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Saharanpur News: आज त्रिग्रही योग में मनाया जाएगा महाशिवरात्रि का पर्व
Wed, 26 Feb 2025 12:35 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Wed, 26 Feb 2025 12:35 AM IST
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सहारनपुर में शिवरात्रि पर सजा बागेश्वर महादेव मंदिर
सहारनपुर। महाशिवरात्रि पर्व को लेकर महानगर से लेकर देहात के शिवालय सज गए हैं। भगवान आशुतोष के अभिषेक को लेकर श्रद्धालुओं से लेकर मंदिरों तक में तैयारियों को पूरी है। इस बार त्रिग्रही योग में महाशिवरात्रि पर्व मनाया जाएगा।
महानगर के श्रीबागेश्वर महादेव मंदिर, श्री भूतेश्वर महादेव मंदिर, पातालेश्वर महादेव मंदिर, आवास विकास स्थित हरि मंदिर, गोटेश्वर महादेव मंदिर आदि में पूजा अर्चना की तैयारी पूरी कर ली गई है। ज्योतिषाचार्य अमित चतुर्वेदी ने बताया कि महाशिवरात्रि का पर्व 26 फरवरी को जिले के मंदिरों में धूमधाम से मनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि वर्ष 1965 में जब महाशिवरात्रि का पर्व आया था। तब सूर्य, बुध और शनि कुंभ राशि में गोचर कर रहे थे।
इस वर्ष भी महाशिवरात्रि पर्व इन्हीं तीन ग्रहों की युति में मनाया जाएगा। सूर्य और शनि पिता-पुत्र है। सूर्य शनि की राशि कुंभ में रहेंगे। ज्योतिष में यह विशिष्ट संयोग एक शताब्दी में एक बार बनता है। 26 फरवरी को महाशिवरात्रि पर श्रवण नक्षत्र का संयोग बन रहा है। चतुर्दशी तिथि 26 फरवरी को सुबह 11.08 बजे से होगी, जिसका समापन बृहस्पतिवार को सुबह 8.54 बजे तक होगा। महाशिवरात्रि पर निशीथ काल पूजा मध्य रात्रि 12.09 बजे से 12.59 बजे तक है।
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महानगर के श्रीबागेश्वर महादेव मंदिर, श्री भूतेश्वर महादेव मंदिर, पातालेश्वर महादेव मंदिर, आवास विकास स्थित हरि मंदिर, गोटेश्वर महादेव मंदिर आदि में पूजा अर्चना की तैयारी पूरी कर ली गई है। ज्योतिषाचार्य अमित चतुर्वेदी ने बताया कि महाशिवरात्रि का पर्व 26 फरवरी को जिले के मंदिरों में धूमधाम से मनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि वर्ष 1965 में जब महाशिवरात्रि का पर्व आया था। तब सूर्य, बुध और शनि कुंभ राशि में गोचर कर रहे थे।
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इस वर्ष भी महाशिवरात्रि पर्व इन्हीं तीन ग्रहों की युति में मनाया जाएगा। सूर्य और शनि पिता-पुत्र है। सूर्य शनि की राशि कुंभ में रहेंगे। ज्योतिष में यह विशिष्ट संयोग एक शताब्दी में एक बार बनता है। 26 फरवरी को महाशिवरात्रि पर श्रवण नक्षत्र का संयोग बन रहा है। चतुर्दशी तिथि 26 फरवरी को सुबह 11.08 बजे से होगी, जिसका समापन बृहस्पतिवार को सुबह 8.54 बजे तक होगा। महाशिवरात्रि पर निशीथ काल पूजा मध्य रात्रि 12.09 बजे से 12.59 बजे तक है।
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