पवांसा सब डिवीजन क्षेत्र के करीब 130 गांवों में बिजली संकट है। बिजली नहीं मिलने से इलेक्ट्रॉनिक सामान अब शोपीस बन गए हैं। निर्बाध विद्युत आपूर्ति न मिलने से परेशान ग्रामीणों में आक्रोश पनप रहा है। मच्छरों के काटने से बीमारियों के बढ़ने की अशंका है।
पवांसा ब्लाक क्षेत्र के 130 गांवों को दिन में तीन घंटे और रात में मात्र दो घंटे ही बिजली सप्लाई मिल रही है। कई बार ट्रिपिंग के साथ यह आपूर्ति मिल रही है। जो फीडर ओवरलोड चलते हैं, उन्हें बंद कर दिया जाता है। जंगल में किसानों की मेंथा और मक्का की फसलों की सिंचाई नहीं हो पा रही है। फसलें सूख रही हैं। गांव में ग्रामीणों के इलेक्ट्रॉनिक सामान भी बिजली सप्लाई नहीं मिलने से नहीं चल पा रहे हैं। पवांसा सब डिवीजन के एसडीओ अनिल कुमार से पता करने के लिए फोन मिलाया तो फोन स्विच ऑफ था। लगातार शिकायत करने के बावजूद विद्युत विभाग के अधिकारियों पर कोई असर नहीं पड़ रहा है। ग्रामीण मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी ऑनलाइन शिकायत दर्ज करा रहे हैं उसे भी विद्युत विभाग के अधिकारी बिना जांच-पड़ताल के ही समाधान कर रहे हैं। वहीं, पवांसा सब डिवीजन के परिसर में मंगलवार को महोरा लखूपुरा के ग्रामीणों ने पिछले आठ दिन से बिजली सप्लाई नहीं आने के विरोध में प्रदर्शन करके कार्रवाई की मांग उठाई। विरलेश यादव, रविंद्र यादव, दुर्गेश यादव, आनंद यादव, मनवीर यादव, कमल यादव, बनवारी यादव, नत्थू यादव, पन्नू यादव, तेजपाल यादव, जसपाल यादव आदि रहे।