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Saharanpur News: प्रोत्साहित किए जाएंगे महानगर के कारीगर और शिल्पकार
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सहारनपुर। महानगर में रहने वाले कारीगरों और शिल्पकारों को प्रोत्साहित किया जाएगा। इसके लिए उन्हें ऋण के साथ ही उपकरण, प्रशिक्षण और अन्य सुविधाएं दी जाएंगी। लाभ लेने के लिए संबंधित का पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा। नगर निगम ने कारीगरों और शिल्पकारों से योजना का लाभ उठाने की अपील की है।
अपर नगरायुक्त मृत्युंजय ने बताया कि सात सितंबर से शुरू होने वाली पीएम विश्वकर्मा योजना के लिए बढई, नाव निर्माणकर्ता, अस्त्रकार, लोहार, हथौड़ा और टूलकिट बनाने वाले, ताला बनाने व मरम्मत करने वाले, मूर्तिकार, सुनार, कुम्हार, मोची, राजमिस्त्री, टोकरी/चटाई/क्वॉयर बुनकर/झाडू बनाने वाले, गुड़िया और खिलौने बनाने वाले, नाई, माली, धोबी, दर्जी व मछली का जाल बुनने वाले पात्र होंगे। इन पात्रों को चिह्नित करते हुए उनका जनसेवा केंद्रों के माध्यम से पंजीकरण कराया जाएगा। वार्ड स्तर पर कर संग्रहकर्ताओं को चिह्नीकरण और पंजीकरण की जिम्मेदारी दी गई है। पार्षदों से भी अपेक्षा की गई है कि वह भी अपने अपने वार्ड में उक्त कारीगरों एवं शिल्पियों को पंजीकरण के लिए प्रोत्साहित करें। योजना का उद्देश्य कारीगरों एवं शिल्पकारों का प्रशिक्षण द्वारा कौशल उन्नयन करना, उन्हें आधुनिक उपकरण उपलब्ध कराना, प्रशिक्षार्थियों को आसान प्रक्रिया से गारंटी फ्री ऋण उपलब्ध कराना, उन्हें डिजिटल लेन देन में पारंगत करना, हस्तशिल्पियों एवं कारीगरों को ब्रांड प्रमोशन एवं विपणन लिंकेज में सहयोग प्रदान करते हुए प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराना है।
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अपर नगरायुक्त मृत्युंजय ने बताया कि सात सितंबर से शुरू होने वाली पीएम विश्वकर्मा योजना के लिए बढई, नाव निर्माणकर्ता, अस्त्रकार, लोहार, हथौड़ा और टूलकिट बनाने वाले, ताला बनाने व मरम्मत करने वाले, मूर्तिकार, सुनार, कुम्हार, मोची, राजमिस्त्री, टोकरी/चटाई/क्वॉयर बुनकर/झाडू बनाने वाले, गुड़िया और खिलौने बनाने वाले, नाई, माली, धोबी, दर्जी व मछली का जाल बुनने वाले पात्र होंगे। इन पात्रों को चिह्नित करते हुए उनका जनसेवा केंद्रों के माध्यम से पंजीकरण कराया जाएगा। वार्ड स्तर पर कर संग्रहकर्ताओं को चिह्नीकरण और पंजीकरण की जिम्मेदारी दी गई है। पार्षदों से भी अपेक्षा की गई है कि वह भी अपने अपने वार्ड में उक्त कारीगरों एवं शिल्पियों को पंजीकरण के लिए प्रोत्साहित करें। योजना का उद्देश्य कारीगरों एवं शिल्पकारों का प्रशिक्षण द्वारा कौशल उन्नयन करना, उन्हें आधुनिक उपकरण उपलब्ध कराना, प्रशिक्षार्थियों को आसान प्रक्रिया से गारंटी फ्री ऋण उपलब्ध कराना, उन्हें डिजिटल लेन देन में पारंगत करना, हस्तशिल्पियों एवं कारीगरों को ब्रांड प्रमोशन एवं विपणन लिंकेज में सहयोग प्रदान करते हुए प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराना है।
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