सहारनपुर: पहाड़ों की बारिश से बढ़ा शाकंभरी का जलस्तर, श्रद्धालुओं को भूरादेव पर रोका; कई नदियां उफनीं
शिवालिक पहाड़ियों में बारिश के बाद शाकंभरी देवी क्षेत्र में नदी का जलस्तर बढ़ गया। प्रशासन ने सायरन बजाकर श्रद्धालुओं को सुरक्षित भूरादेव मंदिर पहुंचाया और मंदिर की ओर जाने वाले श्रद्धालुओं को रोक दिया।
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सहारनपुर के सिद्धपीठ श्री शाकंभरी देवी में सोमवार को शिवालिक पहाड़ियों में हुई बारिश के बाद नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया। इससे मंदिर क्षेत्र में श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाना पड़ा। सुबह से दर्शन के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं को पहले भूरादेव पर रोका गया था। बाद में पानी कम होने पर उन्हें मंदिर की ओर जाने दिया गया, लेकिन बारिश के बाद दोबारा जलस्तर बढ़ने पर श्रद्धालुओं को मंदिर क्षेत्र से निकालकर भूरादेव मंदिर पहुंचाया गया।
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नदी का जलस्तर बढ़ा, श्रद्धालुओं को भूरादेव पर रोका
भाद्रपद शुक्ल पक्ष की तृतीया पर सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु मां शाकंभरी देवी के दर्शन के लिए पहुंचने लगे थे। सुबह करीब छह बजे नदी में पानी आने के बाद श्रद्धालुओं को भूरादेव पर रोक दिया गया। करीब आठ बजे स्थिति सामान्य होने पर उन्हें आगे भेजा गया।
मौसम सुबह से ही खराब था। इसके बाद शिवालिक पहाड़ियों और मैदानी क्षेत्र में बारिश शुरू हो गई। सुबह करीब 9:30 बजे शाकंभरी नदी का जलस्तर फिर बढ़ने लगा, जिसके बाद श्रद्धालुओं को दोबारा भूरादेव पर रोक दिया गया।
सायरन बजाकर श्रद्धालुओं को सुरक्षित निकाला
ऊपरी क्षेत्र से पानी बढ़ने का अलर्ट मिलने के बाद शाकंभरी चौकी प्रभारी रामकुमार गौतम ने सायरन बजाकर लोगों को सतर्क किया। इसके बाद मंदिर क्षेत्र में मौजूद श्रद्धालुओं को आनन-फानन में सुरक्षित निकालकर भूरादेव मंदिर पहुंचाया गया। मंदिर की ओर जा रहे श्रद्धालुओं को भी भूरादेव मंदिर पर ही रोक दिया गया, ताकि अचानक बढ़े पानी की स्थिति में किसी तरह का खतरा न हो।
कई नदियों में बढ़ा पानी, राहगीर फंसे
बारिश का असर मिर्जापुर क्षेत्र में भी दिखाई दिया। शाहपुर गाड़ा नदी और खुवासपुर नदी में पानी का बहाव बढ़ गया। इसके चलते रास्तों से गुजर रहे राहगीरों को काफी देर तक पानी कम होने का इंतजार करना पड़ा। लगातार बारिश के कारण क्षेत्र की अन्य छोटी नदियों और बरसाती नालों में भी पानी बढ़ने से लोगों की आवाजाही प्रभावित हुई।