UP: पत्नी की हत्या में पैरोल पर छूटा कैदी नहीं लौटा जेल, रचा ली दूसरी शादी.. तीन साल बाद फिर सलाखों के पीछे
असमोली थाना क्षेत्र निवासी पोपिल की पत्नी अंशू की 2014 में मौत हो गई थी। उसे दहेज हत्या मामले में सात वर्ष की सजा सुनाई गई थी। कोरोनाकाल के दौरान उसे छह माह की पैरोल मिली। इसके बाद वह जेल नहीं लौटा। इस बीच उसने दूसरी शादी कर ली।
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पत्नी की मौत मामले में सात साल की सजा काट रहे कैदी को कोरोनाकाल में पैरोल मिली तो वह वापस जेल ही नहीं लौटा। इस बीच उसने दूसरी शादी की और पुलिस से छिपकर घूमता रहा। शुक्रवार को पुलिस ने तीन वर्ष बाद मुखबिर की सूचना पर गिरफ्तार कर जेल भेजा है। असमोली थाना क्षेत्र के गांव शाहपुर डसर निवासी पेपिल उर्फ पोपिल की पहली पत्नी अंशू की मौत वर्ष 2014 में हुई थी।
ससुरालियों ने दहेज हत्या में मुकदमा दर्ज कराया था। इसी वर्ष पेपिल उर्फ पोपिल को सात वर्ष की सजा सुनाई गई थी। वर्ष 2020 तक जेल में बंद रहा। कोरोना काल आया तो छह महीने की पैरोल मिली थी। इसके बाद वह वापस जेल नहीं लौटा। बल्कि उसने दूसरी शादी शकुंतला देवी से कर ली।
अब दो बच्चे भी हैं। कैदी तीन वर्ष तक पुलिस से छिपा हुआ घूमता रहा। शुक्रवार को पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर गांव शाहपुर डसर से गिरफ्तार किया है। कैदी के पिता रामेश्वर का कहना है कि कोरोना काल में पहली बार पैरोल मिली थी तो समय अवधि पूरी होने पर जेल भेज दिया था।
दूसरी बार में पैरोल मिली तो जेल से सूचना नहीं आई। इसलिए जेल भेजा नहीं गया। अब शुक्रवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। बताया कि उनके बेटे को सात वर्ष की सजा हुई थी। जो वर्ष 2021 में पूरी हो रही थी। यदि बेटा उस समय जेल में रह लेता तो सजा तभी पूरी हो जाती। अब जेल जाना नहीं पड़ता।
गांव में कहता था सजा हो गई पूरी
सजायाफ्ता कैदी पेपिल उर्फ पोपिल को जब पुलिस ने गिरफ्तार किया तो सभी ग्रामीण हैरान थे। क्योंकि कैदी ने ग्रामीणों को गुमराह किया हुआ था कि वह सजा पूरी करके ही जेल से लौटा है। अब गिरफ्तारी हुई तो लोगों में तरह तरह की चर्चा शुरू हो गई। ग्रामीणों ने बताया कि कैदी ने सभी को यही कहकर गुमराह किया था कि उसकी सजा पूरी हो चुकी है।
दूसरी शादी भी गुमराह कर करने की चर्चा
गांव में चर्चा है कि कैदी ने दूसरी शादी भी यह कहकर की थी कि उसकी सजा पूरी हो चुकी है। इसलिए ही दूसरी पत्नी के परिजन तैयार हो गए थे। हालांकि पेपिल उर्फ पोपिल के पिता का कहना है कि पैरोल पर बुलाया गया था तो दूसरी शादी की तैयारी की थी। लड़की पक्ष को सारी जानकारी दे दी गई थी। यह भी बताया गया था कि सजा सात वर्ष की हुई है लेकिन वर्ष 2021 में पूरी हो जाएगी। इसलिए ही वर्ष 2020 में शादी करा दी गई थी।
मुरादाबाद के पाकबड़ा थाने का हिस्सा
पेपिल उर्फ पोपिल के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट मुरादाबाद के थाना पाकबड़ा में दर्ज हुई थी। बाद में सीमा विस्तार हुआ तो शाहपुर डसर गांव को असमोली थाने का हिस्सा बनाया गया। बताया जा रहा है कि जेल से पत्राचार पाकबड़ा थाने के लिए ही हो रहा था। कुछ समय पहले ही संभल पुलिस को सूचना मिली थी। इसके बाद ही कैदी को गिरफ्तार किया गया।
वारंटी के खिलाफ अभियान चलाया गया है। इस अभियान के दौरान ही पैराेल पर आकर वापस जेल नहीं जाने वाला कैदी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। - कुलदीप सिंह गुनावत, पुलिस अधीक्षक, संभल।