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हल्की सर्दी को हल्के में लेना पड़ सकता है भारी

Thu, 27 Oct 2022 11:31 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 27 Oct 2022 11:31 PM IST
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Mild winter may have to be taken lightly
सहारनपुर। सर्दियां शुरू हो चुकी हैं। न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस तक आ गया है। मौसम के इस बदलाव के साथ दिल और बीपी (रक्तचाप) के मरीजों को भी सतर्क हो जाना चाहिए। इस मौसम में उनकी जरा सी लापरवाही सेहत के साथ ही उनकी जान पर भी भारी पड़ सकती है। फिजीशियन और कॉर्डियोलॉजिस्ट की ओपीडी में इन दिनों दिल और बीपी के मरीजों की संख्या बढ़ गई है।
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एसबीडी जिला अस्पताल के वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. अनिल कुमार वोहरा ने बताया कि ब्लड प्रेशर के मरीजों को अपने ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखना चाहिए, क्योंकि इसके गड़बड़ाने की वजह से भी कई बार मरीज की जान खतरे में पड़ जाती है। अनियंत्रित उच्च रक्तचाप के कारण पैरालिसिस और ब्रेन हैमरेज की समस्या भी मरीज के सामने आ सकती है। ऐसे में बीपी और दिल के मरीज अपने चिकित्सक की सलाह से दवा लेते रहें।
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वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. संजीव मिगलानी ने बताया कि मनुष्य के शरीर में सर्दियों में केटीकोलामिन का स्राव बढ़ जाता है, जो ब्लड प्रेशर यानी रक्तचाप को प्रभावित करता है और ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है। ब्लड प्रेशर बढ़ने से ब्रेन हैमरेज और हार्टअटैक का खतरा बढ़ जाता है। ब्लड प्रेशर या दिल के अन्य मरीजों के लिए सर्दियों में सुबह चार बजे से 10 बजे तक का समय सबसे खतरनाक होता है। ऐसे मरीजों को कोहरे में बाहर आने से बचना चाहिए। यदि दिल के मरीज टहलने जाते हैं तो सर्दियों में सुबह और शाम के समय खासकर कोहरे में टहलने न निकलें। दिल के मरीजों को अपनी मर्जी से दवा घटानी या बढ़ानी और छोड़नी नहीं चाहिए।
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हाई ब्लड प्रेशर के मरीज इनसे बचें
- धूम्रपान और शराब का सेवन न करें।
- नमक का कम से कम सेवन करें।
- गुस्सा और चिंता करना छोड़ दें।
- डॉक्टर की सलाह से कसरत करते रहें।
हाई ब्लड प्रेशर के नुकसान
- एंजाइना, हार्टअटैक आना या हार्टफेल होना।
- दिमाग की नस बंद होना, नस का फट जाना या फिर अधरंग और पैरालिसिस का होना।
- गुर्दे फेल होना और हाथों और पैरों का फूल जाना।
- आंख का पर्दा खराब होना या आंख में ब्लड का जम जाना।
- नसों में जमाव के कारण टांगों में दर्द होना।
- नाक की नस का फटना।
हार्टअटैक के लक्षण
- छाती के बीचोंबीच दर्द होना और दर्द का हाथ की तरफ जाना।
- छाती का दर्द गले तक जाना।
- छाती के दर्द के साथ पसीना आना और सांस फूलना।
दिल के मरीज यह खाएं
- हरी पत्तेदार सब्जियां, सलाद और ताजे फल।
- साबुत और छिलके वाली दालें।
- ब्राउन ब्रेड या ब्राउन राइस।
- गेहूं के आटे के साथ चना और जौ का आटा मिलाकर रोटी खाएं।
- प्याज और लहसुन खाएं।
बीते एक सप्ताह का तापमान
तिथि-----------न्यूनतम तापमान--अधिकतम तापमान
27 अक्तूबर-----14.5----------32
26 अक्तूबर-----13.5----------31.8
25 अक्तूबर-----13------------31.8
24 अक्तूबर-----13.3----------32
23 अक्तूबर-----15------------32.5
22 अक्तूबर-----16.8----------31.5
21 अक्तूबर-----15.5----------31.5
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