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कोरोना से मुकाबला : दो बैंक कर्मचारी अब खतरे से बाहर
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दो बैंक कर्मचारी खतरे से बाहर, रिपोर्ट नेगेटिव
सहारनपुर। कोरोना वायरस को लेकर बढ़ी दहशत के बीच जिले के संदिग्ध मरीजों की जांच रिपोर्ट ने कुछ राहत के संकेत दिए हैं। जिला अस्पताल के आइसोलेेशन वार्ड में भर्ती तीन संदिग्ध मरीजों में से दो बैंक कर्मचारी अब खतरे से बाहर हैं। इनकी रिपोर्ट नेगेटिव आई है। इनके अलावा फ्रांस से लौटी युवती के सैंपल की रिपोर्ट शुक्रवार तक आने की संभावना है।
कोरोना वायरस नियंत्रण अभियान की नोडल अधिकारी डॉ. शिवांका गौड़ ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अब तक पांच संदिग्ध मरीजों के सैंपल लिए हैं। इनमें से चार की रिपोर्ट नेगेटिव आ चुकी है। यह इस बात का संकेत भी है कि डरने की नहीं, बल्कि अलर्ट रहने की जरूरत है।
वहीं, फ्रांस से लौटी मां-बेटी इलाज कराने के लिए बुधवार को ही एसबीडी जिला अस्पताल पहुंची थीं। संदिग्ध लक्षण देखते हुए बेटी को आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया, जबकि मां को घर भेज दिया गया था। इस मरीज के सैंपल की रिपोर्ट आना बाकी है। उधर, खांसी, जुकाम और बुखार के लक्षण वाले मरीज लगातार अस्पताल पहुंच रहे हैं। शुरुआती जांच के बाद उन्हें घर भेजा जा रहा है। अफसरों का कहना है कि जिस मरीज को लेकर ऐसा लगता है कि उसका सैंपल लेना जरूरी है, तो उसकी रिपोर्ट आने तक भर्ती कराया जाएगा।
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अमर उजाला इंपैक्ट
संदिग्ध मरीजों के लिए काउंसलर नियुक्त
सहारनपुर। जिले में संदिग्ध मरीजों की काउंसलिंग न हो पाने की समस्या को अमर उजाला ने बृहस्पतिवार के अंक में प्रकाशित किया था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने दो काउंसलर देवेंद्र और हरमेंद्र को नियुक्त कर दिया है। ये काउंसलर लोक निर्माण विभाग के विश्रामगृह में बनाए गए स्पेशल आइसोलेशन वार्ड में आने वाले मरीजों की काउंसलिंग करेंगे। इसके अलावा उन संदिग्ध मरीजों की भी जरूर पड़ने पर काउंसलिंग करेंगे, जो चिकित्सीय निगरानी के बीच अपने घरों में रह रहे हैं।
पीएम, सीएम को ट्वीट के बाद कराई युवक की जांच
सहारनपुर। सिंगापुर से लौटे यात्री के संपर्क में आने के बाद खांसी, जुकाम और बुखार होने पर युवक की बृहस्पतिवार को जांच कराई गई। इस युवक ने बुधवार को जिला अस्पताल में इलाज न मिलने की शिकायत करते हुए पीएम, सीएम को ट्वीट किया था।
यह युवक चंडीगढ़ के होटल में काम करता है। दिसंबर 2019 में वह श्रीलंका से लौटा था। चूंकि वह होटल में काम करता है तो देश-विदेश के लोगों के संपर्क में आता रहता है। आठ मार्च को सिंगापुर का एक यात्री उसके घर पर ही ठहरा था। बुधवार को खांसी, जुकाम और बुखार के लक्षण के साथ वह जांच कराने के लिए एसबीडी जिला अस्पताल पहुंचा था। युवक का आरोप था कि अस्पताल के स्टाफ ने उसे सही उपचार नहीं दिलाया। पीएम, सीएम को ट्वीट किए जाने के बाद सीएमएस के निर्देश पर नोडल अधिकारी डॉ. शिवांका गौड़, डॉ. कर्मवीर सिंह और डॉ. रहमान की टीम ने उसकी जांच की। कुछ दवाएं देते हुए तीन दिन बाद फिर से जांच कराने की बात कहते हुए घर भेज दिया।
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सहारनपुर। कोरोना वायरस को लेकर बढ़ी दहशत के बीच जिले के संदिग्ध मरीजों की जांच रिपोर्ट ने कुछ राहत के संकेत दिए हैं। जिला अस्पताल के आइसोलेेशन वार्ड में भर्ती तीन संदिग्ध मरीजों में से दो बैंक कर्मचारी अब खतरे से बाहर हैं। इनकी रिपोर्ट नेगेटिव आई है। इनके अलावा फ्रांस से लौटी युवती के सैंपल की रिपोर्ट शुक्रवार तक आने की संभावना है।
कोरोना वायरस नियंत्रण अभियान की नोडल अधिकारी डॉ. शिवांका गौड़ ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अब तक पांच संदिग्ध मरीजों के सैंपल लिए हैं। इनमें से चार की रिपोर्ट नेगेटिव आ चुकी है। यह इस बात का संकेत भी है कि डरने की नहीं, बल्कि अलर्ट रहने की जरूरत है।
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वहीं, फ्रांस से लौटी मां-बेटी इलाज कराने के लिए बुधवार को ही एसबीडी जिला अस्पताल पहुंची थीं। संदिग्ध लक्षण देखते हुए बेटी को आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया, जबकि मां को घर भेज दिया गया था। इस मरीज के सैंपल की रिपोर्ट आना बाकी है। उधर, खांसी, जुकाम और बुखार के लक्षण वाले मरीज लगातार अस्पताल पहुंच रहे हैं। शुरुआती जांच के बाद उन्हें घर भेजा जा रहा है। अफसरों का कहना है कि जिस मरीज को लेकर ऐसा लगता है कि उसका सैंपल लेना जरूरी है, तो उसकी रिपोर्ट आने तक भर्ती कराया जाएगा।
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अमर उजाला इंपैक्ट
संदिग्ध मरीजों के लिए काउंसलर नियुक्त
सहारनपुर। जिले में संदिग्ध मरीजों की काउंसलिंग न हो पाने की समस्या को अमर उजाला ने बृहस्पतिवार के अंक में प्रकाशित किया था। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने दो काउंसलर देवेंद्र और हरमेंद्र को नियुक्त कर दिया है। ये काउंसलर लोक निर्माण विभाग के विश्रामगृह में बनाए गए स्पेशल आइसोलेशन वार्ड में आने वाले मरीजों की काउंसलिंग करेंगे। इसके अलावा उन संदिग्ध मरीजों की भी जरूर पड़ने पर काउंसलिंग करेंगे, जो चिकित्सीय निगरानी के बीच अपने घरों में रह रहे हैं।
पीएम, सीएम को ट्वीट के बाद कराई युवक की जांच
सहारनपुर। सिंगापुर से लौटे यात्री के संपर्क में आने के बाद खांसी, जुकाम और बुखार होने पर युवक की बृहस्पतिवार को जांच कराई गई। इस युवक ने बुधवार को जिला अस्पताल में इलाज न मिलने की शिकायत करते हुए पीएम, सीएम को ट्वीट किया था।
यह युवक चंडीगढ़ के होटल में काम करता है। दिसंबर 2019 में वह श्रीलंका से लौटा था। चूंकि वह होटल में काम करता है तो देश-विदेश के लोगों के संपर्क में आता रहता है। आठ मार्च को सिंगापुर का एक यात्री उसके घर पर ही ठहरा था। बुधवार को खांसी, जुकाम और बुखार के लक्षण के साथ वह जांच कराने के लिए एसबीडी जिला अस्पताल पहुंचा था। युवक का आरोप था कि अस्पताल के स्टाफ ने उसे सही उपचार नहीं दिलाया। पीएम, सीएम को ट्वीट किए जाने के बाद सीएमएस के निर्देश पर नोडल अधिकारी डॉ. शिवांका गौड़, डॉ. कर्मवीर सिंह और डॉ. रहमान की टीम ने उसकी जांच की। कुछ दवाएं देते हुए तीन दिन बाद फिर से जांच कराने की बात कहते हुए घर भेज दिया।