{"_id":"5797b1ae4f1c1b697d21ef54","slug":"the-swindle-costly","type":"story","status":"publish","title_hn":"महंगी पड़ गई ठगी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
महंगी पड़ गई ठगी
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Wed, 27 Jul 2016 12:36 AM IST
विज्ञापन
ठग को ले जाती पुलिस।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहारनपुर में करीब 20 हजार रुपये का कीमती मोबाइल फोन दिखाकर लोगों से झांसे से 5-10 हजार रुपये ऐंठकर कांच का टुकड़ा थमा देने वाले एक आरोपी को लोगों ने दबोच लिया। उसकी जमकर धुनाई की। फिर पुलिस के हवाले कर दिया गया।
गागलहेड़ी क्षेत्र के गांव नल्हेड़ा बेदबेगमपुर निवासी सुनील अपने साथियों के साथ लक्सर में राज मिस्त्री का काम करता है। मंगलवार को वह लक्सर से लौटा था।
ट्रेन से उतर कर वह स्टेशन के बाहर बस स्टैंड पर पहुंचा तो एक युवक ने धीरे से पांच हजार रुपये में 20 हजार रुपये वाला स्मार्ट फोन देने का ऑफर किया।
फोन देख लालच में आए सुनील ने जैसे जेब से नोट निकालकर गिनने शुरू किए तो ठग ने मोबाइल का बैग बदल दिया और वहां खोलकर न देखने की हिदायत भी दी। जनमंच प्रेक्षागृह के सामने सुनील ने बैग खोला तो उसमें मोबाइल की साइज का कांच का टुकड़ा निकला।
सुनील और उसके साथी ठग की तलाश में वापस बस स्टैंड पर आए। इत्तेफाक से ठग एक अन्य व्यक्ति को ठगने में लगा था। सुनील और उसके साथियों ने उसे पकड़ लिया और धुनाई की।
विज्ञापन
चौकी इंचार्ज देवेंद्र कुमार और उनकी टीम पहुंची गई और ठग को हिरासत में लिया। पकड़े गए ठग ने अपना नाम जहांगीर पुत्र फरजमा अली निवासी खालापार मुजफ्फरनगर बताया है। उधर, चौकी इंचार्ज देवेंद्र कुुमार ने ठग का चालान कर देने की पुष्टि की।
पकड़े गए जहांगीर ने बताया कि कुछ समय पहले वह दिल्ली गया था। वहां उसके साथ इसी तरह की ठगी हुई थी। उसके बाद उसने भी लोगों को इसी तरह ठगना शुरू कर दिया। उसके पास आधा दर्जन से अधिक मोबाइल आकार के कांच के टुकड़े मिले।
विज्ञापन
गागलहेड़ी क्षेत्र के गांव नल्हेड़ा बेदबेगमपुर निवासी सुनील अपने साथियों के साथ लक्सर में राज मिस्त्री का काम करता है। मंगलवार को वह लक्सर से लौटा था।
ट्रेन से उतर कर वह स्टेशन के बाहर बस स्टैंड पर पहुंचा तो एक युवक ने धीरे से पांच हजार रुपये में 20 हजार रुपये वाला स्मार्ट फोन देने का ऑफर किया।
फोन देख लालच में आए सुनील ने जैसे जेब से नोट निकालकर गिनने शुरू किए तो ठग ने मोबाइल का बैग बदल दिया और वहां खोलकर न देखने की हिदायत भी दी। जनमंच प्रेक्षागृह के सामने सुनील ने बैग खोला तो उसमें मोबाइल की साइज का कांच का टुकड़ा निकला।
विज्ञापन
सुनील और उसके साथी ठग की तलाश में वापस बस स्टैंड पर आए। इत्तेफाक से ठग एक अन्य व्यक्ति को ठगने में लगा था। सुनील और उसके साथियों ने उसे पकड़ लिया और धुनाई की।
विज्ञापन
चौकी इंचार्ज देवेंद्र कुमार और उनकी टीम पहुंची गई और ठग को हिरासत में लिया। पकड़े गए ठग ने अपना नाम जहांगीर पुत्र फरजमा अली निवासी खालापार मुजफ्फरनगर बताया है। उधर, चौकी इंचार्ज देवेंद्र कुुमार ने ठग का चालान कर देने की पुष्टि की।
पकड़े गए जहांगीर ने बताया कि कुछ समय पहले वह दिल्ली गया था। वहां उसके साथ इसी तरह की ठगी हुई थी। उसके बाद उसने भी लोगों को इसी तरह ठगना शुरू कर दिया। उसके पास आधा दर्जन से अधिक मोबाइल आकार के कांच के टुकड़े मिले।