फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   Deposit a token amount of Rs 1 and get exemption from approval of map

Saharanpur News: एक रुपये की टोकन राशि जमा कर पाएं मानचित्र की स्वीकृति से छूट

Wed, 13 Aug 2025 11:50 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Wed, 13 Aug 2025 11:50 PM IST
विज्ञापन
Deposit a token amount of Rs 1 and get exemption from approval of map
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

सहारनपुर। 100 वर्ग मीटर तक के आवासीय और 30 वर्ग मीटर तक के व्यावसायिक मानचित्रों को स्वीकृति से छूट के लिए एक रुपये की टोकन राशि जमा कर ऑनलाइन पंजीकरण कराना होगा। यह जानकारी विकास प्राधिकरण के अधिकारियों ने बुधवार को सर्किट हाउस में हुई बैठक में दी।
विकास प्राधिकरण भवन निर्माण एवं विकास उपविधियां आदर्श जोनिंग रेगुलेशन्स-2025 को लेकर बुधवार को सर्किट हाउस में मंडलायुक्त अटल कुमार राय की अध्यक्षता में बैठक हुई। इसमें स्थानीय संस्थाओं/एसोसिएशंस/ सहारनपुर बिल्डर्स/आर्किटेक्ट एंड इंजीनियर्स एसोसिएशन के सदस्यों को बुलाया गया था। शासन द्वारा उक्त बायलॉज के तहत मानचित्र स्वीकृति के संबंध में सरल व्यवस्थाओं से अवगत कराया गया।
विज्ञापन

अधिकारियों द्वारा बताया गया कि ऐसे मार्ग जो नौ मीटर या उससे अधिक चौड़े और पूर्व निर्मित हैं। साथ ही प्राधिकरण द्वारा चिह्नित क्षेत्र में आते हैं। वहां 300 वर्गमीटर तक के आवासीय मानचित्रों को इस शर्त के साथ छूट दी गई है कि भवन, भवन उपविधि के अनुरूप निर्मित होगा। इसके लिए पंजीकृत आर्किटेक्ट का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

स्वीकृत तलपट मानचित्र के तहत 500 वर्गमीटर तक के आवासीय और 200 वर्गमीटर तक के व्यवसायिक मानचित्रों को तत्काल स्वीकृति देने का प्रावधान किया गया है। सैटबैक में स्थित निर्माण को पूर्णत: शमन करने का प्रावधान रहेगा। स्वीकृत/नियमित काॅलोनी के ऐसे आवासीय भूखंड, जो 18 मीटर से अधिक चौड़े महायोजना मार्ग पर हैं। उन्हें व्यवसायिक करने की स्वीकृति दी जाएगी। भवन उपविधि में स्वीकृति के लिए प्राप्त होने वाले तलपट मानचित्र में ग्रीन स्पेस व मार्गों की चौड़ाई में छूट रहेगी।

महायोजना-2031 में जोनिंग रेगुलेशन को संशोधित करते हुए मॉडल जोनिंग रेगुलेशन लागू किया जा रहा है। कृषि भू-उपयोग में एमएसएमई (यथा सिंगल फैक्ट्री यूनिट) इकाइयों को न्यूनतम सात मीटर और औद्योगिक भू-उपयोग में नौ मीटर चौड़े मार्ग पर व्यवसायिक गतिविधियां संचालित की जा सकेंगी। बैठक में उपाध्यक्ष संतोष कुमार राय सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed