराया। गांवों में 80 से लेकर 150 तक की संख्या में बिजली पोल पर व गांव के चौराहों पर औने पौने दाम वाली स्ट्रीट लाइटें लगवाई गई।
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पंचायती राज निदेशक ने इस संबंध में पत्र भी जारी कर कहा था कि ब्रांडेड कंपनियों से स्ट्रीट लाइट लेकर ग्राम पंचायत में कनेक्शन लेने के बाद लगवाया जाए। पंचायत विभाग के अधिकारियों के आदेशों को दरकिनार पर ब्रांडेड कंपनियों से सामान न लेकर ग्राम पंचायत ने मनमानी की। खराब गुणवत्ता के चलते स्ट्रीट लाइटों का खराब होने का सिलसिला भी शुरू हो गया है।
50 से 90 वाट की एलईडी लाइटें 50 मीटर के अंतराल पर लगाई गई हैं। लाइट लगाने में भी मानक को दरकिनार किया गया है, लाइटें खराब होनी शुरू हो गई है। यह परियोजना ग्रामीण विकास योजना के तहत फंडेड है। ग्राम पंचायतों ने लाइटें लगाकर खूब वाहवाही बटोरी लेकिन बिजली निगम को चूना लग रहा है। स्ट्रीट लाइट दिन में जलती है, जिससे की क्षति हो रही है।
विद्युत उपकेंद्र करमाखान के अवर अभियंता इंद्रेश कुमार गुप्ता ने कहा कि बिजली पोल पर लगी स्ट्रीट लाइटों के कनेक्शन लिए संबंधित ग्राम पंचायतों को समय दिया गया लेकिन ग्राम पंचायतों ने कनेक्शन में दिलचस्पी नही दिखाई। जल्द ही उच्चाधिकारियों के साथ बिजली पोल पर लगी स्ट्रीट लाइटें उतरवाईं जाएंगी। इसके बाद उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।