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सास, ननद और बहुओं को मात देकर प्रधान बनी महिला मौत से जिंदगी हारी
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ओबरी/ संभल। असमोली ब्लॉक में परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई नवगठित ग्राम पंचायत असगरीपुर में प्रधान पद के लिए चुनाव मैदान में कूदी ननद और बहू को मात देकर प्रधान बनीं महिला शनिवार की सुबह जिंदगी से हार गईं। नवनिर्वाचित प्रधान की अचानक हालत बिगड़ी और उपचार के दौरान ही मौत हो गई।
गांव असगरीपुर परिसीमन से पहले ग्राम पंचायत सैदपुर इमा का हिस्सा हुआ करता था। परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई नई ग्राम पंचायत असगरपुर पहली बार पिछड़ा वर्ग की महिला के लिए आरक्षित हुई। ग्राम प्रधान बनने का खुमार ऐसा छाया कि एक ही परिवार की 6 महिलाएं चुनाव मैदान में कूद गईं। इस मैदान में एक ही परिवार से उजमा पुत्री छिद्दा, छिद्दा के बेटे उसमान की पत्नी रेशमा, नूर मोहम्मद पत्नी भूरी ,गुलाम मोहम्मद की पत्नी रुबीना, मुस्तकीम की पत्नी शाहजहां तथा शमशाद की पत्नी जासमीन प्रधान बनने के लिए चुनाव मैदान में उतरीं। यह सभी आपस में सास बहू और ननद के रिश्ते से जुड़ी थीं। प्रधान पद की 6 महिला उम्मीदवारों के बीच हुए मुकाबले में मुस्तकीम की पत्नी शाहजहां ने बाजी मारी। लेकिन अभी जीत की खुशी परिवार के लोग मना नहीं पाए थे कि नवर्निवाचित ग्राम प्रधान की हालत बिगड़ गई। तेज बुखार आने पर परिजन निजी चिकित्सक के पास ले गए।
शनिवार की दोपहर महिला प्रधान को मुरादाबाद के लिए रेफर कर दिया। परिजन मुरादाबाद लेकर चले तो नवनिर्वाचित महिला प्रधान ने रास्ते में दम तोड़ दिया। नव निर्वाचित महिला प्रधान की मौत से गांव में शोक की लहर दौड़ गई। देर शाम महिला के शव को परिजनों ने गांव के कब्रिस्तान में सुपुर्द ए खाक कर दिया।
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गांव असगरीपुर परिसीमन से पहले ग्राम पंचायत सैदपुर इमा का हिस्सा हुआ करता था। परिसीमन के बाद अस्तित्व में आई नई ग्राम पंचायत असगरपुर पहली बार पिछड़ा वर्ग की महिला के लिए आरक्षित हुई। ग्राम प्रधान बनने का खुमार ऐसा छाया कि एक ही परिवार की 6 महिलाएं चुनाव मैदान में कूद गईं। इस मैदान में एक ही परिवार से उजमा पुत्री छिद्दा, छिद्दा के बेटे उसमान की पत्नी रेशमा, नूर मोहम्मद पत्नी भूरी ,गुलाम मोहम्मद की पत्नी रुबीना, मुस्तकीम की पत्नी शाहजहां तथा शमशाद की पत्नी जासमीन प्रधान बनने के लिए चुनाव मैदान में उतरीं। यह सभी आपस में सास बहू और ननद के रिश्ते से जुड़ी थीं। प्रधान पद की 6 महिला उम्मीदवारों के बीच हुए मुकाबले में मुस्तकीम की पत्नी शाहजहां ने बाजी मारी। लेकिन अभी जीत की खुशी परिवार के लोग मना नहीं पाए थे कि नवर्निवाचित ग्राम प्रधान की हालत बिगड़ गई। तेज बुखार आने पर परिजन निजी चिकित्सक के पास ले गए।
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शनिवार की दोपहर महिला प्रधान को मुरादाबाद के लिए रेफर कर दिया। परिजन मुरादाबाद लेकर चले तो नवनिर्वाचित महिला प्रधान ने रास्ते में दम तोड़ दिया। नव निर्वाचित महिला प्रधान की मौत से गांव में शोक की लहर दौड़ गई। देर शाम महिला के शव को परिजनों ने गांव के कब्रिस्तान में सुपुर्द ए खाक कर दिया।
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