{"_id":"685992fe6061b6fb5e039805","slug":"applicants-are-getting-the-benefit-of-paper-face-and-cashless-system-khalilabad-news-c-209-1-skn1001-134524-2025-06-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: पेपर, फेस और कैशलेस व्यवस्था का आवेदकों को मिल रहा फायदा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: पेपर, फेस और कैशलेस व्यवस्था का आवेदकों को मिल रहा फायदा
Mon, 23 Jun 2025 11:16 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Mon, 23 Jun 2025 11:16 PM IST
विज्ञापन
संतकबीरनगर। परिवहन विभाग के द्वारा जिले में पेरपलेस, फेसलेस और कैशलेस व्यवस्था के तहत ड्राइविंग लाइसेंस बनाने का काम तेजी से चल रहा है। इसकी शुरुआत वर्ष 2013 में की गई थी। जनवरी माह से लेकर अब तक इस व्यवस्था का लाभ 5857 आवेदक ले चुके हैं।
विभागीय अभिलेख की मानें तो .07 प्रतिशत आवेदन पेंडिंग है। परिवहन आयुक्त की समीक्षा में जिले को 22वां स्थान प्राप्त हुआ है।
एआरटीओ कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार एक जनवरी से 10 जून की अवधि में नए ड्राइविंग लाइसेंस आवेदनों की पेंडेंसी की समीक्षा की गई। इस अवधि में कुल 5857 आवेदन आए।
विभाग की ओर से चलाए जा रहे “पेपरलेस, फेसलेस और कैशलेस” अभियान के सकारात्मक नतीजे दिखाई पड़ रहे हैं। कुल 5857 आवेदनों में केवल 4 आवेदन लंबित पाए गए। जो कुल का मात्र 0.7 प्रतिशत है। जिस पर विभाग द्वारा तत्काल ध्यान देते हुए विशेष निगरानी शुरू की गई है।
विज्ञापन
एआरटीओ प्रियंवदा सिंह ने बताया कि विभाग के निरंतर प्रयासों से लाइसेंस प्रक्रिया अधिक सरल, त्वरित और पारदर्शी हुई है। लंबित मामलों का निस्तारण जल्द किया जाएगा। जनसेवा केंद्रों और सारथी पोर्टल की मदद से आने वाले समय में जिले में ड्राइविंग लाइसेंस आवेदन और अनुमोदन प्रक्रिया में और भी अधिक सुधार होगा।
विभाग द्वारा नियमित रूप से समीक्षा की जा रही है। जिससे बेहतर परिणाम निरंतर सुनिश्चित हो सकें।
विज्ञापन
विभागीय अभिलेख की मानें तो .07 प्रतिशत आवेदन पेंडिंग है। परिवहन आयुक्त की समीक्षा में जिले को 22वां स्थान प्राप्त हुआ है।
एआरटीओ कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार एक जनवरी से 10 जून की अवधि में नए ड्राइविंग लाइसेंस आवेदनों की पेंडेंसी की समीक्षा की गई। इस अवधि में कुल 5857 आवेदन आए।
विज्ञापन
विभाग की ओर से चलाए जा रहे “पेपरलेस, फेसलेस और कैशलेस” अभियान के सकारात्मक नतीजे दिखाई पड़ रहे हैं। कुल 5857 आवेदनों में केवल 4 आवेदन लंबित पाए गए। जो कुल का मात्र 0.7 प्रतिशत है। जिस पर विभाग द्वारा तत्काल ध्यान देते हुए विशेष निगरानी शुरू की गई है।
विज्ञापन
एआरटीओ प्रियंवदा सिंह ने बताया कि विभाग के निरंतर प्रयासों से लाइसेंस प्रक्रिया अधिक सरल, त्वरित और पारदर्शी हुई है। लंबित मामलों का निस्तारण जल्द किया जाएगा। जनसेवा केंद्रों और सारथी पोर्टल की मदद से आने वाले समय में जिले में ड्राइविंग लाइसेंस आवेदन और अनुमोदन प्रक्रिया में और भी अधिक सुधार होगा।
विभाग द्वारा नियमित रूप से समीक्षा की जा रही है। जिससे बेहतर परिणाम निरंतर सुनिश्चित हो सकें।