{"_id":"624de828765f59755b658c6b","slug":"land-and-house-debentures-will-be-expensive-saharanpur-news-mrt5834691151","type":"story","status":"publish","title_hn":"जमीन, मकान के बैनामे होंगे महंगे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जमीन, मकान के बैनामे होंगे महंगे
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहारनपुर। अब जमीन, मकान, प्लाट खरीदना और अधिक महंगा हो जाएगा। शासन के आदेश पर जिला प्रशासन ने नए सर्किल रेट की सूची बनाने का कार्य शुरू कर दिया है। जिलाधिकारी की ओर से सूची बनने के बाद नए सर्किल रेट 12 मई से लागू कर दिए जाएंगे। इसके बाद जमीन, मकान आदि खरीदने पर स्टांप शुल्क अधिक जमा करना पड़ेेगा।
जनपद में इस बार वित्तीय वर्ष में 47 हजार 427 बैनामे हुए, जिनमें खेती, आवासीय, औद्योगिक, मकान, आवास विकास और विकास प्राधिकरण के बैनामे किए गए। इन बैनामों से स्टांप एवं निबंधन विभाग को 303.47 करोड़ रुपये राजस्व की प्राप्ति हुई। ये बैनामे गत वित्तीय वर्ष से 10145 अधिक है, साथ ही राजस्व की प्राप्ति भी इस वर्ष गत वर्ष से 66.88 करोड़ रुपये अधिक हुई है। लगातार बढ़ते बैनामों को देखते हुए शासन के आदेश पर प्रशासन ने नए वित्तीय वर्ष में सर्किल रेट बढ़ाने की तैयारी कर ली है। डीएम अखिलेश सिंह ने जनपद की पांचों तहसील सदर, बेहट, देवबंद, रामपुर मनिहारान और नकुड़ के तहसीलदारों के साथ ही सभी उप निबंधक को नए सर्किल रेट की सूची तैयार करने के आदेश दिए है। नई मूल्यांकन सूची को बाजार मूल्य के सर्वेक्षण के उपरांत तैयार करने के निर्देश दिए है। डीएम के आदेश पर तहसीलों में राजस्व कर्मियों ने मंगलवार से सर्वे का कार्य शुरू कर दिया है। आगामी 24 अप्रैल तक सभी तहसीलदार और उप निबंधक नए सर्किल रेट की सूची डीएम को उपलब्ध कराएंगे। इसके बाद समीक्षा कर डीएम की ओर से 12 मई से जनपद में नए सर्किल रेट लागू कर दिए जाएंगे। माना जा रहा है कि इस बार दस से 20 प्रतिशत तक सर्किल रेट अधिक होंगे, जिससे स्टांप शुल्क भी बढ़ जाएगा।
गत वर्ष अगस्त में बढ़े थे रेट
सहारनपुर। कोरोना संक्रमण काल के कारण दो साल तक जिले में सर्किल रेट नहीं बढ़ाए थे। दूसरी लहर के खत्म होने पर जिला प्रशासन ने अगस्त में नए सर्किल रेट लागू किए थे। अब आठ महीने बाद फिर से नए सर्किल रेट लागू किए जाएंगे।
विज्ञापन
ऐसे किया जाएगा नई दरों का निर्धारण
--शहरी क्षेत्र में प्रत्येक सड़क पर सेंगमेंट चिह्नित कर सेगमेंटवार दरें निर्धारित की जाएंगी। एक सेगमेंट की दर एक ही रखी जाएगी।
---बीते तीन साल में जहां जमीन, प्लाट, मकान ज्यादा बिके हैं, उन्हें चिह्नित कर उसी के अनुसार पुनरीक्षण किया जाएगा।
--सड़कों पर बने आवास और जमीन की दरों का मूल्यांकन बाजार मूल्य के समतुल्य किया जाएगा।
---एनएचआई, राष्ट्रीय राजमार्ग, राज्य राजमार्ग, जनपदीय मार्गों पर जमीन की दरें अलग-अलग की जाएंगी।
--- जिन ग्रामों में सड़कों के निर्माण के लिए जमीन अधिग्रहीत की गई है, वहां की सामान्य कृषि भूमि की दरों को बाजारी मूल्य के समान बनाया जाएगा।
-- जिले में सर्किल रेट के लिए पुनरीक्षण का काम मंगलवार से शुरू किया गया है। सभी तहसील से अधिकारियों की रिपोर्ट आने के बाद समीक्षा उपरांत 12 मई से नए सर्किल रेट लागू किए जाएंगे।
-- अखिलेश सिंह, जिलाधिकारी
विज्ञापन
जनपद में इस बार वित्तीय वर्ष में 47 हजार 427 बैनामे हुए, जिनमें खेती, आवासीय, औद्योगिक, मकान, आवास विकास और विकास प्राधिकरण के बैनामे किए गए। इन बैनामों से स्टांप एवं निबंधन विभाग को 303.47 करोड़ रुपये राजस्व की प्राप्ति हुई। ये बैनामे गत वित्तीय वर्ष से 10145 अधिक है, साथ ही राजस्व की प्राप्ति भी इस वर्ष गत वर्ष से 66.88 करोड़ रुपये अधिक हुई है। लगातार बढ़ते बैनामों को देखते हुए शासन के आदेश पर प्रशासन ने नए वित्तीय वर्ष में सर्किल रेट बढ़ाने की तैयारी कर ली है। डीएम अखिलेश सिंह ने जनपद की पांचों तहसील सदर, बेहट, देवबंद, रामपुर मनिहारान और नकुड़ के तहसीलदारों के साथ ही सभी उप निबंधक को नए सर्किल रेट की सूची तैयार करने के आदेश दिए है। नई मूल्यांकन सूची को बाजार मूल्य के सर्वेक्षण के उपरांत तैयार करने के निर्देश दिए है। डीएम के आदेश पर तहसीलों में राजस्व कर्मियों ने मंगलवार से सर्वे का कार्य शुरू कर दिया है। आगामी 24 अप्रैल तक सभी तहसीलदार और उप निबंधक नए सर्किल रेट की सूची डीएम को उपलब्ध कराएंगे। इसके बाद समीक्षा कर डीएम की ओर से 12 मई से जनपद में नए सर्किल रेट लागू कर दिए जाएंगे। माना जा रहा है कि इस बार दस से 20 प्रतिशत तक सर्किल रेट अधिक होंगे, जिससे स्टांप शुल्क भी बढ़ जाएगा।
विज्ञापन
गत वर्ष अगस्त में बढ़े थे रेट
सहारनपुर। कोरोना संक्रमण काल के कारण दो साल तक जिले में सर्किल रेट नहीं बढ़ाए थे। दूसरी लहर के खत्म होने पर जिला प्रशासन ने अगस्त में नए सर्किल रेट लागू किए थे। अब आठ महीने बाद फिर से नए सर्किल रेट लागू किए जाएंगे।
विज्ञापन
ऐसे किया जाएगा नई दरों का निर्धारण
--शहरी क्षेत्र में प्रत्येक सड़क पर सेंगमेंट चिह्नित कर सेगमेंटवार दरें निर्धारित की जाएंगी। एक सेगमेंट की दर एक ही रखी जाएगी।
---बीते तीन साल में जहां जमीन, प्लाट, मकान ज्यादा बिके हैं, उन्हें चिह्नित कर उसी के अनुसार पुनरीक्षण किया जाएगा।
--सड़कों पर बने आवास और जमीन की दरों का मूल्यांकन बाजार मूल्य के समतुल्य किया जाएगा।
---एनएचआई, राष्ट्रीय राजमार्ग, राज्य राजमार्ग, जनपदीय मार्गों पर जमीन की दरें अलग-अलग की जाएंगी।
--- जिन ग्रामों में सड़कों के निर्माण के लिए जमीन अधिग्रहीत की गई है, वहां की सामान्य कृषि भूमि की दरों को बाजारी मूल्य के समान बनाया जाएगा।
-- जिले में सर्किल रेट के लिए पुनरीक्षण का काम मंगलवार से शुरू किया गया है। सभी तहसील से अधिकारियों की रिपोर्ट आने के बाद समीक्षा उपरांत 12 मई से नए सर्किल रेट लागू किए जाएंगे।
-- अखिलेश सिंह, जिलाधिकारी