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शराब की बिक्री का महिलाओं ने किया विरोध
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Mon, 29 May 2017 12:24 AM IST
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अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ प्रदर्शन करती महिलाएं।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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सहारनपुर के बिहारीगढ़ में सांसद द्वारा गोद लिए गए आदर्श गांव खुशहालीपुर की महिलाओं ने रविवार को प्रदर्शन किया। महिलाओं ने चेतावनी दी कि यदि गांव में शराब की कसीदगी बंद कराकर विकास कार्य नहीं कराए तो वे आंदोलन काे बाध्य होंगे।
रविवार की सुबह महिलाएं गांव में तिराहे पर एकत्रित हुई। जहां उन्होंने गांव में जगह जगह शराब की कसीदगी को लेकर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। उनका कहना था कि गांव में ज्यादातर युवा शराब के नशे की लत का शिकार हो गए हैं।
किशोर तक शराब पीने लगे हैं। खनन बंद होने से पहले ही घाड़ में बेरोजगारी पैदा हो गई है। ऊपर से युवा वर्ग के शराबी होने से भुखमरी का संकट बढ़ गया है। महिलाओं ने गांव के प्रधान पर भी पक्षपात का आरोप लगाते हुए कहा कि ग्राम प्रधान अपात्र लोगों को सरकारी सुविधाएं मुहैया करा रहे हैं।
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गांव की एक पुलिया का निर्माण कार्य भी 15 दिन से लटका रखा है। इससे आवागमन में दिक्कत हो रही है। आरोप लगाया कि प्रधान जाति विशेष के लोगों के मोहल्ले में ही विकास कार्य करा रहे हैं।
प्रदर्शन करने वाली महिलाओं हुस्नो देवी, सलोचना, कोमल देवी, शकुंतला, बाला देवी, प्रमीता, आशा, श्यामवती, सुनीता, सलेलता, पूजा, शारदा, राज्जो, मंतलेश, पिंको, बबली, राखी, सोनिया, दीपा, गीता, छोटी, विमला देवी आदि ने चेतावनी दी कि यदि अब भी पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने उनकी मांग नहीं मानी तो वे जिला मुख्यालय पर बड़ा प्रदर्शन करेंगी।
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रविवार की सुबह महिलाएं गांव में तिराहे पर एकत्रित हुई। जहां उन्होंने गांव में जगह जगह शराब की कसीदगी को लेकर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। उनका कहना था कि गांव में ज्यादातर युवा शराब के नशे की लत का शिकार हो गए हैं।
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किशोर तक शराब पीने लगे हैं। खनन बंद होने से पहले ही घाड़ में बेरोजगारी पैदा हो गई है। ऊपर से युवा वर्ग के शराबी होने से भुखमरी का संकट बढ़ गया है। महिलाओं ने गांव के प्रधान पर भी पक्षपात का आरोप लगाते हुए कहा कि ग्राम प्रधान अपात्र लोगों को सरकारी सुविधाएं मुहैया करा रहे हैं।
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गांव की एक पुलिया का निर्माण कार्य भी 15 दिन से लटका रखा है। इससे आवागमन में दिक्कत हो रही है। आरोप लगाया कि प्रधान जाति विशेष के लोगों के मोहल्ले में ही विकास कार्य करा रहे हैं।
प्रदर्शन करने वाली महिलाओं हुस्नो देवी, सलोचना, कोमल देवी, शकुंतला, बाला देवी, प्रमीता, आशा, श्यामवती, सुनीता, सलेलता, पूजा, शारदा, राज्जो, मंतलेश, पिंको, बबली, राखी, सोनिया, दीपा, गीता, छोटी, विमला देवी आदि ने चेतावनी दी कि यदि अब भी पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने उनकी मांग नहीं मानी तो वे जिला मुख्यालय पर बड़ा प्रदर्शन करेंगी।