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निजी विद्यालयों का नहीं होगा व्यवसायिक इस्तेमाल

Fri, 12 Mar 2021 11:23 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 12 Mar 2021 11:23 PM IST
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Private schools will not have commercial use
सहारनपुर। बेसिक शिक्षा परिषद ने नर्सरी, प्राथमिक एवं उच्च प्राथमिक स्तर के लिए हिन्दी तथा अंग्रेजी माध्यम के विद्यालयों की मान्यता के लिए नई नीति जारी की है। नई नीति के तहत निजी विद्यालयों का भी व्यवसायिक इस्तेमाल नहीं हो सकेगा।
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जनपद में प्रत्येक वर्ष बेसिक शिक्षा विभाग 25 से 30 विद्यालयों को हिन्दी और अंग्रेजी माध्यम की मान्यता देता है। अभी तक आवेदकों को कई विभागों की एनओसी लेने के बाद फॉर्म तैयार कर उसके दो सेट बेसिक शिक्षा विभाग में जमा कराने होते हैं। इन कार्यों के लिए उन्हें विभाग के चक्कर लगाने पड़ते हैं। मगर अब आवेदन की प्रक्रिया ऑनलाइन होगी, जिस पर आवेदक को पूरी जानकारी भरनी होगी। उसके बाद विभागीय अधिकारी भौतिक सत्यापन करेंगे। खास बात यह है कि विद्यालय संचालक निजी विद्यालयों का इस्तेमाल किसी भी रूप में कर लेते हैं। मगर नई नीति के तहत निजी विद्यालयों का भी व्यवसायिक इस्तेमाल नहीं हो सकेगा। साथ ही साथ ही राजनीतिक व गैर शैक्षिक कार्यक्रम को भी प्रतिबंधित किया गया है। विद्यालय के बाहरी भाग को सफेद रंग से रंगा जाएगा, जिससे उसकी अलग पहचान हो सके। मान्यता समिति की बैठक साल में दो बार नवंबर और मार्च में होगी।
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- किराए के भवन पर भी मिलेगी मान्यता
× अगले वर्ष से कक्षा एक से आठ तक के विद्यालय की मान्यता किराए के भवन पर भी मिल सकेगी। शर्तें यह हैं कि लीज पर ली गई जमीन विवादित न हो। भवन जर्जर और असुरक्षित नहीं होना चाहिए तथा भू-भाग विद्यालय के नाम पर अंकित होना चाहिए।
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- विद्यालय के लिए प्रमुख शर्त
- अंग्रेजी माध्यम के विद्यालयों में 25 फीसदी सीटों पर गरीब बच्चों को दाखिला देना होगा, अल्पसंख्यक स्कूलों पर यह शर्त लागू नहीं होगी।
- नई मान्यता नीति के तहत विद्यालय भवन नेशनल बिल्डिंग कोड के अनुसार ही बनेंगे।
- विद्यालय बच्चों से पंजीकरण शुल्क, भवन शुल्क नहीं ले सकेंगे।
- फीस में 10 फीसदी से अधिक वृद्धि नहीं की जा सकेगी।
- हिंदी माध्यम के स्कूलों के लिए खेल मैदान की अनिवार्यता नहीं होगी, मगर अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों के लिए यह अनिवार्य होगा।
- बालिका विद्यालयों तथा घनी आबादी वाले शहरी क्षेत्र के विद्यालयों में खेल के मैदान में छूट दी जा सकती है।
----- वर्जन
बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा दी जाने वाली विद्यालयों की मान्यता के लिए नई नीति जारी की गई है। अगले सत्र से मान्यता नई नीति के आधार पर ही दी जाएगी, जिसके लिए कई नई शर्तें शामिल की हैं। -- रमेंद्र कुमार सिंह, बीएसए।
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