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नए साल में पूरा होगा हवाई सफर का सपना
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सहारनपुर। पांच साल तक उपयुक्त जमीन चयनित न होने और तकनीकी अड़चनों के कारण अधर में अटके हवाई अड्डे के प्रोजेक्ट को नए साल से रफ्तार मिलने वाली है। जिले के सरसावा क्षेत्र के गांव बुढेड़ा और शेरपुर लकीपुर में हवाई अड्डे के लिए जमीन का चयन होने के साथ ही अधिग्रहीत भूमि के लिए किसानों से बैनामे का काम पूरा कर लिया गया है। अब यह जमीन भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण को हस्तांतरित की जाएगी। ऐसे में नए साल में हवाई सफर का सपना पूरा हो सकेगा।
सहारनपुर में यूनिवर्सिटी के अलावा अगर सबसे बड़ी मांग कोई रही है तो वह हवाई अड्डे की ही रही है। इसके लिए पिछले पांच साल में सबसे अधिक कवायद की गई। हवाई अड्डे के लिए जिले के सरसावा के अलावा गंगोह, नकुड़ सहित अन्य क्षेत्रों में उपयुक्त जमीन की तलाश की गई। केंद्र और राज्य सरकार के स्तर पर सर्वे कराए गए। मगर तकनीकी दिक्कतें, सुरक्षा और किसानों के अवरोध सहित अन्य दिक्कतों के कारण यह प्रोजेक्ट लंबे समय तक अटका रहा। बाद में सरसावा क्षेत्र में जमीन का चयन हो पाया। इसके बाद सीएम योगी आदित्यनाथ के खुद के प्रयासों के साथ ही राज्य में हवाई सेवा को बढ़ाने के लिए राज्य सरकार ने कई जिलों में प्रोजेक्ट को मंजूरी दी तो इस सपने ने रफ्तार पकड़नी शुरू की। कैराना उपचुुनाव के समय ही सहारनपुर में सीएम योगी ने हवाई अड्डे की सौगात जल्द दिलाने की घोषणा की थी। हवाई अड्डे के प्रोजेक्ट के लिए जिला मुख्यालय से 20 किलोमीटर और सरसावा ब्लॉक मुख्यालय से करीब ढाई किलोमीटर दूर बुढेेड़ा और लकीपुर शेरपुर गांव में 350 बीघा जमीन का चयन टर्मिनल सहित अन्य भवनों, परिसरों और सर्विस स्थलों के लिए किया गया है। इसके साथ ही हवाई पट्टी के लिए कुछ ही दूरी पर सरसावा के सौराना स्थित वायुसेना स्थल की हवाई पट्टी का प्रयोग प्रस्तावित है। इस प्रोजेक्ट की निगरानी कर रहे एसडीएम पीएस राणा और तहसीलदार अजब सिंह राणा का कहना है कि जमीन का चयन और बैनामे की प्रक्रिया पूरी हो गई है। अब इस जमीन को भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण को हस्तांतरित किया जाना है।
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सहारनपुर में यूनिवर्सिटी के अलावा अगर सबसे बड़ी मांग कोई रही है तो वह हवाई अड्डे की ही रही है। इसके लिए पिछले पांच साल में सबसे अधिक कवायद की गई। हवाई अड्डे के लिए जिले के सरसावा के अलावा गंगोह, नकुड़ सहित अन्य क्षेत्रों में उपयुक्त जमीन की तलाश की गई। केंद्र और राज्य सरकार के स्तर पर सर्वे कराए गए। मगर तकनीकी दिक्कतें, सुरक्षा और किसानों के अवरोध सहित अन्य दिक्कतों के कारण यह प्रोजेक्ट लंबे समय तक अटका रहा। बाद में सरसावा क्षेत्र में जमीन का चयन हो पाया। इसके बाद सीएम योगी आदित्यनाथ के खुद के प्रयासों के साथ ही राज्य में हवाई सेवा को बढ़ाने के लिए राज्य सरकार ने कई जिलों में प्रोजेक्ट को मंजूरी दी तो इस सपने ने रफ्तार पकड़नी शुरू की। कैराना उपचुुनाव के समय ही सहारनपुर में सीएम योगी ने हवाई अड्डे की सौगात जल्द दिलाने की घोषणा की थी। हवाई अड्डे के प्रोजेक्ट के लिए जिला मुख्यालय से 20 किलोमीटर और सरसावा ब्लॉक मुख्यालय से करीब ढाई किलोमीटर दूर बुढेेड़ा और लकीपुर शेरपुर गांव में 350 बीघा जमीन का चयन टर्मिनल सहित अन्य भवनों, परिसरों और सर्विस स्थलों के लिए किया गया है। इसके साथ ही हवाई पट्टी के लिए कुछ ही दूरी पर सरसावा के सौराना स्थित वायुसेना स्थल की हवाई पट्टी का प्रयोग प्रस्तावित है। इस प्रोजेक्ट की निगरानी कर रहे एसडीएम पीएस राणा और तहसीलदार अजब सिंह राणा का कहना है कि जमीन का चयन और बैनामे की प्रक्रिया पूरी हो गई है। अब इस जमीन को भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण को हस्तांतरित किया जाना है।
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