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Saharanpur News: भाड़े में बढ़ोतरी ने जिले में घटा दिया आम का निर्यात
Sun, 04 Aug 2024 03:15 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Sun, 04 Aug 2024 03:15 AM IST
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सहारनपुर। इस सीजन में जनपद से आम का निर्यात घटने की आशंका है। गत सीजन में जिले से जहां 29012 किलो आम विदेश भेजा गया था वहीं अब तक यह मात्रा 9600 किलो तक ही पहुंच पाई है। एक जुलाई से भाड़ा अनुदान बढ़ना इसकी वजह है।
जनपद से प्रतिवर्ष बड़ी मात्रा में आम का निर्यात विश्व के कई देशों में होता है, लेकिन इस बार निर्यात में कमी आने की आशंका है। इस सीजन में अब तक सिर्फ एक ही निर्यातक आम का निर्यात लंदन कर रहा है। निर्यातक तबजील अहमद ने बताया कि वह लंदन की एक फर्म को आम का निर्यात कर रहे हैं। इसमें अधिक मात्रा अचार और चटनी के काम आने वाली रामकेला और मालदा प्रजाति की है। उन्होंने बताया कि पहले भाड़ा अनुदान कम होने के कारण निर्यातक आम के निर्यात में कम रुचि ले रहे थे। अब एक जुलाई से भाड़ा अनुदान में इजाफा हुआ है।
कृषि विपणन एवं कृषि विदेश व्यापार विभाग के ज्येष्ठ निरीक्षक सुनील कुमार सोम ने बताया कि भाड़ा महंगा होने के कारण आम के निर्यात में कमी आई है। अब सरकार ने भाड़ा अनुदान को बढ़ाकर 25 प्रतिशत कर दिया है, जबकि पहले हवाई मार्ग से दस रुपये और सड़क एवं जल मार्ग से पांच रुपये प्रति किलो भाड़ा अनुदान था। अब एक निर्यातक को वर्ष में 20 लाख रुपये तक भाड़ा अनुदान दिया जा सकेगा। इससे आम के निर्यात में इजाफा होने की संभावना है।
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गत सीजन में जिले से 29012 किलो आम का निर्यात हुआ था, जबकि इस सीजन में अब तक 9600 किलो आम का निर्यात हुआ है। इससे आम का निर्यात गत वर्ष से कम होने की आशंका है। इस बार सिर्फ एक निर्यातक ही आम को विदेश भेज रहे हैं।
- सुमन भारती, सचिव, सहारनपुर मंडी।
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जनपद से प्रतिवर्ष बड़ी मात्रा में आम का निर्यात विश्व के कई देशों में होता है, लेकिन इस बार निर्यात में कमी आने की आशंका है। इस सीजन में अब तक सिर्फ एक ही निर्यातक आम का निर्यात लंदन कर रहा है। निर्यातक तबजील अहमद ने बताया कि वह लंदन की एक फर्म को आम का निर्यात कर रहे हैं। इसमें अधिक मात्रा अचार और चटनी के काम आने वाली रामकेला और मालदा प्रजाति की है। उन्होंने बताया कि पहले भाड़ा अनुदान कम होने के कारण निर्यातक आम के निर्यात में कम रुचि ले रहे थे। अब एक जुलाई से भाड़ा अनुदान में इजाफा हुआ है।
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कृषि विपणन एवं कृषि विदेश व्यापार विभाग के ज्येष्ठ निरीक्षक सुनील कुमार सोम ने बताया कि भाड़ा महंगा होने के कारण आम के निर्यात में कमी आई है। अब सरकार ने भाड़ा अनुदान को बढ़ाकर 25 प्रतिशत कर दिया है, जबकि पहले हवाई मार्ग से दस रुपये और सड़क एवं जल मार्ग से पांच रुपये प्रति किलो भाड़ा अनुदान था। अब एक निर्यातक को वर्ष में 20 लाख रुपये तक भाड़ा अनुदान दिया जा सकेगा। इससे आम के निर्यात में इजाफा होने की संभावना है।
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गत सीजन में जिले से 29012 किलो आम का निर्यात हुआ था, जबकि इस सीजन में अब तक 9600 किलो आम का निर्यात हुआ है। इससे आम का निर्यात गत वर्ष से कम होने की आशंका है। इस बार सिर्फ एक निर्यातक ही आम को विदेश भेज रहे हैं।
- सुमन भारती, सचिव, सहारनपुर मंडी।