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Saharanpur News: विद्युत कनेक्शन के स्थायी विच्छेदन के नियमों को सरल किया जाए
Thu, 19 Sep 2024 01:16 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Thu, 19 Sep 2024 01:16 AM IST
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सहारनपुर। सीआईएस की ओर से आयोजित औद्योगिक संगम-2014 में तीसरे दिन विद्युत निगम और जीएसटी विभाग के अधिकारियों ने भागेदारी की। उद्यमियों ने स्थायी विद्युत कनेक्शन के विच्छेदन के नियमों को सरल करने की मांग की। उन्होंने कहा कि जीएसटी के वर्ष 2017-18 के संबंधित कुछ मामले अपील में पेंडिंग हैं, जिनमें निर्णय एक पक्षीय हो रहा है।
दिल्ली रोड स्थित एक सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यातिथि औद्योगिक विकास राज्यमंत्री जसवंत सिंह सैनी रहे। उन्होंने कहा कि प्रदेश और केंद्र सरकार उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए हर सार्थक प्रयास कर रही है। जल्द ही विभाग और उद्योगों के बीच एक मीटिंग कराई जाएगी। जिसमें स्थानीय समस्याओं का समाधान कराया जाएगा। प्रथम सत्र में उद्यमियों ने पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के मुख्य अभियंता एसके अग्रवाल एवं उनके सहयोगी अधिकारियों ने सवाल पूछे। कहा कि नए कनेक्शन के लिए निवेश मित्र पोर्टल पर आवेदन करें। अगर बिजली कनेक्शन स्थायी विच्छेदन कराना है तो इसके लिए अधिशासी अभियंता के स्तर पर आवेदन करना होगा। इस प्रक्रिया में महज 8 से 10 दिन ही लगने चाहिए। जवाब से असंतुष्ट उद्यमियों ने कहा कि नियमों को सरल किया जाए। उद्यमियों ने बताया कि पिछले दो-तीन महीने से दिल्ली रोड एवं देहरादून रोड पर ट्रिपिंग की समस्या पहले की तुलना में अधिक है। अधिकारियों ने बताया कि ट्रिपिंग पर नियंत्रण के लिए पेड़ों की छंटाई की जाएगी।
कर अधिवक्ता बोले, तथ्य सही नहीं होते तो रुक जाता है पंजीकरण
कर अधिवक्ता विक्रम चावला ने कहा कि जीएसटी पंजीयन के लिए एक सप्ताह का समय होता है। सर्वे कराने पर धरातल पर तथ्य सही नहीं मिले तो कई बार पंजीकरण रुक जाता है। जीएसटी के वर्ष 2017-18 से संबंधित मामले कुछ अपील में पेंडिंग है, उनका निर्णय एक पक्षीय हो रहा है जो न्याय संगत नहीं है। विभागीय अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि कोई भी निर्णय एक पक्षीय नहीं होगा, दोनों पक्षों को सुनकर ही निर्णय किया जाएगा। जीएसटी अधिकारियों ने जीएसटी पंजीकरण, रिफंड, आईटीसी संबंधित सवालों के जवाब में कहा कि कुछ फर्जी पंजीकरण सामने आए हैं, जिसमें कुछ गिरफ्तारी भी की गई है। समस्याओं का हरसंभव निस्तारण कराया जाएगा।
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यह रहे मौजूद
विद्युत निगम के मुख्य अभियंता एसके अग्रवाल,आदर्श कुमार कौशल, एमके अहिरवाल, जीएसटी विभाग के अपर आयुक्त श्रेणी-1 धीरेंद्र प्रताप, अपर आयुक्त श्रेणी-2 विजय आनंद पांडे आदि को स्मृति चिन्ह के रूप में एक-एक पौधा दिया गया। कार्यशाला के संयोजक अधिवक्ता विक्रम चावला ,चार्टर्ड अकाउंटेंट विजय गुप्ता, सुरेश बजाज , संजय गहलोत, संजय कपूर,भानु कर्णवाल एवं प्रवीण गुप्ता को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। अध्यक्षता संस्था के अध्यक्ष रविंद्र मिगलानी एवं संचालन आस्था शर्मा ने किया।
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दिल्ली रोड स्थित एक सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यातिथि औद्योगिक विकास राज्यमंत्री जसवंत सिंह सैनी रहे। उन्होंने कहा कि प्रदेश और केंद्र सरकार उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए हर सार्थक प्रयास कर रही है। जल्द ही विभाग और उद्योगों के बीच एक मीटिंग कराई जाएगी। जिसमें स्थानीय समस्याओं का समाधान कराया जाएगा। प्रथम सत्र में उद्यमियों ने पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के मुख्य अभियंता एसके अग्रवाल एवं उनके सहयोगी अधिकारियों ने सवाल पूछे। कहा कि नए कनेक्शन के लिए निवेश मित्र पोर्टल पर आवेदन करें। अगर बिजली कनेक्शन स्थायी विच्छेदन कराना है तो इसके लिए अधिशासी अभियंता के स्तर पर आवेदन करना होगा। इस प्रक्रिया में महज 8 से 10 दिन ही लगने चाहिए। जवाब से असंतुष्ट उद्यमियों ने कहा कि नियमों को सरल किया जाए। उद्यमियों ने बताया कि पिछले दो-तीन महीने से दिल्ली रोड एवं देहरादून रोड पर ट्रिपिंग की समस्या पहले की तुलना में अधिक है। अधिकारियों ने बताया कि ट्रिपिंग पर नियंत्रण के लिए पेड़ों की छंटाई की जाएगी।
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कर अधिवक्ता बोले, तथ्य सही नहीं होते तो रुक जाता है पंजीकरण
कर अधिवक्ता विक्रम चावला ने कहा कि जीएसटी पंजीयन के लिए एक सप्ताह का समय होता है। सर्वे कराने पर धरातल पर तथ्य सही नहीं मिले तो कई बार पंजीकरण रुक जाता है। जीएसटी के वर्ष 2017-18 से संबंधित मामले कुछ अपील में पेंडिंग है, उनका निर्णय एक पक्षीय हो रहा है जो न्याय संगत नहीं है। विभागीय अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि कोई भी निर्णय एक पक्षीय नहीं होगा, दोनों पक्षों को सुनकर ही निर्णय किया जाएगा। जीएसटी अधिकारियों ने जीएसटी पंजीकरण, रिफंड, आईटीसी संबंधित सवालों के जवाब में कहा कि कुछ फर्जी पंजीकरण सामने आए हैं, जिसमें कुछ गिरफ्तारी भी की गई है। समस्याओं का हरसंभव निस्तारण कराया जाएगा।
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यह रहे मौजूद
विद्युत निगम के मुख्य अभियंता एसके अग्रवाल,आदर्श कुमार कौशल, एमके अहिरवाल, जीएसटी विभाग के अपर आयुक्त श्रेणी-1 धीरेंद्र प्रताप, अपर आयुक्त श्रेणी-2 विजय आनंद पांडे आदि को स्मृति चिन्ह के रूप में एक-एक पौधा दिया गया। कार्यशाला के संयोजक अधिवक्ता विक्रम चावला ,चार्टर्ड अकाउंटेंट विजय गुप्ता, सुरेश बजाज , संजय गहलोत, संजय कपूर,भानु कर्णवाल एवं प्रवीण गुप्ता को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। अध्यक्षता संस्था के अध्यक्ष रविंद्र मिगलानी एवं संचालन आस्था शर्मा ने किया।