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कृषि कानून वापस नहीं हुए तो आंदोलन होगा तेज

Tue, 02 Feb 2021 11:38 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 02 Feb 2021 11:38 PM IST
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If the agricultural laws are not returned, the movement will be fast
गंगोह निरीक्षण भवन पर आयोजित भाकियू की बैठक में मौजूद किसान - फोटो : SAHARANPUR
गंगोह (सहारनपुर)। भाकियू की बैठक में भाजपा सरकार को किसान विरोधी बताते हुए जमकर निशाना साधा गया। कहा गया कि सरकार काले कृषि कानूनों को वापस ले नही तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
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निरीक्षण भवन पर आयोजित बैठक में तहसील अध्यक्ष चौ. देशपाल सिंह ने कहा कि सरकार किसान आंदोलन को जातिवाद और अन्य तरीकों से बदनाम करने की हर चाल चल रही है, जिसे किसी कीमत पर कामयाब नही होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस के दम पर सरकार किसानों को आंदोलन में जाने से रोक रही है, जिसे बर्दाश्त नही किया जाएगा। सरसावा ब्लाक अध्यक्ष भोला सिंह ने कहा कि एक तरफ तो किसानों को अन्नदाता कहा जाता है, दूसरी तरफ उन पर लाठियों और आंसू गैस के गोलों छोडे़ जा रहे हैं। 69 दिन से जारी किसान आंदोलन में दो सौ किसान शहीद हो चुके हैं लेकिन सरकार अपनी मनमानी पर अड़ी है।
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ब्लाक अध्यक्ष नकुड़ चौ. कमलेश ने कहा कि सरकार की गलत नीतियों के कारण किसान भुखमरी के कगार पहुंच गया है। गंगोह ब्लाक अध्यक्ष बृजपाल सैनी ने कहा कि भाजपा सरकार किसानों की आय दोगुनी करने की बात कर रही है, वहीं काले कृषि बिल लाकर किसानों को बरबाद करने की साजिश रची जा रही है। चेतावनी दी गई है कि यदि सरकार ने किसानों का दर्द नहीं समझा तो आंदोलन जारी रहेगा। बैठक में काफी संख्या में किसान मौजूद रहे।
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