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सीएम से प्रधानाचार्यों ने की विनियमितीकरण की मांग
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सहारनपुर। अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षक लंबे समय से विनियमितीकरण की मांग कर रहे हैं। रविवार को इस संबंध में बैठक कर चर्चा की गई। इसके बाद भाजपा जिलाध्यक्ष डा. महेंद्र सैनी को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम का ज्ञापन सौंपा।
मिशन कंपाउंड स्थित बीएचएस इंटर कॉलेज में हुई बैठक में एसडी इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. धर्मेंद्र कुमार शर्मा ने कहा कि प्रदेश भर में 3600 से अधिक तदर्थ प्रधानाचार्य कार्यरत हैं, जो विद्यालयों का समुचित संचालन कर रहे हैं। आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड प्रधानाचार्यों को नियमित चयन करने में अक्षम रहा है, जिससे माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत प्रधानाचार्यों में अनिश्चितता और असमंजस की स्थिति है।
उन्होंने कहा कि चयन बोर्ड की स्थापना से पहले शैक्षिक योग्यता व वरिष्ठता के आधार पर प्रधानाचार्यों की नियुक्ति होती थी और विद्यालयों की स्थिति और व्यवस्था वर्तमान से बेहतर थी। यह भी कहा कि सभी कार्यरत तदर्थ प्रधानाचार्य वरिष्ठतम शिक्षक हैं। इसलिए वेतनमान भी प्रधानाचार्यों वाला ही ले रहे हैं। ऐसी स्थिति में विनियमितीकरण करने से सरकार पर अतिरिक्त वित्तीय भार नहीं पड़ेगा। बैठक को डॉ. राम मिश्र, मनोज कुमार काकरान, रामदीन, माधुरी शर्मा आदि ने भी संबोधित किया। बैठक में नूतनप्रकाश चौधरी, सत्यवीर सिंह, विनोद कुमार, राजेंद्र सिंह, विक्रम सिंह, डॉ. राजकुमार, विजय सिंह पुंडीर, ओमपाल, दिनेश गुप्ता, पंकज यादव, बिजेंद्र, सतीश कुमार, राजेश शर्मा, शिव कुमार त्यागी, जयेंद्र कुमार आदि प्रधानाचार्य शामिल रहे।
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मिशन कंपाउंड स्थित बीएचएस इंटर कॉलेज में हुई बैठक में एसडी इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. धर्मेंद्र कुमार शर्मा ने कहा कि प्रदेश भर में 3600 से अधिक तदर्थ प्रधानाचार्य कार्यरत हैं, जो विद्यालयों का समुचित संचालन कर रहे हैं। आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड प्रधानाचार्यों को नियमित चयन करने में अक्षम रहा है, जिससे माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत प्रधानाचार्यों में अनिश्चितता और असमंजस की स्थिति है।
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उन्होंने कहा कि चयन बोर्ड की स्थापना से पहले शैक्षिक योग्यता व वरिष्ठता के आधार पर प्रधानाचार्यों की नियुक्ति होती थी और विद्यालयों की स्थिति और व्यवस्था वर्तमान से बेहतर थी। यह भी कहा कि सभी कार्यरत तदर्थ प्रधानाचार्य वरिष्ठतम शिक्षक हैं। इसलिए वेतनमान भी प्रधानाचार्यों वाला ही ले रहे हैं। ऐसी स्थिति में विनियमितीकरण करने से सरकार पर अतिरिक्त वित्तीय भार नहीं पड़ेगा। बैठक को डॉ. राम मिश्र, मनोज कुमार काकरान, रामदीन, माधुरी शर्मा आदि ने भी संबोधित किया। बैठक में नूतनप्रकाश चौधरी, सत्यवीर सिंह, विनोद कुमार, राजेंद्र सिंह, विक्रम सिंह, डॉ. राजकुमार, विजय सिंह पुंडीर, ओमपाल, दिनेश गुप्ता, पंकज यादव, बिजेंद्र, सतीश कुमार, राजेश शर्मा, शिव कुमार त्यागी, जयेंद्र कुमार आदि प्रधानाचार्य शामिल रहे।
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