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Saharanpur News: पोर्टल में आई तकनीकी कमी, टीबी मरीजों की रुक गई पोषण किस्त
Thu, 24 Jul 2025 12:41 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Thu, 24 Jul 2025 12:41 AM IST
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सहारनपुर। प्रधानमंत्री निक्षय पोषण योजना के पोर्टल में तकनीकी कमी के चलते टीबी मरीजों को मिलने वाली पोषण किस्त रुक गई है। मरीजों के 50 लाख रुपये जाने से पहले ही वापस हो गए। इसके साथ ही जननी सुरक्षा योजना के लाभार्थियों की किस्त जारी नहीं हुई। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने दोबारा से भुगतान करने में जुटा है।
जिले में टीबी बीमारी के करीब सात हजार मरीज है। इलाज शुरू होने पर पहले किस्त में मरीज को तीन हजार रुपये मिलते हैं, जबकि दूसरी किस्त 84 दिन बाद मिलती है। इस किस्त में भी तीन हजार मिलते है। अगर किसी मरीज का इलाज बढ़ता है तो उसे हर महीने के हिसाब से एक हजार मिलते रहते हैं। जननी सुरक्षा योजना के जिले में करीब 6500 लाभार्थी हैं। ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं को 1400 और शहरी क्षेत्र में एक हजार रुपये का भुगतान किया जाता है।
पिछले दिनों बजट आने पर किस्तों को टीबी मरीज खातों में भेजा गया था, लेकिन प्रधानमंत्री निक्षय पोषण पोर्टल में तकनीकी कमी की वजह से किस्त की धनराशि खाते तक नहीं पहुंच पाई और वापस हो गई। इसी तरह जेएसवाई लाभार्थियों को भी किस्त नहीं मिल पा रही है। तकनीकी कमी का खामियाजा मरीजों व लाभार्थियों को भुगतना पड़ रहा है। टीबी मरीजों को कोई परेशानी न हो, इसलिए विभाग ने दोबारा से प्रक्रिया तेज कर दी है।
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-- पिछले महीने भी आई थी समस्या
टीबी मरीजों व जेएसवाई के लाभार्थियों को किस्त की धनराशि नहीं मिलने से समस्या बढ़ रही है। पिछले महीने जून खाते में धनराशि नहीं होने की वजह से ट्रांजेक्शन फेल हो गई थी। तब भी काफी जद्दोजहद कर दोबारा प्रक्रिया अपनाई गई थी।
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पोर्टल में कुछ तकनीकी कमी आई है, जिसकी वजह से टीबी मरीजों की किस्त का पैसा वापस आया। दोबारा प्रक्रिया शुरू करा दी है। जल्द से जल्द भुगतान कर दिया जाएगा।
डॉ. सर्वेश कुमार, जिला क्षय रोग अधिकारी
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जिले में टीबी बीमारी के करीब सात हजार मरीज है। इलाज शुरू होने पर पहले किस्त में मरीज को तीन हजार रुपये मिलते हैं, जबकि दूसरी किस्त 84 दिन बाद मिलती है। इस किस्त में भी तीन हजार मिलते है। अगर किसी मरीज का इलाज बढ़ता है तो उसे हर महीने के हिसाब से एक हजार मिलते रहते हैं। जननी सुरक्षा योजना के जिले में करीब 6500 लाभार्थी हैं। ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं को 1400 और शहरी क्षेत्र में एक हजार रुपये का भुगतान किया जाता है।
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पिछले दिनों बजट आने पर किस्तों को टीबी मरीज खातों में भेजा गया था, लेकिन प्रधानमंत्री निक्षय पोषण पोर्टल में तकनीकी कमी की वजह से किस्त की धनराशि खाते तक नहीं पहुंच पाई और वापस हो गई। इसी तरह जेएसवाई लाभार्थियों को भी किस्त नहीं मिल पा रही है। तकनीकी कमी का खामियाजा मरीजों व लाभार्थियों को भुगतना पड़ रहा है। टीबी मरीजों को कोई परेशानी न हो, इसलिए विभाग ने दोबारा से प्रक्रिया तेज कर दी है।
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टीबी मरीजों व जेएसवाई के लाभार्थियों को किस्त की धनराशि नहीं मिलने से समस्या बढ़ रही है। पिछले महीने जून खाते में धनराशि नहीं होने की वजह से ट्रांजेक्शन फेल हो गई थी। तब भी काफी जद्दोजहद कर दोबारा प्रक्रिया अपनाई गई थी।
पोर्टल में कुछ तकनीकी कमी आई है, जिसकी वजह से टीबी मरीजों की किस्त का पैसा वापस आया। दोबारा प्रक्रिया शुरू करा दी है। जल्द से जल्द भुगतान कर दिया जाएगा।
डॉ. सर्वेश कुमार, जिला क्षय रोग अधिकारी